{"_id":"69ab3043ed95ed6fd40cc34d","slug":"records-prepared-by-forging-the-signature-of-dfo-to-obtain-bank-loan-pilibhit-news-c-121-1-lkh1003-154971-2026-03-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pilibhit News: बैंक लोन लेने में डीएफओ के फर्जी हस्ताक्षर कर तैयार किए अभिलेख","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pilibhit News: बैंक लोन लेने में डीएफओ के फर्जी हस्ताक्षर कर तैयार किए अभिलेख
विज्ञापन
बैंक ने सत्यापन के लिए भेजा पत्र तो खुली पोल, डीएफओ ने एफआईआर के लिए एसपी को लिखा पत्र
पीलीभीत। बैंक से लोन पास कराने के नाम पर पीटीआर के डीएफओ के फर्जी हस्ताक्षर कर दिए गए। बैंक ने सत्यापन के लिए डीएफओ पत्र भेजा तो फर्जीवाड़ा सामने आया। अब डीएफओ ने मामले में एफआईआर के लिए एसपी को पत्र लिखा है।
पिछले वर्ष आठ दिसंबर को एक कूटरचित दस्तावेज तैयार कर पूरनपुर निवासी एक व्यक्ति ने बैंक ऑफ इंडिया में लोन के लिए आवेदन किया था। आवेदन में कलीनगर क्षेत्र के ग्राम अर्जुनपुर में निजी जमीन पर राइस मिल निर्माणाधीन होने का उल्लेख किया गया था। इसके साथ ही फर्म के नाम पर डीएफओ मनीष सिंह के जाली हस्ताक्षर कर एनओसी तैयार कर बैंक में प्रस्तुत कर दी गई। बैंक प्रबंधन ने दस्तावेज की सत्यता की जांच के लिए संबंधित पत्र डीएफओ कार्यालय भेज दिया। जांच के दौरान पता चला कि जिस पत्रांक संख्या से यह पत्र जारी बताया गया है, उस क्रमांक का कोई पत्र 18 दिसंबर 2025 को जारी ही नहीं हुआ था। इसके बाद बैंक अधिकारियों ने तत्काल डीएफओ से संपर्क कर मामले की जानकारी दी। डीएफओ मनीष सिंह ने दस्तावेज और हस्ताक्षरों को पूरी तरह कूटरचित बताते हुए पूरनपुर तहसील क्षेत्र के एक व्यक्ति के खिलाफ गुमराह करने और फर्जी दस्तावेज तैयार करने की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए एसपी अधीक्षक सुकीर्ति माधव को तहरीर भेज दी है। डीएफओ ने बताया कि फर्जीवाड़े की जानकारी होने पर मामले को गंभीरता से लिया गया। एसपी को पत्र भेजकर मामले में एफआईआर कराई जाएगी। एसपी ने पूरे मामले की जांच सीओ पूरनपुर को सौंपी है। संवाद
विज्ञापन
पीलीभीत। बैंक से लोन पास कराने के नाम पर पीटीआर के डीएफओ के फर्जी हस्ताक्षर कर दिए गए। बैंक ने सत्यापन के लिए डीएफओ पत्र भेजा तो फर्जीवाड़ा सामने आया। अब डीएफओ ने मामले में एफआईआर के लिए एसपी को पत्र लिखा है।
पिछले वर्ष आठ दिसंबर को एक कूटरचित दस्तावेज तैयार कर पूरनपुर निवासी एक व्यक्ति ने बैंक ऑफ इंडिया में लोन के लिए आवेदन किया था। आवेदन में कलीनगर क्षेत्र के ग्राम अर्जुनपुर में निजी जमीन पर राइस मिल निर्माणाधीन होने का उल्लेख किया गया था। इसके साथ ही फर्म के नाम पर डीएफओ मनीष सिंह के जाली हस्ताक्षर कर एनओसी तैयार कर बैंक में प्रस्तुत कर दी गई। बैंक प्रबंधन ने दस्तावेज की सत्यता की जांच के लिए संबंधित पत्र डीएफओ कार्यालय भेज दिया। जांच के दौरान पता चला कि जिस पत्रांक संख्या से यह पत्र जारी बताया गया है, उस क्रमांक का कोई पत्र 18 दिसंबर 2025 को जारी ही नहीं हुआ था। इसके बाद बैंक अधिकारियों ने तत्काल डीएफओ से संपर्क कर मामले की जानकारी दी। डीएफओ मनीष सिंह ने दस्तावेज और हस्ताक्षरों को पूरी तरह कूटरचित बताते हुए पूरनपुर तहसील क्षेत्र के एक व्यक्ति के खिलाफ गुमराह करने और फर्जी दस्तावेज तैयार करने की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए एसपी अधीक्षक सुकीर्ति माधव को तहरीर भेज दी है। डीएफओ ने बताया कि फर्जीवाड़े की जानकारी होने पर मामले को गंभीरता से लिया गया। एसपी को पत्र भेजकर मामले में एफआईआर कराई जाएगी। एसपी ने पूरे मामले की जांच सीओ पूरनपुर को सौंपी है। संवाद
विज्ञापन