{"_id":"5c34a65ebdec2256db062bd5","slug":"171546954334-pratapgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूसरे दिन भी विरोध में दोपहर तक बंद रहीं दुकानें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दूसरे दिन भी विरोध में दोपहर तक बंद रहीं दुकानें
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फोटो-
दूसरे दिन भी दोपहर तक बंद रहीं दुकानें
सीएमओ को ज्ञापन सौंपा, मेडिकल कालेज के रास्ते में परिवर्तन की मांग
जिला अस्पताल के गेट पर होता रहा हंगामा, बैठक के बाद व्यापारियों ने बदली रणनीति
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। मेडिकल कालेज की जद में दुकानों के आने से भयभीत व्यापारी दूसरे दिन भी आंदोलित रहे। दोपहर तक दुकानें बंद रखकर विरोध जताया। सीएमओ का घेराव कर ज्ञापन सौंपा। लोगों ने मेडिकल कालेज का रास्ता बदलने की मांग उठाई। जिलाधिकारी के बाहर होने के कारण व्यापारियों ने रणनीति बदल दी। जिला अस्पताल के गेट पर काफी देर तक हंगामा होता रहा।
महिला अस्पताल से लेकर जिला अस्पताल को मिलाकर मेडिकल कालेज निर्माण प्रस्तावित है। अस्पताल से लगी हुई 60 दुकानों को जिला प्रशासन द्वारा चिह्नित करते ही व्यापारियों में दुकानों के ध्वस्तीकरण को लेकर आशंका होने लगी। जिसके विरोध में सोमवार को भी अपनी दुकानें बंद कर व्यापारियों ने प्रदर्शन किया था। मंगलवार को भी अपनी मांगों को लेकर व्यापारियों ने दुकानें बंद कर विरोध जताया। जिला अस्पताल गेट पर कुछ देर तक व्यापारियों का हंगामा होता रहा। बाद में गोपाल मंदिर में बैठक हुई। जिसमें तय हुआ कि वे लोग जिलाधिकारी व सीएमओ से मिलकर उनके सामने मामला रखेंगे। ताकि मेडिकल कालेज भी बन जाए और व्यापारियों का नुकसान भी न हो। व्यापारियों ने सीएमओ का कार्यालय में घेराव कर अपनी मांग रखीं। कहा कि मेडिकल कालेज का रास्ता बदल देने से समस्या का हल हो सकेगा। सीएमओ ने कहा कि चूंकि मेडिकल कालेज का नक्शा बन चुका है। इसलिए अब कोई बदलाव जिलाधिकारी की संस्तुति के बाद ही संभव है। व्यापारियों ने कहा कि दुकानों के टूटने से व्यवसाय चौपट हो जाएगा। जीविकापार्जन पर विपरीत असर पड़ेगा। इस मौके पर प्रदर्शन करने वालों में सरदार मंजीत सिंह छाबड़ा, अख्तर राइन, गुड्डू अग्रवाल, अनिल कुमार, मनीष अग्रवाल, रहमत उल्ला , मोबीन, अशोक शर्मा, अजीत सिंह, प्रशांत खंडेलवाल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
दूसरे दिन भी दोपहर तक बंद रहीं दुकानें
सीएमओ को ज्ञापन सौंपा, मेडिकल कालेज के रास्ते में परिवर्तन की मांग
जिला अस्पताल के गेट पर होता रहा हंगामा, बैठक के बाद व्यापारियों ने बदली रणनीति
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। मेडिकल कालेज की जद में दुकानों के आने से भयभीत व्यापारी दूसरे दिन भी आंदोलित रहे। दोपहर तक दुकानें बंद रखकर विरोध जताया। सीएमओ का घेराव कर ज्ञापन सौंपा। लोगों ने मेडिकल कालेज का रास्ता बदलने की मांग उठाई। जिलाधिकारी के बाहर होने के कारण व्यापारियों ने रणनीति बदल दी। जिला अस्पताल के गेट पर काफी देर तक हंगामा होता रहा।
महिला अस्पताल से लेकर जिला अस्पताल को मिलाकर मेडिकल कालेज निर्माण प्रस्तावित है। अस्पताल से लगी हुई 60 दुकानों को जिला प्रशासन द्वारा चिह्नित करते ही व्यापारियों में दुकानों के ध्वस्तीकरण को लेकर आशंका होने लगी। जिसके विरोध में सोमवार को भी अपनी दुकानें बंद कर व्यापारियों ने प्रदर्शन किया था। मंगलवार को भी अपनी मांगों को लेकर व्यापारियों ने दुकानें बंद कर विरोध जताया। जिला अस्पताल गेट पर कुछ देर तक व्यापारियों का हंगामा होता रहा। बाद में गोपाल मंदिर में बैठक हुई। जिसमें तय हुआ कि वे लोग जिलाधिकारी व सीएमओ से मिलकर उनके सामने मामला रखेंगे। ताकि मेडिकल कालेज भी बन जाए और व्यापारियों का नुकसान भी न हो। व्यापारियों ने सीएमओ का कार्यालय में घेराव कर अपनी मांग रखीं। कहा कि मेडिकल कालेज का रास्ता बदल देने से समस्या का हल हो सकेगा। सीएमओ ने कहा कि चूंकि मेडिकल कालेज का नक्शा बन चुका है। इसलिए अब कोई बदलाव जिलाधिकारी की संस्तुति के बाद ही संभव है। व्यापारियों ने कहा कि दुकानों के टूटने से व्यवसाय चौपट हो जाएगा। जीविकापार्जन पर विपरीत असर पड़ेगा। इस मौके पर प्रदर्शन करने वालों में सरदार मंजीत सिंह छाबड़ा, अख्तर राइन, गुड्डू अग्रवाल, अनिल कुमार, मनीष अग्रवाल, रहमत उल्ला , मोबीन, अशोक शर्मा, अजीत सिंह, प्रशांत खंडेलवाल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन