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बेटे विदेश में, पक्का मकान फिर भी मिल गया इंदिरा आवास
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़।
Updated Thu, 01 Sep 2016 11:42 PM IST
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मंगरौरा ब्लाक में प्रधान और अफसरों की कृपा से अपात्र लोगों को इंदिरा आवास अवांटित कर दिया गया है। मंदाह गांव में एक व्यक्ति के दो बेटे कमाने के लिए विदेश गए हैं। गांव में पक्का मकान है। इसके बावजूद उसे इंदिरा आवास आवंटित कर दिया गया। खाते में पैसा आने के बाद अब वह दूसरे तल का निर्माण करा रहा है। ग्रामीणों ने इसकी शिकायत अधिकारियों से की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
मंगरौरा ब्लाक के मंदाह गांव निवासी राम कुमार के तीन बेटे हैं। इनमें से दो कमाने के लिए विदेश गए हैं। एक बेटा रामकुमार के साथ रहकर घर पर पढ़ाई करता है। दोनों बेटों की कमाई से रामकुमार ने अच्छा खासा मकान भी बनवा लिया है। परिवार की माली हालत भी ठीक है। ग्रामीणाें का आरोप है कि ग्राम प्रधान की मिलीभगत से रामकुमार ने अपने नाम से इंदिरा आवास पास करवा लिया है। खाते में रकम आने के बाद अब वह इस रकम से अपने घर पर दूसरे तल का निर्माण करवा रहा है।
जबकि पात्र लोग आवास के लिए दर-दर भटक रहे हैं। गांव निवासी पूर्व प्रधान मुन्ने, गुलशाद, अनवर, जगदीश, तुलसी, विनोद ने इसकी शिकायत बीडीओ से की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। उधर, ग्राम प्रधान लीलावती सरोज ने बताया कि बीपीएल सूची में नाम होने के कारण आवास दिया गया है। वह गरीब है या फिर अमीर हमें नहीं पता है। इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की है।
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इस मामले की जांच ग्राम विकास अधिकारी से कराई जा रही है। जांच पूरी होने पर कार्रवाई की जाएगी।
सरला देवी, बीडीओ, मंगरौरा।
शिकायत मिली है। दूसरी किश्त के भुगतान पर रोक लगा दी गई है। इसकी शिकायत जिम्मेदार अधिकारियों से भी की गई है।
अद्या प्रसाद द्विवेदी, ग्राम विकास अधिकारी।
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मंगरौरा ब्लाक के मंदाह गांव निवासी राम कुमार के तीन बेटे हैं। इनमें से दो कमाने के लिए विदेश गए हैं। एक बेटा रामकुमार के साथ रहकर घर पर पढ़ाई करता है। दोनों बेटों की कमाई से रामकुमार ने अच्छा खासा मकान भी बनवा लिया है। परिवार की माली हालत भी ठीक है। ग्रामीणाें का आरोप है कि ग्राम प्रधान की मिलीभगत से रामकुमार ने अपने नाम से इंदिरा आवास पास करवा लिया है। खाते में रकम आने के बाद अब वह इस रकम से अपने घर पर दूसरे तल का निर्माण करवा रहा है।
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जबकि पात्र लोग आवास के लिए दर-दर भटक रहे हैं। गांव निवासी पूर्व प्रधान मुन्ने, गुलशाद, अनवर, जगदीश, तुलसी, विनोद ने इसकी शिकायत बीडीओ से की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। उधर, ग्राम प्रधान लीलावती सरोज ने बताया कि बीपीएल सूची में नाम होने के कारण आवास दिया गया है। वह गरीब है या फिर अमीर हमें नहीं पता है। इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की है।
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इस मामले की जांच ग्राम विकास अधिकारी से कराई जा रही है। जांच पूरी होने पर कार्रवाई की जाएगी।
सरला देवी, बीडीओ, मंगरौरा।
शिकायत मिली है। दूसरी किश्त के भुगतान पर रोक लगा दी गई है। इसकी शिकायत जिम्मेदार अधिकारियों से भी की गई है।
अद्या प्रसाद द्विवेदी, ग्राम विकास अधिकारी।