भारतीय युवक की पिटाई: पीलीभीत में नेपाली खुफिया एजेंसी की टीम घर से उठा ले गई, मां-बहनों को भी पीटा
कलीनगर तहसील क्षेत्र से नेपाल की सीमा लगी हुई है। यहां गुरुवार दोपहर को नौजल्हा नंबर दो निवासी युवक मंतोष को नेपाली खुफिया एजेंसी की टीम पकड़ ले गई।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पीलीभीत में भारत-नेपाल सीमा के नोमेंस लैंड पर रह रहे भारतीय युवक मंतोष को गुरुवार दोपहर नेपाल की खुफिया एजेंसी के सदस्यों ने पहले पीटा, इसके बाद उसे अपने साथ नेपाल ले गए। इस दौरान बीच-बचाव करने पहुंचीं युवक की मां-बहन की पिटाई भी की गई।
कलीनगर तहसील क्षेत्र से नेपाल की सीमा लगी हुई है। खुली सीमा होने के चलते दोनों देशों के लोगों का आना-जाना लगा रहता है। नोमेंस लैंड पर भी भारत के अलावा नेपाल के लोग रहते हैं। गुरुवार दोपहर करीब एक बजे नौजल्हा नंबर दो निवासी मंतोष पुत्र मुकुंद घर पर था।
क्षेत्रीय लोगों ने बताया कि नेपाल की ओर से सिविल ड्रेस में आए खुफिया एजेंसी के सदस्यों ने पहले उसको नोमेंस लैंड पर ही बसे एक नेपाली परिवार के घर बुलाया। इसके बाद उसकी पिटाई की गई। जिससे उसके सिर और शरीर के अन्य अंगों से खून भी बहने लगा।
युवक की मां-बहन को भी पीटा
जानकारी होने पर मंतोष की मां और बहनें भी बीच-बचाव करने पहुंचीं। आरोप है कि उनकी भी पिटाई की गई। बाद में खुफिया एजेंसी के सदस्य मंतोष को अपने साथ नेपाल ले गए। पूरे मामले से पुलिस अंजान बनी रही। क्षेत्रीय लोगों ने मौके पर जाने का प्रयास किया, लेकिन उन्हें जाने नहीं दिया गया। मंतोष घर पर ही क्लीनिक चलाता है।
इस संबंध में एसएसबी नौजल्हा चौकी के इंस्पेक्टर शांति राय का कहना है कि मंतोष पूर्व में नेपाल में क्लीनिक चलाता था। नेपाल में ही किसी मामले के चलते खुफिया एजेंसी को उसकी तलाश थी। इसी क्रम में एजेंसी के सदस्य उसे अपने साथ ले गए हैं, जबकि इंस्पेक्टर माधोटांडा वीरेश ने ऐसी किसी घटना की जानकारी से इन्कार किया।