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Pilibhit News: शासन ने लिया संज्ञान, पालिकाध्यक्ष पर लगे आरोपों की होगी जांच
Fri, 13 Feb 2026 11:57 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Updated Fri, 13 Feb 2026 11:57 PM IST
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पीलीभीत। नगर पालिका पीलीभीत के 13 सभासदों की ओर से पालिका अध्यक्ष पर लगाए गए आरोपों का शासन ने संज्ञान लिया है। नगर विकास के अनु सचिव ने डीएम को पत्र जारी कर विकास कार्यों में अनियमितता और अन्य मामलों की जांच कराकर रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए हैं।
शहर के मोहल्ला सुनगढ़ी की सभासद रत्ना शुक्ला, पुष्पा उपाध्याय, चैतन्य गंगवार, एहतिशाम वली खां, शिखा वर्मा, माया देवी, श्यामलता सहित अन्य 13 सभासदों ने प्रमुख सचिव नगर विकास से 17 बिंदुओं पर लिखित शिकायत की थी। इसमें पालिका अध्यक्ष के भाई व पति द्वारा समस्त ठेके अपने लोगों को देकर मुनाफा कमाने, सभासद से अभद्र व्यवहार, पालिका अध्यक्ष के ससुर के शॉपिंग कॉम्पलैक्स का 30 हजार कर घटाने, करोड़ों के बिल पर पालिका अध्यक्ष के पति के हस्ताक्षर होने, चार करोड़ के लाइट घोटाले, 1.97 से बने नेहरू पार्क व नौ करोड़ से बने नाला निर्माण कार्य में अनियमितता, 6 वर्ष के कारावास के बाद सभासद को संरक्षण देने, समय पर कर्मचारियों को ईपीएफ व पीएफ नही जमा करने, सफाई निरीक्षक साबिर अली के भाई की फर्मों द्वारा ठेके करने आदि सहित 17 बिंदुओं की शिकायत की थी।
प्रमुख सचिव ने सभी शिकायतों को संज्ञान लिया है। बता दें 4 फरवरी को शासन के अनु सचिव द्वारा डीएम पीलीभीत को दिए शिकायती पत्र में पालिका अध्यक्ष डॉ. आस्था अग्रवाल पर लगे गंभीर आरोपों की जांच कर आख्या रिपोर्ट मांगी है। शुक्रवार को नगर पालिका में पालिका अध्यक्ष की शुरू हुई शासन से जांच को लेकर हड़कंप मचा रहा। संवाद
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शहर के मोहल्ला सुनगढ़ी की सभासद रत्ना शुक्ला, पुष्पा उपाध्याय, चैतन्य गंगवार, एहतिशाम वली खां, शिखा वर्मा, माया देवी, श्यामलता सहित अन्य 13 सभासदों ने प्रमुख सचिव नगर विकास से 17 बिंदुओं पर लिखित शिकायत की थी। इसमें पालिका अध्यक्ष के भाई व पति द्वारा समस्त ठेके अपने लोगों को देकर मुनाफा कमाने, सभासद से अभद्र व्यवहार, पालिका अध्यक्ष के ससुर के शॉपिंग कॉम्पलैक्स का 30 हजार कर घटाने, करोड़ों के बिल पर पालिका अध्यक्ष के पति के हस्ताक्षर होने, चार करोड़ के लाइट घोटाले, 1.97 से बने नेहरू पार्क व नौ करोड़ से बने नाला निर्माण कार्य में अनियमितता, 6 वर्ष के कारावास के बाद सभासद को संरक्षण देने, समय पर कर्मचारियों को ईपीएफ व पीएफ नही जमा करने, सफाई निरीक्षक साबिर अली के भाई की फर्मों द्वारा ठेके करने आदि सहित 17 बिंदुओं की शिकायत की थी।
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प्रमुख सचिव ने सभी शिकायतों को संज्ञान लिया है। बता दें 4 फरवरी को शासन के अनु सचिव द्वारा डीएम पीलीभीत को दिए शिकायती पत्र में पालिका अध्यक्ष डॉ. आस्था अग्रवाल पर लगे गंभीर आरोपों की जांच कर आख्या रिपोर्ट मांगी है। शुक्रवार को नगर पालिका में पालिका अध्यक्ष की शुरू हुई शासन से जांच को लेकर हड़कंप मचा रहा। संवाद
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