फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   लिमिट बनवाने के नाम पर कराए हस्ताक्षर और निकाल लिया लाखों का लोन

लिमिट बनवाने के नाम पर कराए हस्ताक्षर और निकाल लिया लाखों का लोन

Wed, 13 Feb 2019 10:22 PM IST
Prashant Singh Prashant Singh
Updated Wed, 13 Feb 2019 10:22 PM IST
विज्ञापन
लिमिट बनवाने के नाम पर कराए हस्ताक्षर और निकाल लिया लाखों का लोन
पीलीभीत। कृषि कार्य के लिए लिमिट बनवाने बैंक गए किसान से जालसाजों ने कई अभिलेखों पर हस्ताक्षर करा लिए। किसान से उसके और उसकी पत्नी के फोटो भी ले लिए और फिर 15 दिन में बारह साला सर्टिफिकेट मुहैया कराने का भरोसा देकर वापस भेज दिया। इसके बाद उन्हीं अभिलेखों की मदद से बैंक प्रबंधक से सांठगांठ कर लाखों का लोन निकाल लिया। करीब ढाई साल बाद बैंक ने किसान से वसूली के लिए कलीनगर तहसील के लिए आरसी भेजी तो किसान के पास नोटिस पहुंचा, तब उसे इस धोखाधड़ी की जानकारी हुई। दो नोटिस में उस पर मय ब्याज 23.73 लाख रुपया बकाया बताया गया है। एसपी के आदेश पर मामले में तत्कालीन बैंक प्रबंधक समेत तीन आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
विज्ञापन

माधोटांडा थाना क्षेत्र के गांव धरमंगदपुर निवासी किसान प्रीतम सिंह ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि जून, 2016 में वह कृषि कार्य के लिए बैंक से लिमिट बनवाने के लिए सुरभि कॉलोनी निवासी रविंद्र पाल सिंह के पास गए थे। इस दौरान उन्होंने 12 साला सर्टिफिकेट 15 दिन बाद ले जाने की बात कही। उनके और पत्नी के कई कागजात पर हस्ताक्षर करा लिए गए, फोटो भी ले लिए। इंडियन बैंक के तत्कालीन प्रबंधक के अलावा रविंद्र का साथी गजरौला के पौरखास निवासी सतनाम सिंह भी इसमें शामिल था। कुछ दिन चक्कर लगवाने के बाद उनको टरका दिया गया। इसके बाद पीड़ित से लिए गए अभिलेखों के सहारे आरोपियों ने उनकी जमीन और ट्रैक्टर पर लाखों का लोन निकाल लिया। करीब सात दिन पूर्व तहसीलदार कलीनगर की ओर से दो आरसी नोटिस उनको प्राप्त हुए। इनमें एक 12 लाख और दूसरा 11.73 लाख रुपये का है। इसको लेकर जानकारी की गई तो पता लगा कि उनके ट्रैक्टर और जमीन पर बैंक से लोन लिया गया है, जबकि प्रीतम सिंह ने कोई लोन ही नहीं लिया था। तत्कालीन शाखा प्रबंधक की मिलीभगत से आरोपियों ने जालसाजी कर लोन निकाल लिया। प्रीतम ने इसकी शिकायत एसपी से की। इंस्पेक्टर सुनगढ़ी रूम सिंह बघेल ने बताया कि प्रीतम सिंह की ओर से तत्कालीन शाखा प्रबंधक इंडियन बैंक समेत रविंद्र पाल सिंह और सतनाम सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसकी जांच एसआईटी टीम करेगी।
विज्ञापन

 
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed