खाई जीने-मरने की कसम: प्यार की खातिर उजमा ने उर्मिला बनकर भागीरथ संग लिए सात फेरे, पर अब सता रहा इस बात का डर
उजमा उर्फ उर्मिला और भागीरथ दोनों पीलीभीत के न्यूरिया क्षेत्र के निवासी हैं। दोनों के बीच बीते दो साल से प्रेम-प्रसंग चल रहा है।
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पीलीभीत की उजमा प्यार की खातिर उर्मिला बन गई। उसने धर्म परिवर्तन कर अपने प्रेमी भागीरथ के साथ हिंदू रीति रिवाज के अनुसार शादी कर ली। बरेली में एक आचार्य ने दोनों का विवाह कराया। इससे पूर्व दोनों ने अपने बालिग होने का प्रमाण दिया।
उजमा उर्फ उर्मिला और भागीरथ दोनों पीलीभीत के न्यूरिया क्षेत्र के निवासी हैं। दोनों के बीच बीते दो साल से प्रेम-प्रसंग चल रहा है। दोनों ने साथ जीने और मरने की कसमें खा लीं, लेकिन उनकी मोहब्बत में महजब की दीवार आड़े आ गई।
उजमा के घरवालों को जब उसके प्रेम प्रसंग का पता लगा तो उन्होंने बंदिशें लगा दीं। बावजूद इसके उजमा अपने प्रेमी के साथ चोरी छिपे बात करती रही। उजमा ने प्रेमी से शादी करने के लिए घर छोड़ने का फैसला कर लिया। उधर, प्रेमी ने भी साथ देने का वादा किया।
रविवार को भागीरथ और उजमा दोनों बरेली के आश्रम में पहुंचे, जहां दोनों ने अपने बालिग होने के प्रमाणपत्र पत्र दिखाए। इसके बाद आचार्य ने उजमा का गंगाजल से शुद्धिकरण कराया। उजमा ने धर्म परिवर्तन करने के बाद अपना नाम उर्मिला कर लिया। आश्रम के आचार्य ने दोनों का विवाह कराया।