{"_id":"607889dc8ebc3e591d01426f","slug":"chunav-pilibhit-news-bly444041686","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब पंचायत सचिव का नोड्यूज में वसूली का वीडियो वायरल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब पंचायत सचिव का नोड्यूज में वसूली का वीडियो वायरल
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पीलीभीत। नोड्यूज के नाम पर वसूली का एक और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। इसमें अमरिया ब्लॉक पर तैनात एक पंचायत सचिव पर नोड्यूज के नाम पर वसूली के आरोप लगे हैं। पूरे दिन वीडियो चर्चा का विषय बना रहा। मगर जिम्मेदार संज्ञान में न होने की बात कहकर टालते रहे।
पिछले हफ्ते बीसलपुर तहसील में तैनात एक संग्रह लिपिक का नोड्यूज के नाम पर वसूली करने का आरोप लगाते हुए वीडियो वायरल हुआ था। तहसीलदार की जांच रिपोर्ट में आरोप सही पाए जाने पर उसे एक दिन पूर्व डीएम पुलकित खरे ने निलंबित कर दिया था। कार्रवाई के ठीक दूसरे दिन बृहस्पतिवार को अमरिया ब्लॉक पर तैनात एक चर्चित पंचायत सचिव का वीडियो वायरल हो गया। पंद्रह सेकेंड के वीडियो में सचिव रुपये लेता दिखाई दे रहा है।
वीडियो वायरल करते हुए कहा गया है कि नोड्यूज के नाम पर 500-500 रुपये की वसूली सचिव कर रहा था। कुछ ही देर में वीडियो सोशल मीडिया पर ब्हाट्सएप, फेसबुक पर वायरल होता चला गया, मगर जिम्मेदार इसे लेकर अनभिज्ञता जताते रहे। डीपीआरओ प्रमोद कुमार यादव ने बताया कि उन्हें वायरल वीडियो की कोई जानकारी नहीं है। अब तक उनके सामने वीडियो नहीं आया है। इसकी जानकारी कराई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
पिछले हफ्ते बीसलपुर तहसील में तैनात एक संग्रह लिपिक का नोड्यूज के नाम पर वसूली करने का आरोप लगाते हुए वीडियो वायरल हुआ था। तहसीलदार की जांच रिपोर्ट में आरोप सही पाए जाने पर उसे एक दिन पूर्व डीएम पुलकित खरे ने निलंबित कर दिया था। कार्रवाई के ठीक दूसरे दिन बृहस्पतिवार को अमरिया ब्लॉक पर तैनात एक चर्चित पंचायत सचिव का वीडियो वायरल हो गया। पंद्रह सेकेंड के वीडियो में सचिव रुपये लेता दिखाई दे रहा है।
विज्ञापन
वीडियो वायरल करते हुए कहा गया है कि नोड्यूज के नाम पर 500-500 रुपये की वसूली सचिव कर रहा था। कुछ ही देर में वीडियो सोशल मीडिया पर ब्हाट्सएप, फेसबुक पर वायरल होता चला गया, मगर जिम्मेदार इसे लेकर अनभिज्ञता जताते रहे। डीपीआरओ प्रमोद कुमार यादव ने बताया कि उन्हें वायरल वीडियो की कोई जानकारी नहीं है। अब तक उनके सामने वीडियो नहीं आया है। इसकी जानकारी कराई जाएगी।
विज्ञापन