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कड़ी सुरक्षा के बीच दोनों युवकों के शव दफन
पीलीभीत, ब्यूरो
Updated Sat, 02 Apr 2016 12:46 AM IST
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पुिललिस
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पोस्टमार्टम के बाद आधी रात के बाद सद्दाम और शकील के शव घर पहुंचने पर दोनों परिवारों में कोहराम मच गया। कड़ी सुरक्षा के बीच दोनों के शव शुक्रवार को दफना दिए गए। पुलिस अभिरक्षा में युवकों की मौत के बाद शव पहुंचने पर कहीं लोग हंगामा, प्रदर्शन आदि न करें, इसे लेकर जिले के कई थानों के अलावा बरेली और शाहजहांपुर से बुलाई गई पुलिस, पीएसी और आरआरएफ के जवानों को तैनात किया गया था। नगर के प्रमुख चौराहों से लेकर मोहल्ला रजागंज देहात में फोर्स तैनात रहा। कड़ी सुरक्षा के बीच दोनों युवकों के शव सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। दिन पर कस्बे में तनाव का माहौल रहा।
पोस्टमार्टम के बाद रात करीब एक बजे दोनों युवकों के शव घर पहुंचते ही परिवारों में कोहराम मच गया। शुक्रवार सुबह दोनों युवकों के शव दफनाते समय कहीं आक्रोशित लोग बवाल न कर दें, इसे लेकर पूरी रात पुलिस प्रशासन के अफसर कुछ लोगों को मध्यस्थ बनाकर परिवार वालों को समझाने बुझाने में लगे रहे। डीएम और एसपी की रिपोर्ट पर जिले के अलावा, शाहजहांपुर और बरेली से भी पुलिस, पीएसी, आरआरएफ आदि को बृहस्पतिवार की शाम ही बुला लिया गया था। नगर के प्रमुख चौराहों के अलावा मोहल्ला रजागंज देहात में कई स्थानों पर सुरक्षाकर्मी तैनात रहे। शुक्रवार को सुबह होते ही किसी तरह से शवों को दफना दिया गया। एक युवक के शव को सुपुर्दे खाक करने का मन उसके परिवार वालों ने शुक्रवार की नमाज के बाद का बनाया था, लेकिन लोगों के प्रयास से दोनों युवकों को शुक्रवार की नमाज से पहले ही दफना दिया गया। युवकों के अंतिम संस्कार के बाद पुलिस प्रशासन ने राहत की सांस ली। इसके चलते ही शुक्रवार को अपरान्ह बाद हालात सामान्य होते चले गए।
सुरक्षा को सीएचसी में तैनात रही पुलिस, पीएसी
पूरनपुर। सीएचसी से शकील और सद्दाम को गंभीर हालत में होना बताकर रेफर किया जाना लोगों के गले नहीं उतर रहा है। इसको लेकर लोगों मेें आक्रोश है। बृहस्पतिवार को आक्रोशित लोग कहीं सीएचसी पहुंचकर हंगामा न कर दें, इसे लेकर सीएचसी गेट पर पुलिस, पीएसी तैनात रही थी। शुक्रवार को भी सीएचसी में पुलिस, पीएसी तैनात रही।
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सपा की पांच सदस्यीय टीम करेगी प्रकरण की जांच
क्रासर...
जांच रिपोर्ट भेजी जाएगी सीएम को
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। पुलिस कस्टडी में युवकों की मौत का राज जानने को सपा की एक पांच सदस्ययी टीम भी जुटेगी। टीम की जांच में जो भी दोषी पाएं जाएंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी। टीम की रिपोर्ट मुख्यमंत्री को सौंपी जाएगी। साथ ही मुख्यमंत्री से मिलकर पीड़ित परिवारों को मुख्यमंत्री राहत कोष से सहायता दिलवाने का प्रयास होगा।
सपा जिलाध्यक्ष आनंद सिंह यादव ने बताया कि घटना को लेकर सपा के जिला उपाध्यक्ष मोहन सिंह और असर अहमद अंसारी के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम का गठन किया गया है। टीम में महामंत्री, कोषाध्यक्ष, विधानसभा अध्यक्ष शामिल है। टीम पूरे प्रकरण की गहनता से जांच करेगी। जांच में जो भी दोषी पाएं जाएंगे चाहे कितने बड़े अफसर न हो को छोड़ा नहीं जाएगा। जांच रिपोर्ट मुख्यमंत्री से मिलकर उनको सौंपी जाएगी। साथ ही मुख्यमंत्री से दोनों मृतकों के परिवार वालों को मुख्यमंत्री राहत कोष से सहायता देने की मांग मुख्यमंत्री से की जाएगी।
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तब क्या एंबुलेंस में पहुंचकर हालत हो गई थी सामान्य
क्रासर...
