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Pilibhit News: राजकीय मेडिकल कॉलेज में कक्षाएं-छात्रावास तैयार, अब बस विद्यार्थियों के आने का इंतजार

Fri, 02 Aug 2024 05:00 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत Published by: बरेली ब्यूरो Updated Fri, 02 Aug 2024 05:00 PM IST
सार

राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) की ओर से पीलीभीत के राजकीय मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की पढ़ाई के लिए 100 सीटों की अनुमति दी है। प्राचार्य ने बताया कि कॉलेज में शैक्षणिक सत्र को लेकर तैयारी पूरी है। काउंसलिंग होते ही विद्यार्थियों का प्रवेश शुरू हो जाएगा। 

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Government Medical College Classes and hostels are ready for mbbs students
राजकीय मेडिकल कॉलेज

विस्तार

पीलीभीत के नवनिर्मित मेडिकल कॉलेज में शैक्षणिक सत्र शुरू करने की मंजूरी के बाद अब एमबीबीएस के छात्र-छात्राओं के आने का इंतजार किया जा रहा है। इसके लिए कॉलेज में कक्षाओं से लेकर छात्रावास तक की व्यवस्थाएं दुरुस्त हैं। आधुनिक ढंग से कक्षाओं को तैयार किया गया है। एक कक्षा में 120 विद्यार्थियों के बैठने की व्यवस्था की गई है। प्राचार्य ने बताया कि काउंसलिंग के बाद विद्यार्थियों का प्रवेश शुरू हो जाएगा। प्रोफेसरों की तैनाती पूर्व में ही हो चुकी है। 

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राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) की ओर से बुधवार को पीलीभीत मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की पढ़ाई के लिए 100 सीटों की अनुमति दी गई है। इस उपलब्धि के मिलने के बाद जनपद के लोगों में हर्ष है। शैक्षणिक सत्र को लेकर पूर्व से ही मेडिकल कॉलेज में व्यवस्थाएं दुरुस्त कर ली गईं थी। मेडिकल कॉलेज में पढ़ाई करने वाले छात्र-छात्राओं के लिए शहर से 10 किमी दूर खाग गांव के पास एकेडमिक भवन बनाया गया है। यहां पर पढ़ाने के साथ रहने, खाने समेत अन्य सभी की व्यवस्थाएं पूरी की जा चुकी हैं। 
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प्राचार्य डॉ. संगीता अनेजा ने बताया कि कॉलेज में शैक्षणिक सत्र को लेकर तैयारी पूरी है। अनुमति मिलने के बाद काउंसलिंग होते ही विद्यार्थियों का प्रवेश शुरू हो जाएगा। उनके रहने के लिए छात्रावास तैयार है। लड़कों के हॉस्टल में 125 कमरे हैं। इनमें 250 विद्यार्थियों तक के ठहरने की व्यवस्था है। छात्राओं के लिए भी हॉस्टल की इसी तरह व्यवस्था है। कक्षाएं भी आधुनिक ढंग से तैयार की गई हैं। एक कक्षा में 120 विद्यार्थी बैठ सकते हैं। ऐसी चार कक्षाएं हैं। स्टाफ और विद्यार्थियों के लिए अलग लाइब्रेरी तैयार की गई है। जिसमें विभिन्न किताबों का संग्रह भी किया गया है। 

 

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कर्मचारियों की कमी दूर करने को निकाला जाएगा टेंडर
प्राचार्य ने बताया कि मेडिकल कॉलेज की सुविधाओं को बेहतर करने के लिए स्टाफ नर्स, लैब टेक्नीशियन आदि की कमी को दूर किया जाएगा। इसके लिए टेंडर निकालकर आवेदन मांगे जाएंगे। जिसके बाद नियमानुसार उन्हें रखा जाएगा।

नर्सिंग का सत्र इस वर्ष से ही होगा शुरू 
नर्सिंग की शैक्षणिक सत्र इस वर्ष से ही शुरू किया जाएगा। इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेज दिया गया है। इस माह से ही नर्सिंग के दाखिले भी शुरू हो जाएंगे। प्रस्ताव में 60 सीटों पर नर्सिंग का सत्र शुरू करने की अनुमति मांगी गई है। 

स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने के लिए पैरामेडिकल कोर्स की पैरवी शुरू 
मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस में प्रवेश की अनुमति मिलने से चिकित्सकों की कमी की समस्या दूर हो जाएगी लेकिन लैब टेक्नीशियन, फिजियोथेरेपिस्ट, रेडियोलॉजिस्ट, पैरामेडिकल स्टाफ की किल्लत बनी रहेगी। इसके लिए अब कॉलेज प्रशासन की ओर से पैरामेडिकल कोर्स शुरू करने के लिए पैरवी शुरू की गई है। प्राचार्य डॉ. संगीता अनेजा का कहना है कि अगले सत्र में पैरामेडिकल कोर्स शुरू करने पर जोर दिया जा रहा है। 

प्राचार्य डॉ. संगीता अनेजा ने बताया कि एमबीबीएस में दाखिले के लिए आने वालों छात्र-छात्राओं के ठहरने की पूरी व्यवस्था है। छात्र और छात्राओं के लिए अलग-अलग हॉस्टल तैयार हैं। जिनमें पूरी व्यवस्थाएं हैं। अब बस काउंसलिंग के बाद छात्र-छात्राओं के आने का इंतजार है। प्रोफेसरों की भी नियुक्ति हो चुकी है।

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