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Pratapgarh News: 50 बेड का अस्पताल... इंतजाम भी पूरे, चलता है सिर्फ आठ घंटे

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 14 Apr 2026 11:12 PM IST
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50-bed hospital... complete arrangements, runs only for eight hours
रानीगंज तहसील की पांच लाख की आबादी को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के लिए बैरमपुर सुवंसा में 50 बेड का अस्पताल बनवाया गया।
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लेकिन, 24 घंटे की जगह अस्पताल का संचालन महज छह से आठ घंटे हो रहा है। नियमित अस्पताल संचालित नहीं होने से लोगों को रानीगंज और गौरा सीएचसी के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
अस्पताल में फिजिशियन, बाल रोग विशेषज्ञ, सर्जन समेत आठ चिकित्सकों को मिलाकर 30 कर्मचारियों की तैनाती है। बावजूद अस्पताल खुलने और बंद होने का समय तय नहीं है।
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संवाद न्यूज एजेंसी की टीम मंगलवार दोपहर 12.30 बजे बैरमपुर सुवंसा अस्पताल पहुंची तो अस्पताल के मुख्यद्वार पर ताला लटकता मिला। इलाज कराने आए कई मरीजों को निराश होकर लौटना पड़ा।
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आउटसोर्सिंग पर तैनात हैं 20 कर्मचारी
50 बेड के बैरमपुर सुवंसा अस्पताल में 20 कर्मचारियों का चयन आउटसोर्सिंग पर हुआ है। मगर उनके भी आने-जाने का समय तय नहीं है। एक कर्मचारी ने बताया कि तीन चिकित्सक नियमित आते हैं, बाकी रोस्टरवार अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
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बोले मरीज
पैर में दर्द हो रहा है। हड्डी के डॉक्टर को दिखाने आया था। अस्पताल गेट पर ताला लटक रहा है। 24 घंटे की बात दूर नियमित चिकित्सक नहीं मिलते हैं। - दुर्गेश पांडेय, सुवंसा।
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आंख में जलन हो रही है। इलाज कराने सुवंसा अस्पताल पहुंचा तो ताला बंद मिला। अस्पताल के खुलने और बंद होने का समय तय नहीं है।
- ओम प्रकाश यादव बैरमपुर।
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रविवार को अस्पताल का ताला नहीं खुलता। अवकाश के दिन आठ से 12 बजे तक ही अस्पताल खुलता है। दोपहर बाद अस्पताल में डॉक्टर नहीं मिलते हैं। कई बार आया लेकिन बिना इलाज के लौटना पड़ा। - अबरार अहमद, बैरमपुर।
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अस्पताल में एक्सरे जांच नहीं होती है। सीएमएस अस्पताल में सप्ताहभर में एक या फिर दो दिन ही आते हैं। जिस कारण अन्य सीएचसी में जाकर इलाज कराना पड़ता है। - राकेश यादव, सुवंसा

वर्जन--
अस्पताल में ताला बंद है तो इसकी जांच कराई जाएगी। दोषियों पर कार्रवाई होगी। सीएमएस को नोटिस जारी किया जाएगा। लापरवाही मिलने पर कर्मचारियों का वेतन रोका जाएगा। -डॉ. एएन प्रसाद, सीएमओ।
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