सही से जांच हो तब स्वास्थ्य विभाग के कई कर्मचारियों का फंसना भी तय
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। चिंता जनक हालत में जिला अस्पताल रेफर किए गए दोनों युवकों की तब क्या एंबुलेंस मेें पहुंचने पर हालात सामान्य हो गई थी। अगर सीएचसी से रेफर करने को तैयार की गई रिपोर्ट, एंबुलेंस की रिपोर्ट और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का मिलान कर गहनता से कर जांच की जाए। तब स्वास्थ्य विभाग के भी कई अफसरों और कर्मचारियों का फंसना तय होना माना जा रहा है।
बृहस्पतिवार को शकील और सद्दाम को कोतवाली की हवालात से निकालकर साढ़े नौ बजे सीएचसी लाया गया था। सीएचसी से कथित तौर पर युवकों के गंभीर होना बताकर पौने दस बजे जिला अस्पताल को रेफर कर दिया गया। सीएचसी के अधीक्षक डॉ. रविंद्र सिंह का कहना है कि दोनों युवकों की हालत गंभीर थी। ब्लैड प्रेशर कम था। पल्स नहीं मिल रही थी। दोनों को इंजेक्शन लगाने के साथ ऑक्सीजन भी लगाई गई थी। उन्होंने बताया कि युवकों के जहरीला पदार्थ सेवन करने की आशंका लग रही थी। गंभीर हालत में दोनों युवकों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया था। एंबुलेंस से जब दोनों युवकों को जिला अस्पताल ले जाया गया। तब एंबुलेंस कालबुक में दोनों युवकों की धड़कन, ब्लैड प्रेशर, तापमान, आक्सीन, पल्स, पुतली, सांसे सब सामान्य दर्शाई गई। ऐसे में सीएचसी से गंभीर हालत में रेफर किए गए दोनों युवकों का स्वास्थ्य एंबुलेंस में पहुंचते ही तब क्या सामान्य हो गया था? इसके बाद जिला अस्पताल पहुंचते ही दोनों युवकों को मृत घोषित कर दिया गया। ऐसे मेें पूरा मामला लोगों में चर्चा का विषय बना हुआ है। उधर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत के समय, मौत के कारण आदि का मिलान कर अगर गंभीरता से पूरे मामले की जांच हो। तब स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों का फंसना भी तय माना जा रहा है।
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राज्यमंत्री पहुंचे मृतकों के घर, बंधाया ढ़ांढस
क्रासर...
एसपी से निर्दोष के न बच पाने के दिए निर्देश
01 पीबीटीपी 11, 12
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। राज्य मंत्री हेमराज वर्मा ने सपा जिला उपाध्यक्ष नरेंद्र मिश्र कट्टर के साथ दोनों मृतक युवकों के घर पहुंचकर सांत्वना दी। उन्होंने एसपी से पूरे मामले की जानकारी ली और किसी निर्दोष के न बच पाने के निर्देश दिए। विधायक और राज्य मंत्री ने कोतवाली पहुंचकर हवालात आदि को भी देखा। विधायक पीतमराम, एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार ने मृतकों के घर पहुंचकर सहायता के रूप में 25-25 हजार रुपये के चेक सौंपे।
शुक्रवार को राज्य मंत्री हेमराम वर्मा, विधायक पीतमराम ने दोनों मृतकों के घरों पर पहुंचकर सांत्वना दी। उन्होंने कहा कि घटना की गहनता से जांच कराकर दोषियों को सजा दिलवाई जाएगी। राज्य मंत्री और विधायक ने इसके बाद कोतवाली पहुंचकर उस हवालात को देखा। जिसमें बंद दोनों युवकों की बृहस्पतिवार को हालत बिगड़ी थी। राज्य मंत्री ने कोतवाली पहुंच एसपी एके सिंह ने घटना और अब तक हुई कार्रवाई की जानकारी ली। एसपी ने राज्य मंत्री को बताया कि पूरे प्रकरण की जांच एएसपी को सौंपी गई है। इसके अलावा मजिस्ट्रेटी जांच को डीएम को पत्र लिखा गया है। उन्होंने यह भी बताया कि पीड़ित पक्ष की ओर से मिली तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज करा दी गई है। जांच में जो भी दोषी मिलेंगे उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। उधर, विधायक पीतमराम, एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार सिंह आदि ने मृतकों के घरों पर पहुंचकर मृतकों की विधवाओं को 25-25 हजार रुपये के सहायता के चेक सौंपे। इस दौरान तौफीक खां, मुन्ने मियां अंजाना, नोमान अली वारसी, हाजी लाडले आदि सपा नेता था।
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पोस्टमार्टम के बाद रात करीब एक बजे दोनों युवकों के शव घर पहुंचते ही परिवारों में कोहराम मच गया। शुक्रवार सुबह दोनों युवकों के शव दफनाते समय कहीं आक्रोशित लोग बवाल न कर दें, इसे लेकर पूरी रात पुलिस प्रशासन के अफसर कुछ लोगों को मध्यस्थ बनाकर परिवार वालों को समझाने बुझाने में लगे रहे। डीएम और एसपी की रिपोर्ट पर जिले के अलावा, शाहजहांपुर और बरेली से भी पुलिस, पीएसी, आरआरएफ आदि को बृहस्पतिवार की शाम ही बुला लिया गया था। नगर के प्रमुख चौराहों के अलावा मोहल्ला रजागंज देहात में कई स्थानों पर सुरक्षाकर्मी तैनात रहे। शुक्रवार को सुबह होते ही किसी तरह से शवों को दफना दिया गया। एक युवक के शव को सुपुर्दे खाक करने का मन उसके परिवार वालों ने शुक्रवार की नमाज के बाद का बनाया था, लेकिन लोगों के प्रयास से दोनों युवकों को शुक्रवार की नमाज से पहले ही दफना दिया गया। युवकों के अंतिम संस्कार के बाद पुलिस प्रशासन ने राहत की सांस ली। इसके चलते ही शुक्रवार को अपरान्ह बाद हालात सामान्य होते चले गए।
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सुरक्षा को सीएचसी में तैनात रही पुलिस, पीएसी
पूरनपुर। सीएचसी से शकील और सद्दाम को गंभीर हालत में होना बताकर रेफर किया जाना लोगों के गले नहीं उतर रहा है। इसको लेकर लोगों मेें आक्रोश है। बृहस्पतिवार को आक्रोशित लोग कहीं सीएचसी पहुंचकर हंगामा न कर दें, इसे लेकर सीएचसी गेट पर पुलिस, पीएसी तैनात रही थी। शुक्रवार को भी सीएचसी में पुलिस, पीएसी तैनात रही।
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सपा की पांच सदस्यीय टीम करेगी प्रकरण की जांच
क्रासर...
जांच रिपोर्ट भेजी जाएगी सीएम को
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। पुलिस कस्टडी में युवकों की मौत का राज जानने को सपा की एक पांच सदस्ययी टीम भी जुटेगी। टीम की जांच में जो भी दोषी पाएं जाएंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी। टीम की रिपोर्ट मुख्यमंत्री को सौंपी जाएगी। साथ ही मुख्यमंत्री से मिलकर पीड़ित परिवारों को मुख्यमंत्री राहत कोष से सहायता दिलवाने का प्रयास होगा।
सपा जिलाध्यक्ष आनंद सिंह यादव ने बताया कि घटना को लेकर सपा के जिला उपाध्यक्ष मोहन सिंह और असर अहमद अंसारी के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम का गठन किया गया है। टीम में महामंत्री, कोषाध्यक्ष, विधानसभा अध्यक्ष शामिल है। टीम पूरे प्रकरण की गहनता से जांच करेगी। जांच में जो भी दोषी पाएं जाएंगे चाहे कितने बड़े अफसर न हो को छोड़ा नहीं जाएगा। जांच रिपोर्ट मुख्यमंत्री से मिलकर उनको सौंपी जाएगी। साथ ही मुख्यमंत्री से दोनों मृतकों के परिवार वालों को मुख्यमंत्री राहत कोष से सहायता देने की मांग मुख्यमंत्री से की जाएगी।
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तब क्या एंबुलेंस में पहुंचकर हालत हो गई थी सामान्य
क्रासर...
