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एसडीओ को महंगी पड़ी मंत्री की मेहमान नवाजी
ब्यूरो /पीलीभीत
Updated Sun, 07 Aug 2016 11:05 PM IST
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प्राविधिक शिक्षा मंत्री फरीद महफूज किदवई की आवभगत हेडवर्क्स खंड के एसडीओ पीके तिवारी को महंगी पड़ गई। बिना गेस्ट हाउस बुक कराए मंत्री को ठहराने से नाराज अधिकारियों ने उन्हें बरेली मुख्यालय से संबद्ध कर दिया है।
राज्यमंत्री फरीद महफूज दो अगस्त को दो दिनों के दौरे पर पर पीलीभीत आए थे। अपने भ्रमण के दौरान बाइफरकेशन स्थित सिंचाई विभाग के गेस्ट हाउस में रूके थे। मंत्री के भ्रमण के दौरान ही चीफ इंजीनियर ओमवर्मा पीलीभीत पहुंचे। यहां शारदा सागर, शारदा नदी अन्य स्थालों का भ्रमण करने के बाद वह जब बाइफरकेशन पहुंचे तो गेस्ट हाउस में मंत्री जी ठहरे होने की जानकारी हुई। इस पर अधीक्षण अभियंता जीवनराम यादव ने जब बुकिंग के बाबत जानकारी की तो पता चला कोई बुकिंग नहीं है, लेकिन मंत्री को एकाएक हटाया भी नहीं जा सकता। बताते हैं कि हेडवर्क्स खंड के अधिशासी अभियंता दीपक यादव ने भी एसडीओ से नाराजगी व्यक्त की थी। बाद में सिंचाई विभाग के अधिकारी चीफ इंजीनियर को बनबसा ले गए और बनवसा में ही उनके खाने की व्यवस्था की गई। चीफ इंजीनियर और राज्यमंत्री के जाने के बाद उच्चाधिकारियों ने एसडीओ पीके तिवारी पर अपनी गाज गिरा दी। दो दिन पूर्व उन्हें बाइफरकेशन से हटाकर बरेली मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है। इस बावत जानकारी करने पर एसडीओ पीके तिवारी ने बताया कि उन्हें बरेली संबद्ध किया गया है। नौकरी में स्थानांतरण एक प्रक्रिया है। लेकिन उनके बरेली संबद्ध होने की बाइफरकेशन और विभाग में काफी चर्चा है।
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राज्यमंत्री फरीद महफूज दो अगस्त को दो दिनों के दौरे पर पर पीलीभीत आए थे। अपने भ्रमण के दौरान बाइफरकेशन स्थित सिंचाई विभाग के गेस्ट हाउस में रूके थे। मंत्री के भ्रमण के दौरान ही चीफ इंजीनियर ओमवर्मा पीलीभीत पहुंचे। यहां शारदा सागर, शारदा नदी अन्य स्थालों का भ्रमण करने के बाद वह जब बाइफरकेशन पहुंचे तो गेस्ट हाउस में मंत्री जी ठहरे होने की जानकारी हुई। इस पर अधीक्षण अभियंता जीवनराम यादव ने जब बुकिंग के बाबत जानकारी की तो पता चला कोई बुकिंग नहीं है, लेकिन मंत्री को एकाएक हटाया भी नहीं जा सकता। बताते हैं कि हेडवर्क्स खंड के अधिशासी अभियंता दीपक यादव ने भी एसडीओ से नाराजगी व्यक्त की थी। बाद में सिंचाई विभाग के अधिकारी चीफ इंजीनियर को बनबसा ले गए और बनवसा में ही उनके खाने की व्यवस्था की गई। चीफ इंजीनियर और राज्यमंत्री के जाने के बाद उच्चाधिकारियों ने एसडीओ पीके तिवारी पर अपनी गाज गिरा दी। दो दिन पूर्व उन्हें बाइफरकेशन से हटाकर बरेली मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है। इस बावत जानकारी करने पर एसडीओ पीके तिवारी ने बताया कि उन्हें बरेली संबद्ध किया गया है। नौकरी में स्थानांतरण एक प्रक्रिया है। लेकिन उनके बरेली संबद्ध होने की बाइफरकेशन और विभाग में काफी चर्चा है।
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