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ऑनर किलिंग: अफसरों ने माना हुई लापरवाही, हटाए गए कोतवाल

Fri, 04 Nov 2016 11:20 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़।
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़। Updated Fri, 04 Nov 2016 11:20 PM IST
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honer kiling police accept he had not action
न्‍यूूज
घरवालों से बगावत कर गैर बिरादरी के युवक से प्रेम और शादी करने पर ऑनर किलिंग का शिकार हुई पट्टी कोतवाली क्षेत्र के धनगढ़ सराय छिवलहा निवासी संजू सिंह की मौत के लिए पुलिस भी कम दोषी नहीं है। पुलिस ने अगर थोड़ी भी मदद की होती तो आज वह जिंदा होती। हाईकोर्ट के आदेश और संजू के पति सौरभ पांडेय के लगातार आशंका जताने के बाद भी कोतवाल मनमानी करते रहे। हरकतें संदिग्ध देख सौरभ की शिकायत पर एसपी की फटकार के बाद कोतवाल जब संजू को ढूंढने निकले तो घर के अंदर उसकी लाश मिली। उस वक्त संजू के घर पर कोई मौजूद नहीं था। पुलिस संजू की सुरक्षा करने के बजाए उसके पति सौरभ को ही दो रात पट्टी कोतवाली में बैठाए रही। एसपी माधव प्रसाद वर्मा ने खुद स्वीकार किया कि इस मामले में पुलिस से चूक हुई है। उन्होंने लापरवाही बरतने के आरोप में पट्टी कोतवाल रहे राजकिशोर को पैदल कर दिया है।
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सवा पांच साल तक चले प्रेम के बाद धनगढ़ सराय छिवलहा निवासी संजू सिंह और पट्टी कोतवाली क्षेत्र के ही असुढ़ी निवासी सौरभ पांडेय ने इलाहाबाद के आर्य समाज मंदिर में शादी करने के बाद फिर कोर्ट मैरिज कर ली थी। संजू के पिता राकेश सिंह के साथ ही उसके चाचा और कुछ रिश्तेदार इस शादी के खिलाफ थे। सौरभ लखनऊ में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा था। 18 सिंतबर 2016 को संजू धनगढ़ सराय छिवलहा से सौरभ के पास लखनऊ पहुंच गई। करीब 22 दिनों तक दोनों साथ रहे। 8 अक्तूबर को संजू के परिजन लखनऊ पहुंचे और एक सप्ताह में विदा कराने का आश्वासन देेकर उसे घर ले आए। संजू के पति सौरभ के मुताबिक घर ले जाने के बाद मायके वाले संजू की विदाई करने के लिए तैयार नहीं थे। उसे प्रताड़ित किया जाता रहा। 24 अक्तूबर को सौरभ ने हाईकोेर्ट में रिट दाखिल कर पत्नी की विदाई और सुरक्षा की गुहार लगाई।
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कोर्ट ने संजू को तीन नवंबर को हाजिर करने का आदेश दिया था। इसके बाद भी पट्टी कोतवाल और पुलिस लापरवाही बनी रही। परेशान सौरभ 28 अक्तूबर की रात भागकर पट्टी कोतवाली पहुंचा। इसके बाद भी कोतवाल मनमानी करते रहे। उन्होंने संजू का पता लगाने के बजाए सौरभ को ही जान का खतरा बताते हुए रातभर उसे थाने में बैठाए रखा। सौरभ की शिकायत के बाद एसपी ने कोतवाल को फटकार लगाई। तब जाकर उन्होंने 30 अक्तूबर को दिवाली के दिन संजू और उसके घरवालों को पट्टी कोतवाली बुलाया। सौरभ की मानें तो यहां संजू से उसकी बमुश्किल पांच से सात मिनट बात हुई। संजू ने उसे बताया था कि घरवालों ने उसे बेरहमी से पीटा है। उसने पिटाई से शरीर पर पड़े काले निशान भी दिखाये थे। बावजूद इसके कोतवाल ने संजू को उसके घरवालों के हवाले कर दिया।
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नए पट्टी कोतवाल आदित्य सिंह ने बताया कि मामले में एक आरोपी गिरफ्तार किया जा चुका है। दो और नामजद अभियुक्तों की गिरफ्तारी जल्द होगी।
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