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Pilibhit News: अमरिया पहुंचे जिला कृषि अधिकारी, किसानों को बांटी चूहामार दवा

Tue, 12 Sep 2023 11:51 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत Updated Tue, 12 Sep 2023 11:51 PM IST
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District Agriculture Officer reached Amaria, distributed rat poison to farmers
अमरिया क्षेत्र में फसलों का निरीक्षण करते जिला कृ​षि अ​धिकारी । स्त्रोत - कृ​षि विभाग
पीलीभीत। अमरिया क्षेत्र में चूहों के धान की फसल बर्बाद करने से परेशान किसानों की व्यथा सुनने मंगलवार को जिला कृषि अधिकारी पहुंचे। हालांकि वह बिना मारे चूहों से फसलों का बचाने का कोई उपाय नहीं बता सके। आखिर में उन्होंने चूहों को मारने के लिए जिंक फास्फाइड के पाउच किसानों को बांटे। उन्होंने बर्बाद हुई फसल भी देखी।
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अमरिया क्षेत्र के लाहौर गंज, बिलासपुर, मुंडलिया इलाही बक्श, भैंसहा, तुमडिया, कटमटा आदि गावों में चूहे धान की फसल को एक माह से बर्बाद कर रहे हैं। इससे किसानों को भारी नुकसान हो रहा है। किसानों की इस समस्या को जब अमर उजाला ने उठाया तो संबंधित विभाग के अधिकारी सक्रिय हुए। पहले कृषि रक्षा अधिकारी श्यामनरायन राम प्रभावित गांवों पहुंचे, लेकिन चूहा पकड़ने के लिए किसानों को पिंजरे देकर लौट आए। इससे किसानों की समस्या का समाधान नहीं हो सका।
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अब जिला कृषि अधिकारी डॉ. विनोद कुमार यादव, एडीओ चेतराम और तेज बहादुर के साथ अमरिया क्षेत्र में पहुंचे। उन्होंने गांवों में जाकर चूहों से बर्बाद हुई धान की फसल का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने किसानों से बात भी की। किसानों को बताया कि चूहों को मार कर ही फसल की सुरक्षा संभव है। इसके लिए किसानों को जिंक फास्फाइड के पाउच बांटे। बताया, इस विषाक्त दवा को अनाज के दानों में मिलाकर चूहे के बिलों के पास रखें। किसानों ने कहा कि उनको बीमा का लाभ दिलाया जाए।
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खेतों में पाई जाती है फील्ड रेट व सॉफ्ट थर्ड प्रजाति
जिला कृषि अधिकारी डॉ विनोद कुमार ने किसानों को बताया खेतों में चूहों की फील्ड रेट व सॉफ्ट थर्ड प्रजाति पाई जाती है। इनकी संख्या नियंत्रित करने के लिए उनके प्राकृतिक शत्रु बिल्ली, सांप, चमगादड़ और बाज को संरक्षण देने की जरूरत है। चूहेदानी का प्रयोग कर उसमें चारा लगाकर भी चूहों को फंसाकर मार देने से संख्या नियंत्रित की जा सकती है। इसके अलावा चूहे के बिलों के पास जहरीली दवा रखकर उनको मारा जा सकता है।

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वर्जन
अमरिया क्षेत्र किसानों से बातचीत कर नुकसान को देखा। किसानों को चूहामार दवा का वितरण कर बचाव के तौर तरीकों को बताया गया है। किसानों की अन्य समस्याओं को भी सुना गया। - डॉ. विनोद कुमार यादव, जिला कृषि अधिकारी
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