{"_id":"5dc308e88ebc3e5b75085475","slug":"crime-in-amariya-pilibhit-pilibhit-news-bly3830664175","type":"story","status":"publish","title_hn":"जालसाज ने शिक्षक के दो बैंक खातों से उड़ाए 1.45 लाख रुपये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जालसाज ने शिक्षक के दो बैंक खातों से उड़ाए 1.45 लाख रुपये
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमरिया/पीलीभीत। ऑनलाइन शॉपिंग के चक्कर में एक शिक्षक के दो बैंक खातों से जालसाज ने 1.45 लाख रुपये उड़ा लिए। स्नैपडील पर किया गया लोअर का ऑर्डर कैंसल करने के दौरान उसको ठगी का शिकार बनाया गया। यही नहीं जालसाज ने झांसे में लेने के लिए पहले पीड़ित के खाते में 200 रुपये जमा कर दिए थे। शिकायत मिलने पर अमरिया पुलिस ने साइबर सेल को जांच दी है।
अमरिया थाना क्षेत्र के नवदिया हर्रायपुर गांव निवासी दलविंदर सिंह ने बताया कि वह प्राइवेट शिक्षक हैं। मंगलवार शाम को उन्होंने स्नैपडील पर एक लोअर का आर्डर किया था। इसको कैंसल करने के लिए उन्होंने गूगल पर एक टोल फ्री नंबर तलाश किया। उस पर कॉल करने के बाद उन्होंने ऑर्डर कैंसल कर दिया। इस पर खाते में 200 रुपये वापस आ गए। कुछ देर बाद कॉल आई और जालसाज ने मोबाइल पर भेजे गए यूपीआई नंबर के बारे में जानकारी की। जालसाज के बताए अनुसार एक नंबर पर कॉल करने के बाद पीड़ित के दो बैंक खातों से दस-दस हजार कर 1,45,998 रुपये निकाल लिए गए। मोबाइल पर खाते से रकम निकाले जाने का मेसेज मिलने पर पीड़ित के होश उड़ गए। बुधवार को बैंक जाकर पीड़ित ने जानकारी की। इसके बाद पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
ऑनलाइन शॉपिंग के फेर में पहले भी हो चुकी है ठगी
ऑनलाइन शॉपिंग करने के चक्कर में जालसाजों के चंगुल में फंसकर ठगी का ये कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी कई वारदातें अंजाम दी जा चुकी है। पुलिस लाइन के एक सिपाही से 70 हजार रुपये की ठगी तीन माह पूर्व हुई थी। उसने ओएलएक्स पर एक बुलेट बाइक खरीदने को बताए गए एकाउंट में रुपये जमा कराए थे। इसके बाद न तो बाइक मिली, रुपये और चले गए। इसकी एफआईआर कोतवाली में दर्ज कराई गई थी। शहर के एक प्राइवेट इंटर कॉलेज की छात्रा से भी ऑनलाइन शॉपिंग के दौरान तीन हजार की ठगी हुई थी। दो माह पूर्व छात्रा ने इसकी शिकायत सीओ सिटी से की थी। हालांकि जालसाज तक पहुुंचने में पुलिस को कोई कामयाबी नहीं मिल सकी। इसके अलावा भी आए दिन ठगी के मामले अधिकारियों के कार्यालयों तक पहुंचते रहते हैं।
विज्ञापन
साइबर सेल को मामले की जांच दी गई है। मोबाइल नंबर के आधार पर जालसाज के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। - पुष्कर सिंह, एसओ अमरिया
विज्ञापन
अमरिया थाना क्षेत्र के नवदिया हर्रायपुर गांव निवासी दलविंदर सिंह ने बताया कि वह प्राइवेट शिक्षक हैं। मंगलवार शाम को उन्होंने स्नैपडील पर एक लोअर का आर्डर किया था। इसको कैंसल करने के लिए उन्होंने गूगल पर एक टोल फ्री नंबर तलाश किया। उस पर कॉल करने के बाद उन्होंने ऑर्डर कैंसल कर दिया। इस पर खाते में 200 रुपये वापस आ गए। कुछ देर बाद कॉल आई और जालसाज ने मोबाइल पर भेजे गए यूपीआई नंबर के बारे में जानकारी की। जालसाज के बताए अनुसार एक नंबर पर कॉल करने के बाद पीड़ित के दो बैंक खातों से दस-दस हजार कर 1,45,998 रुपये निकाल लिए गए। मोबाइल पर खाते से रकम निकाले जाने का मेसेज मिलने पर पीड़ित के होश उड़ गए। बुधवार को बैंक जाकर पीड़ित ने जानकारी की। इसके बाद पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन
ऑनलाइन शॉपिंग के फेर में पहले भी हो चुकी है ठगी
ऑनलाइन शॉपिंग करने के चक्कर में जालसाजों के चंगुल में फंसकर ठगी का ये कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी कई वारदातें अंजाम दी जा चुकी है। पुलिस लाइन के एक सिपाही से 70 हजार रुपये की ठगी तीन माह पूर्व हुई थी। उसने ओएलएक्स पर एक बुलेट बाइक खरीदने को बताए गए एकाउंट में रुपये जमा कराए थे। इसके बाद न तो बाइक मिली, रुपये और चले गए। इसकी एफआईआर कोतवाली में दर्ज कराई गई थी। शहर के एक प्राइवेट इंटर कॉलेज की छात्रा से भी ऑनलाइन शॉपिंग के दौरान तीन हजार की ठगी हुई थी। दो माह पूर्व छात्रा ने इसकी शिकायत सीओ सिटी से की थी। हालांकि जालसाज तक पहुुंचने में पुलिस को कोई कामयाबी नहीं मिल सकी। इसके अलावा भी आए दिन ठगी के मामले अधिकारियों के कार्यालयों तक पहुंचते रहते हैं।
विज्ञापन
साइबर सेल को मामले की जांच दी गई है। मोबाइल नंबर के आधार पर जालसाज के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। - पुष्कर सिंह, एसओ अमरिया