फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   crime

एसएसबी की महिला सिपाही की मौत का मामला- ससुराल वालों पर दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज

Mon, 16 Sep 2019 01:37 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Mon, 16 Sep 2019 01:37 AM IST
विज्ञापन
crime
पीलीभीत। एसएसबी की महिला सिपाही शिल्पी गौड़ के फंदा लगाकर जान देने के मामले में घटना के करीब एक महीने बाद कानूनी कार्रवाई की गई है। पिता ने दस लाख रुपये की मांग पूरी न होने पर सिपाही शिल्पी की हत्या करने का आरोप लगाते हुए उसके ससुराल वालों के खिलाफ कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसमें शिल्पी के पति समेत पांच लोगों को नामजद किया गया है।
विज्ञापन

मोहल्ला आसफजान निवासी सर्वेश गौड़ ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनकी बेटी शिल्पी एसएसबी में सिपाही थी। उसकी शादी 31 जनवरी 2013 को चिलुआताल (गोरखपुर) के फर्टीलाइजर कॉलोनी निवासी दीप नरायन त्रिपाठी से हुई थी। आरोप है कि शादी के कुछ दिन बाद से ही शिल्पी के ससुराल वालों ने दहेज में दस लाख रुपये की मांग को लेकर प्रताड़ित करना शुरू कर दिया था। प्रताड़ना से तंग आकर कई बार शिल्पी ने अपना ट्रांसफर करा लिया था। इसके बाद से उसकी तैनाती पीलीभीत में एसएसबी के डीआईजी कार्यालय में चल रही थी। यहां वह अपने दो बच्चों के साथ मोहल्ला फैजुल्ला खां में किराए के मकान में रहती थी। उस पर ससुराल वाले दस लाख देने को दबाव बना रहे थे। पति और देवर अक्सर उसके घर आया करते थे। आरोप है कि आठ अगस्त को शिल्पी की हत्या कर दी गई।
विज्ञापन

कोतवाल श्रीकांत द्विवेदी ने बताया कि तहरीर के आधार पर शिल्पी के पति दीप नरायन, ससुर शेष नरायन, सास रंजना त्रिपाठी, ननद दीपिका त्रिपाठी और देवर दिव्य नरायन के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। विवेचना सीओ सिटी धर्म सिंह मार्छाल करेंगे
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed