फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   Horse Carriage driver shot Dead, sensation

तांगा चालक की गोली  मारकर हत्या, सनसनी

Sat, 25 Jun 2016 11:03 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पीलीभीत
ब्यूरो/अमर उजाला, पीलीभीत Updated Sat, 25 Jun 2016 11:03 PM IST
विज्ञापन
Horse Carriage driver shot Dead, sensation
परेशान घरवाले। - फोटो : pilibhit, beureu
अज्ञात कारणों के चलते एक तांगा चालक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। युवक का शव कल्यानपुर गांव के पास नगला तिराहे पर पड़ा मिला। उसकी कनपटी पर गोली लगने का निशान मिला है। पुलिस ने अज्ञात पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। 
विज्ञापन

जहानाबाद थाना क्षेत्र के भगवंतपुर बझेड़ा गांव का रहने वाला पैंतालीस वर्षीय रामेश्वर दयाल तांगा चलाता है। शुक्रवार सुबह दस बजे रोज की तरह वह घर से तांगा लेकर निकल गया। दूसरे दिन शनिवार सुबह उसका शव जहानाबाद क्षेत्र में कल्यानपुर गांव के पास नगला तिराहे पर पड़ा मिला। उसकी कनपटी पर गोली लगी हुई थी। गांव के ही एक युवक ने शव पड़ा देख इसकी सूचना घरवालों को दी, जिसके कुछ ही देर में घरवाले मौके पर आ गए। सूचना मिलने पर जहानाबाद एसओ भोला सिंह मौके पर पहुंचे और छानबीन शुरू कर दी। मौका मुआयना करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। किसी तरह की रंजिश से इंकार करते हुए मृतक के पिता कांता प्रसाद ने अज्ञात के खिलाफ हत्या की तहरीर दी है। जिसके आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। 
विज्ञापन


फील्ड यूनिट टीम के साथ पहुंचे एसपी 
हत्या की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में खलबली मच गई। थाना पुलिस से जानकारी मिलते ही सीओ जगत राम जोशी मौके पर पहुंचे। वहीं कुछ ही देर में एसपी मुनिराज जी. ने भी घटनास्थल पर जाकर छानबीन की। घरवालों और पुलिस से मामले की जानकारी जुटाई। इसके बाद फील्ड यूनिट टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाने की कोशिश की।  
विज्ञापन
विज्ञापन


एक किलोमीटर दूर मिला तांगा
शव के पास कहीं भी तांगा न मिलने पर पुलिस ने आसपास के इलाके में तलाश की, जिसके बाद करीब एक किलोमीटर दूर ऐमी रोड पर पुलिया के पास बने एक गढ्ढे में तांगा फंसा हुआ मिल गया। आशंका जताई जा रही है कि गोली की आवाज सुनकर घोड़ा बिदककर दौड़ा होगा और आगे जाकर गढ्ढा पहिये में फंस गया होगा। 

..तो पुलिस की रही लापरवाही 
तांगा चालक की लाश मिलने के बाद एक चर्चा यह भी है कि अगर रात में ही पुलिस सजगता दिखा देती तो शायद घायल हालत में युवक को बरामद किया जा सकता था। बताते हैं कि देर रात करीब एक बजे एक एंबुलेंस इस ओर से गुजर रही थी, जिसमें मौजूद लोगों ने एक युवक को सड़क पर तड़पते और दूसरे को पास में खड़े देख सिपाहियों को सूचना दी थी, लेकिन सिपाही मौके पर गए ही नहीं। हालांकि कोई भी पुलिस के सामने आकर इस बात को कहने को राजी नहीं हो पा रहा है। 

रातभर तलाशते रहे घरवाले 
अमूमन देर शाम तक रामेश्वर दयाल घर पहुंच जाता था। वह पीलीभीत से भगवंतपुर की सवारियां लाता ले जाता था। जिस रास्ते पर उसकी लाश मिली है, यहां से वह कभी कभार ही आता था। अधिकांशत: वह खरूआ के रास्ते गांव पहुंचता था। शुक्रवार देर शाम तक वापस न आने पर घरवाले उसको तलाशने के लिए उसी रास्ते पर निकले थे और लौट गए। 

रंजिश का पता लगाने में जुटी पुलिस 
तांगा चालक के घरवाले किसी तरह की रंजिश से इंकार कर रहे हैं, जिससे हत्या की वजह अभी सामने नहीं आ सकी है। ऐसे में अब पुलिस ग्रामीणों से संपर्क कर रंजिश का पता लगाने में जुट गई है। 

रामेश्वर के परिवार पर गहराया आर्थिक संकट 
रामेश्वर के परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है। किसी से कोई रंजिश भी नहीं। ऐसे में उसकी अचानक गोली मारकर हत्या कर देने की सूचना मिलते ही पूरा परिवार बदहवाश है। घटना उनके लिए किसी पहेली से कम नहीं है। साथ ही कच्ची गृहस्थी पर भी आर्थिक संकट गहरा गया है।
मृतक रामेश्वर अपनी पत्नी रेशमा और पांच बच्चे दुर्गाप्रसाद (10), लज्जा (8), रजनी (6), गुड्डी (4), शेरा (1) के साथ रहता था। परिवार का भरण पोषण सही तरीके से कर सके इसके लिए मेहनत मजदूरी करता था। सीजन में गोंडा भट्टे पर जाकर मजदूरी करता था। अभी हाल ही मेें एक महीना पहले वह घर लौट था, जिसके बाद से तांगा चलाने लगा। अब उसकी मौत के बाद परिवार पर आर्थिक संकट गहरा गया है। 


शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर छानबीन की जा रही है। गांव के लोगों से भी सुराग जुटाए जा रहे है, जल्द घटना का खुलासा किया जाएगा। 
- जगत राम जोशी, सीओ जहानाबाद
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed