{"_id":"a5d079f1559c4d74dce808c686a28253","slug":"vaccination-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"32335 बच्चों और 10034 महिलाओं का होगा टीकाकरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
32335 बच्चों और 10034 महिलाओं का होगा टीकाकरण
पीलीभीत।
Updated Tue, 07 Jul 2015 12:11 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले में मिशन इंद्रधनुष का चौथा और अंतिम चरण सात जुलाई से शुरू हो रहा
विज्ञापन
है। 14 जुलाई तक चलने वाले इस चरण में 32335 बच्चों और 10034 महिलाओं का
टीकाकरण किया जाना है। यह जानकारी सीएमओ डॉ. ओम चौहान ने सोमवार को सीएमओ
कार्यालय में हुई प्रेस कांफ्रेंस में दी।
उन्होंने कहा कि गभर्वती महिलाओं व दो साल तक के बच्चों को सात जानलेवा बीमारियों से बचाव को मिशन इंद्रधनुष योजना चलाई जा रही है। इसमें पोलियो, टीबी, गलाघोटू काली खांसी टिटनेस, हेपेटाइटिस बी व खसरे से बचाव को टीकाकरण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इसके तीन चरण माह अप्रैल, मई व जून में पूरे हो चुके हैं।
अप्रैल माह में 4737 गर्भवती महिलाओं व 14725 बच्चों का टीकाकरण किया गया। मई में दूसरे चरण में 5055 गर्भवती महिलाओं व 12119 बच्चों को टीके लगाए गए, जबकि जून माह में हुए तीसरे चरण में 3582 गर्भवती महिलाओं व 11255 बच्चों का टीकाकरण किया गया। एसीएमओ/जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. सीएम चतुर्वेदी ने बताया कि अभियान का चौथा व अंतिम चरण सात जुलाई से शुरू किया जा रहा है।
इसमें कुल 1323 सत्र लगाए जाएंगे। इसमें 32335 बच्चों 10034 गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण किया जाना है। बताया कि अंतिम चरण उन्हीं सत्रों में चलाया जाएगा, जहां पूर्व के तीन चरणों में टीकाकरण किया गया था। टीकाकरण कार्य में 202 एएनएम को लगाया गया है। बच्चों व महिलाओं को बुलाने के लिए आशा आंगनबाड़ी कार्यकत्री व सहायिकाओं का लगाया गया है।
इसमें यूनीसेफ का भी सहयोग लिया जा रहा है। ब्लाक लेबिल फ्लैक्सी व मीटिंग कराई गई हैं। उन्होंने बताया कि अभियान की प्रतिदिन समीक्षा की जाएगी। यदि कहीं कोई लापरवाही पाई गई तो संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान डीटीओ डॉ. राजेश भट्ट, यूनीसेफ के डीएमसी फैजान खान आदि मौजूद रहे।
उन्होंने कहा कि गभर्वती महिलाओं व दो साल तक के बच्चों को सात जानलेवा बीमारियों से बचाव को मिशन इंद्रधनुष योजना चलाई जा रही है। इसमें पोलियो, टीबी, गलाघोटू काली खांसी टिटनेस, हेपेटाइटिस बी व खसरे से बचाव को टीकाकरण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इसके तीन चरण माह अप्रैल, मई व जून में पूरे हो चुके हैं।
अप्रैल माह में 4737 गर्भवती महिलाओं व 14725 बच्चों का टीकाकरण किया गया। मई में दूसरे चरण में 5055 गर्भवती महिलाओं व 12119 बच्चों को टीके लगाए गए, जबकि जून माह में हुए तीसरे चरण में 3582 गर्भवती महिलाओं व 11255 बच्चों का टीकाकरण किया गया। एसीएमओ/जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. सीएम चतुर्वेदी ने बताया कि अभियान का चौथा व अंतिम चरण सात जुलाई से शुरू किया जा रहा है।
इसमें कुल 1323 सत्र लगाए जाएंगे। इसमें 32335 बच्चों 10034 गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण किया जाना है। बताया कि अंतिम चरण उन्हीं सत्रों में चलाया जाएगा, जहां पूर्व के तीन चरणों में टीकाकरण किया गया था। टीकाकरण कार्य में 202 एएनएम को लगाया गया है। बच्चों व महिलाओं को बुलाने के लिए आशा आंगनबाड़ी कार्यकत्री व सहायिकाओं का लगाया गया है।
इसमें यूनीसेफ का भी सहयोग लिया जा रहा है। ब्लाक लेबिल फ्लैक्सी व मीटिंग कराई गई हैं। उन्होंने बताया कि अभियान की प्रतिदिन समीक्षा की जाएगी। यदि कहीं कोई लापरवाही पाई गई तो संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान डीटीओ डॉ. राजेश भट्ट, यूनीसेफ के डीएमसी फैजान खान आदि मौजूद रहे।