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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   Health services were disrupted by strike

हड़ताल से स्वास्थ्य सेवाएं रहीं अस्त-व्यस्त

Fri, 09 Sep 2016 11:18 PM IST
पीलीभीत, ब्यूरो
पीलीभीत, ब्यूरो Updated Fri, 09 Sep 2016 11:18 PM IST
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स्वास्थ्यकर्मियों की हड़ताल के चलते शुक्रवार को जिले भर में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित रहीं। संविदा स्वास्थ्य कर्मियों ने हड़ताल पर रहकर धरना दिया। आशा वर्कर्स ने भी काम बंद कर जिला अस्पताल परिसर में भूख हड़ताल शुरू कर दी। फार्मेेसिस्टों ने भी सीएमओ कार्यालय पर धरना दिया और प्रभारी सीएमओ को ज्ञापन सौंपा। इधर, हड़ताल के चलते जिले की सीएचसी और पीएचसी में पहुंचने वाले मरीजों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
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आशा वर्कर्स से शुरू की भूखहड़ताल
आशा वर्कर्स कल्याण एसोसिएशन के बैनर तले जिले भर की आशा वर्कर्स शुक्रवार को जिला अस्पताल में एकत्र हुईं। यहां नियमितीकरण समेत विभिन्न मांगों को लेकर उन्होंने जिलाध्यक्ष प्रेम माधुरी के नेतृत्व में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी। पहले दिन दस आशा भूख हड़ताल पर बैठीं। इस दौरान जिलाध्यक्ष ने कहा कि आशा वर्कर्स की मांगें लंबे अरसे से लंबित हैं, लेकिन इन पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। अब जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी, टीकाकरण और डिलीवरी का काम नहीं किया जाएगा। उन्होंने आशा वर्कर्स से एकजुट रहने का आह्वान किया। इस मौके पर ममता सक्सेना, लक्ष्मी देवी, ब्रजरानी, चंद्रकला, शकुंतला, रेखा, सावित्री, रामवती, आशा देवी, रीता देवी, मीनाक्षी आदि मौजूद रहीं।
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फार्मेसिस्टों ने भी फूंका आंदोलन का बिगुल
डिप्लोमा फार्मेसिस्ट एसोसिएशन के प्रांतीय आह्वान पर वेतन विसंगति समेत विभिन्न मांगों को लेकर फार्मेसिस्टों ने शुक्रवार को सीएमओ कार्यालय पर धरना दिया। धरनास्थल पर हुई सभा में अध्यक्ष प्रेम सिंह ने कहा कि वेतन विसंगतियों, पद सृजन, संवर्ग का पुनर्गठन सहित तमाम मांगें लंबे अरसे से लंबित चल रही हैं। सरकार को सभी मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेना चाहिए। मंत्री अवधेश चौधरी ने कहा कि ड्रग और फार्मेसी एक्ट का उल्लंघन किया जा रहा है। महानिदेशालय द्वारा पदोन्नतियां नहीं की जा रही हैं। यह सब अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। संगठन के माध्यम से अब आरपार की लड़ाई लड़ी जाएगी। इस दौरान फार्मेसिस्टों ने प्रभारी सीएमओ डॉ. एके वर्मा को ज्ञापन भी सौंपा। इसमें मांगों को तत्काल पूरा कराने की मांग की गई। एसोसिएशन के मंत्री ने बताया कि दस सितंबर से सभी फार्मेसिस्ट काली पट्टी बांधकर कार्य करेंगे। धरना देने वालों में उपाध्यक्ष बीएल वर्मा, सुशांत हलधर, राजीव मिश्र, मुकेश राना, मनोज नाथ गोस्वामी, जीएल विश्वकर्मा, अनीता सक्सेना, राजेश कश्यप, शमशेर सिंह, श्रीराम आदि शामिल रहे।
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संविदा स्वास्थ्य कर्मियों की हड़ताल जारी
पीलीभीत। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ के प्रांतीय आह्वान पर छह सूत्री मांगों को लेकर लेकर चल रही संविदा स्वास्थ्य कर्मियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुक्रवार को भी जारी रही। संविदा स्वास्थ्य कर्मियों ने नेहरू पार्क में धरना दिया। इस दौरान हुई सभा में कहा गया कि छह सूत्री मांगों को लेकर चल रही हड़ताल अब तभी समाप्त होगी, जब सरकार मांगों को पूरा कर देगी। संविदा स्वास्थ्य कर्मी तमाम समस्याओं से जूझ रहे हैं। सरकार उनके साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। इसे अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मांगें पूरी न होने तक हड़ताल जारी रखने का निर्णय लिया गया। धरना देने वालों में डॉ. हरजेंद्र सिंह, अमित कुमार, सत्यम, प्रशांत सक्सेना, धर्मेंद्र, देवेंद्र, डॉ. पराग, गौरव, वैभव रस्तोगी, डॉ. वीडी पांडेय, डॉ. सर्वेश गर्ग, अरुण, डॉ. दिनेश आदि शामिल रहे।

 
ये स्वास्थ्य सेवाएं रहीं प्रभावित
- आयुष विंग से जुड़ी सभी सेवाएं ठप रहीं।
- मरीजों को दवा लेने में दिक्कतें हुईं।
- एमसीएच और अन्य रिपोर्टिंग का काम ठप रहा।
- टीकाकरण, प्रसव का काम भी प्रभावित रहा।

वर्जन:
जिले के सभी चिकित्साधिकारियों को पूर्व में ही सचेत कर दिया गया था। उन्हें अस्पताल में अधिक से अधिक समय देने के निर्देश दिए गए थे। एएनएम को टीकाकरण का कार्य सुचारु रखने के लिए निर्देशित किया जा चुका है। अन्य स्थायी कर्मियों से काम लिया गया।
डॉ. एके वर्मा, प्रभारी सीएमओ
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