फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pratapgarh News ›   तीन साल से उलझा रखी थी हत्या की गुत्थी

तीन साल से उलझा रखी थी हत्या की गुत्थी

Thu, 22 Nov 2018 11:36 PM IST
Updated Thu, 22 Nov 2018 11:36 PM IST
विज्ञापन
तीन साल से उलझा रखी थी हत्या की गुत्थी
तीन साल से उलझा रखी थी हत्या की गुत्थी
विज्ञापन

संयुक्त आबकारी आयुक्त की ऊंची पकड़ के आगे असहाय थी पुलिस
चचेरे भाई की मदद करने पर पड़ोसी को लाइसेंसी रिवाल्वर से गोली मारकर उतारा था मौत के घाट
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। चचेरे भाई से संपत्ति को लेकर चल रहे विवाद में मदद करने का आरोप लगाते हुए संयुक्त आबकारी आयुक्त ने पड़ोसी की तीन साल पहले गोली मारकर हत्या कर दी थी। अपनी ऊंची पकड़ के कारण वह तीन साल तक घटना को उलझाए रखा। आखिरकार उसे जेल की हवा खानी ही पड़ी।
आसपुर देवसरा थाना क्षेत्र के सारडीह का रहने वाला जंग बहादुर सिंह का चचेरे भाई फतेह बहादुर से विवाद चल रहा था। फतेह बहादुर की मदद पड़ोसी मोतीलाल करता था। 29 अगस्त 2015 को जंगबहादुर नीली बत्ती लगी अपनी सरकारी बोलेरो से घर आया। उसने घर के करीब ही पूर्व बीडीसी सदस्य मोतीलाल मौर्य की गोली मारकर हत्या कर दी और वहां से भाग निकला। घटना के बाद मृतक के परिवार की तहरीर पर जंगबहादुर, उसकी पत्नी व बेटे को भी नामजद आरोपी बनाया गया था। जिले की पुलिस उस पर शिकंजा नहीं कस सकी। उसने हत्या की गुत्थी को अपनी ऊंची पकड़ के चलते उलझा दिया। घटना की ढाई साल पहले सीबीसीआईडी जांच होने लगी। घटना के समय वाराणसी में डिप्टी कमिश्रर आबकारी के पद तैनात जंग बहादुर का प्रमोशन हो गया और वह प्रयागराज जनपद में संयुक्त आबकारी आयुक्त के पद पर काम कर रहा था। बुधवार को सीबीसीआईडी टीम ने उसे प्रयागराज स्थित कार्यालय से दबोच लिया। बाद में देवसरा पुलिस की मदद से उसे जेल भेजा गया। देवसरा थानाध्यक्ष ने बताया कि चूंकि मामले की विवेचना सीबीआईडी लखनऊ कर रही है। इसलिए अन्य नामजद आरोपियों के बारे मेें वह नहीं बता सकते। अभी विवेचना प्रचलित है।
विज्ञापन


बैरियर न लगाने पर भड़के आईजी, लगाई फटकार
कोहड़ौर से लौटते संदिग्ध बाइक सवारों से की पूछताछ
आईजी के निर्देश पर हुई चेकिंग, 126 वाहन सीज, 93 का चालान
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। वाहनों की चेकिंग के दौरान बैरियर न लगाने पर आईजी भडक़ गए। कहा कि चिह्नित स्थानों पर बैरियर लगाकर चेकिंग की जाए। कोहड़ौर से लौटते समय संदिग्ध बाइक सवारों को रोका और पूछताछ के बाद उनकी बाइक कोतवाली भेज दी। चेकिंग के दौरान 126 वाहन सीज करने के साथ ही 93 का चालान हुआ।
विज्ञापन
विज्ञापन