सही से जांच हो तब स्वास्थ्य विभाग के कई कर्मचारियों का फंसना भी तय
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। चिंता जनक हालत में जिला अस्पताल रेफर किए गए दोनों युवकों की तब क्या एंबुलेंस मेें पहुंचने पर हालात सामान्य हो गई थी। अगर सीएचसी से रेफर करने को तैयार की गई रिपोर्ट, एंबुलेंस की रिपोर्ट और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का मिलान कर गहनता से कर जांच की जाए। तब स्वास्थ्य विभाग के भी कई अफसरों और कर्मचारियों का फंसना तय होना माना जा रहा है।
बृहस्पतिवार को शकील और सद्दाम को कोतवाली की हवालात से निकालकर साढ़े नौ बजे सीएचसी लाया गया था। सीएचसी से कथित तौर पर युवकों के गंभीर होना बताकर पौने दस बजे जिला अस्पताल को रेफर कर दिया गया। सीएचसी के अधीक्षक डॉ. रविंद्र सिंह का कहना है कि दोनों युवकों की हालत गंभीर थी। ब्लैड प्रेशर कम था। पल्स नहीं मिल रही थी। दोनों को इंजेक्शन लगाने के साथ ऑक्सीजन भी लगाई गई थी। उन्होंने बताया कि युवकों के जहरीला पदार्थ सेवन करने की आशंका लग रही थी। गंभीर हालत में दोनों युवकों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया था। एंबुलेंस से जब दोनों युवकों को जिला अस्पताल ले जाया गया। तब एंबुलेंस कालबुक में दोनों युवकों की धड़कन, ब्लैड प्रेशर, तापमान, आक्सीन, पल्स, पुतली, सांसे सब सामान्य दर्शाई गई। ऐसे में सीएचसी से गंभीर हालत में रेफर किए गए दोनों युवकों का स्वास्थ्य एंबुलेंस में पहुंचते ही तब क्या सामान्य हो गया था? इसके बाद जिला अस्पताल पहुंचते ही दोनों युवकों को मृत घोषित कर दिया गया। ऐसे मेें पूरा मामला लोगों में चर्चा का विषय बना हुआ है। उधर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत के समय, मौत के कारण आदि का मिलान कर अगर गंभीरता से पूरे मामले की जांच हो। तब स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों का फंसना भी तय माना जा रहा है।
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राज्यमंत्री पहुंचे मृतकों के घर, बंधाया ढ़ांढस
क्रासर...
एसपी से निर्दोष के न बच पाने के दिए निर्देश
01 पीबीटीपी 11, 12
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। राज्य मंत्री हेमराज वर्मा ने सपा जिला उपाध्यक्ष नरेंद्र मिश्र कट्टर के साथ दोनों मृतक युवकों के घर पहुंचकर सांत्वना दी। उन्होंने एसपी से पूरे मामले की जानकारी ली और किसी निर्दोष के न बच पाने के निर्देश दिए। विधायक और राज्य मंत्री ने कोतवाली पहुंचकर हवालात आदि को भी देखा। विधायक पीतमराम, एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार ने मृतकों के घर पहुंचकर सहायता के रूप में 25-25 हजार रुपये के चेक सौंपे।
शुक्रवार को राज्य मंत्री हेमराम वर्मा, विधायक पीतमराम ने दोनों मृतकों के घरों पर पहुंचकर सांत्वना दी। उन्होंने कहा कि घटना की गहनता से जांच कराकर दोषियों को सजा दिलवाई जाएगी। राज्य मंत्री और विधायक ने इसके बाद कोतवाली पहुंचकर उस हवालात को देखा। जिसमें बंद दोनों युवकों की बृहस्पतिवार को हालत बिगड़ी थी। राज्य मंत्री ने कोतवाली पहुंच एसपी एके सिंह ने घटना और अब तक हुई कार्रवाई की जानकारी ली। एसपी ने राज्य मंत्री को बताया कि पूरे प्रकरण की जांच एएसपी को सौंपी गई है। इसके अलावा मजिस्ट्रेटी जांच को डीएम को पत्र लिखा गया है। उन्होंने यह भी बताया कि पीड़ित पक्ष की ओर से मिली तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज करा दी गई है। जांच में जो भी दोषी मिलेंगे उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। उधर, विधायक पीतमराम, एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार सिंह आदि ने मृतकों के घरों पर पहुंचकर मृतकों की विधवाओं को 25-25 हजार रुपये के सहायता के चेक सौंपे। इस दौरान तौफीक खां, मुन्ने मियां अंजाना, नोमान अली वारसी, हाजी लाडले आदि सपा नेता था।
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