जिले में अपराध नियंत्रण के लिए चार दिनों से डेरा डाले आईजी मोहित अग्रवाल ने गुरुवार को सभी थानेदारों को वाहन चेकिंग करते हुए संदिग्ध लोगों की धरपकड़ का फरमान सुनाया। खुद आईजी वाहन चेकिंग करने वाले प्वाइंटों पर पहुंचे। डंडे के सहारे हो रही चेकिंग देख वह भडक़ उठे। बोले कि हर प्वाइंटों पर जिगजैग बैरियर लगाकर वाहनों को चेक किया जाए। इसके बाद कोतवाली पुलिस वाहनों की चेकिंग के लिए बैरियर की तलाश करने लगी। कोहड़ौर से लौटते समय आईजी ने दो संदिग्ध बाइक सवारों को चेक किया। कागजात न मिलने पर आईजी ने उनकी बाइक कोतवाली भेज दी। गुरुवार को 126 वाहन सीज किए गए तो 93 वाहनों का चालान किया गया।
इनसेट------
बाइकों से पट गई कोतवाली
आईजी के निर्देश पर वाहनों की सघन चेकिंग करने वाली पुलिस ने बाइकों को सीज व चालान करने की कार्रवाई शुरू कर दी। नगर कोतवाली में तीन दिन की चेकिंग के दौरान 150 से अधिक बाइक पहुंच गईं। जिससे पूरी कोतवाली बाइकों से पटी हुुई है।
इनसेट-----
चेकिंग के दौरान पुलिसकर्मी ने युवक को पीटा
शहर के भंगवा चुंगी पुलिस चौकी पर चेकिंग के दौरान भाग रहे युवक पर सिपाही ने डंडा चला दिया। जिससे उसका सिर फट गया। पुलिसकर्मी उसकी बाइक कोतवाली भेज दिए। नगर कोतवाली के कुसमी निवासी अतुल यादव गुरुवार को बाइक से शहर आ रहा था। भंगवाचुंगी चौराहे पर उसे पुलिसकर्मियों ने रुकने का इशारा किया, लेकिन वह नहीं रुका। सिपाही ने दौड़ाकर उसके सिर पर डंडे से प्रहार कर दिया। जिससे उसका सिर फट गया। हालांकि शहर कोतवाल इससे इंकार कर रहे हैं।

रंजिश में हुई थी सिपाही के पिता की हत्या
दो आरोपियों को पुलिस ने दबोचा, हत्या में प्रयुक्त पिस्टल बरामद
अमर उजाला ब्यूरो
संडवाचंद्रिका। रंजिश में सिपाही के पिता की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। हत्या में प्रयुक्त पिस्टल पुलिस ने बरामद कर ली है।
अंतू थाना क्षेत्र के शिवरामपुर पारा हमीदपुर निवासी रामकरन की 18 नवंबर को निमंत्रण से लौटते समय पारा मोड़ के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मृतक का पुत्र रामसिंह बाराबंकी में सिपाही के पद पर तैनात है। उसकी तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया था। अंतू थाने में आईजी मोहित अग्रवाल के सामने सिपाही रामसिंह ने रंजिश की जानकारी दी थी। उसकी आशंका सही निकली। पुलिस ने गुरुवार को लोहिया नगर के पास से ज्वाला प्रसाद भाट उर्फ राजेश कुमार पुत्र सूरजदीन निवासी शलभ सुकाली थाना कोहड़ौर (हाल पता रुपामऊ दोहरी मंदिर थाना फुरसतगंज जनपद रायबरेली) व रामबरन पुत्र बदलू हरिजन निवासी उमरी थाना अंतू को दबोच लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से एक पिस्टल व दो कारतूस बरामद हुए। पूछताछ के दौरान पकड़े गए ज्वाला प्रसाद ने बताया कि कई वर्ष पहले मैंने अपनी जमीन रामकरन वर्मा (मृतक) को बेच दी थी। जिसमें कुछ पेड़ लगे थे। पेड़ काटने को लेकर उसका रामकरन से विवाद हो गया। रामकरन वर्मा ने उसके खिलाफ कोहड़ौर थाने में मुकदमा दर्ज करा दिया था। कई बार सुलह समझौते की बात हुई, लेकिन कोई रास्ता नहीं निकला। जसिके चलते रामकरन की हत्या करने की ठान ली। रामकरन के दोस्त रामबरन की मदद से वह अपने मकसद में कामयाब हो सका। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया।एसपी ने घटना का अनावरण करने वाली पुलिस टीम को पांच हजार रुपये का इनाम दिया है।

इनसेट-----
सिपाही के पिता का दोस्त निकला दगाबाज
अंतू थाना क्षेत्र के शिवरामपुर निवासी रामकरन काफी होशियार था। वह अपना काम निपटाने के बाद घर आ जाया करता था। उमरी के रहने वाले रामबरन से उसकी दोस्ती थी। दोनों एक दूसरे की बात मानते थे। रामबरन का करीबी ज्वाला भी था। जिसके चलते ज्वाला ने रामबरन को रामकरन की हत्या करने की योजना के लिए तैयार किया। मौका मिलने पर रामबरन गड़वारा के क्षेत्र पंचायत सदस्य के घर निमंत्रण में ले गया। वहां से लौटते समय रामबरन की मदद से ज्वाला ने रामकरन की गोली मारकर हत्या कर दी।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed