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बेकाबू होने से कार खाई में पलटी, युवक की मौत
Pilibhit
Updated Wed, 12 Feb 2014 05:44 AM IST
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बिलसंडा। नगर के एक पोल्ट्री फार्म व्यवसायी की कार पलट जाने से उसमें सवार मोहल्ले के ही एक युवक की दर्दनाक मौत हो गई। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
नगर के मेन रोड निवासी नौशाद अहमद का 20 वर्षीय पुत्र दिलशाद अहमद मंगलवार की सुबह करीब दस बजे नगर के जामा मस्जिद मार्ग निवासी पोल्ट्री फार्म व्यवसायी मनोज गुप्ता की कार पर बैठक कर गांव मार रुरिया रोड पर जा रहा था। बताते हैं कि कार व्यवसायी का पुत्र चला रहा था। तेज गति से ड्राइव करने के दौरान अचानक वह नियंत्रण खो बैठा। काबू कर पाता इससे पहले ही कार खाई में जा पलटी, जिससे उसमें सवार दिलशाद कार में ही दब गया, जबकि ड्राइव कर रहा व्यापारी का पुत्र कुनाल अचानक खिड़की खुल जाने से छिटककर दूर जा गिरा। हादसे में कार काफी क्षतिग्रस्त हो गई। उधर ग्रामीणों ने किसी तरह कार के अंदर दबे युवक दिलशाद को बाहर निकाला और 108 पर फोन करके एंबुलेंस बुला ली, जिसके बाद उसे सरकारी अस्पताल ले जाया गया। जहां पर डाक्टर ने मृत घोषित कर दिया। उधर घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। इस घटना से घर में कोहराम मच गया। उधर एसओ सत्येन्द्र यादव ने बताया कि घटना की तहरीर मृतक के परिवार की ओर से अभी नहीं दी गई जिस कारण मामले की रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई। तहरीर मिलते ही कार्रवाही अमल में लाई जाएगी।
नादान की दोस्ती बनी हादसे की वजह
नादान की दोस्ती जी का जंजाल बनी कहावत आज उस समय सच साबित हुई, जब नगर के एक पोल्ट्री फार्म व्यवसायी के 15 वर्षीय पुत्र कुनाल के साथ दिलशाद सफर करने के लिए कार पर जा बैठा। उसे क्या पता था कि वह जिसके साथ बैठ कर जा रहा वह सही ढंग से कार ड्राइव नहीं कर पाता है लेकिन इसके बाद भी वह उसके साथ चला गया। अगर वह साथ न जाता तो शायद आज हुए हादसे में उसकी जान नहीं जाती। लेकिन विधाता को तो कुछ और ही मंजूर था। क्योंकि तीव्रगति से चल रही कार को कुनाल काबू नहीं कर पाया और जिस वक्त कार खाई में गिरी और अचानक ड्राइवर साइड की खिड़की खुल गई और वह छिटककर दूर जा गिरा। दूसरी साइड में बैठा दिलशाद कुछ समझ पाता इससे पहले ही वह हादसे का शिकार हो गया। बता दें कि दिलशाद तीन भाइयों में बड़ा था और पिता के कारोबार में हाथ बटाता था। इस घटना से घर में कोहराम मच गया।
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नगर के मेन रोड निवासी नौशाद अहमद का 20 वर्षीय पुत्र दिलशाद अहमद मंगलवार की सुबह करीब दस बजे नगर के जामा मस्जिद मार्ग निवासी पोल्ट्री फार्म व्यवसायी मनोज गुप्ता की कार पर बैठक कर गांव मार रुरिया रोड पर जा रहा था। बताते हैं कि कार व्यवसायी का पुत्र चला रहा था। तेज गति से ड्राइव करने के दौरान अचानक वह नियंत्रण खो बैठा। काबू कर पाता इससे पहले ही कार खाई में जा पलटी, जिससे उसमें सवार दिलशाद कार में ही दब गया, जबकि ड्राइव कर रहा व्यापारी का पुत्र कुनाल अचानक खिड़की खुल जाने से छिटककर दूर जा गिरा। हादसे में कार काफी क्षतिग्रस्त हो गई। उधर ग्रामीणों ने किसी तरह कार के अंदर दबे युवक दिलशाद को बाहर निकाला और 108 पर फोन करके एंबुलेंस बुला ली, जिसके बाद उसे सरकारी अस्पताल ले जाया गया। जहां पर डाक्टर ने मृत घोषित कर दिया। उधर घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। इस घटना से घर में कोहराम मच गया। उधर एसओ सत्येन्द्र यादव ने बताया कि घटना की तहरीर मृतक के परिवार की ओर से अभी नहीं दी गई जिस कारण मामले की रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई। तहरीर मिलते ही कार्रवाही अमल में लाई जाएगी।
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नादान की दोस्ती बनी हादसे की वजह
नादान की दोस्ती जी का जंजाल बनी कहावत आज उस समय सच साबित हुई, जब नगर के एक पोल्ट्री फार्म व्यवसायी के 15 वर्षीय पुत्र कुनाल के साथ दिलशाद सफर करने के लिए कार पर जा बैठा। उसे क्या पता था कि वह जिसके साथ बैठ कर जा रहा वह सही ढंग से कार ड्राइव नहीं कर पाता है लेकिन इसके बाद भी वह उसके साथ चला गया। अगर वह साथ न जाता तो शायद आज हुए हादसे में उसकी जान नहीं जाती। लेकिन विधाता को तो कुछ और ही मंजूर था। क्योंकि तीव्रगति से चल रही कार को कुनाल काबू नहीं कर पाया और जिस वक्त कार खाई में गिरी और अचानक ड्राइवर साइड की खिड़की खुल गई और वह छिटककर दूर जा गिरा। दूसरी साइड में बैठा दिलशाद कुछ समझ पाता इससे पहले ही वह हादसे का शिकार हो गया। बता दें कि दिलशाद तीन भाइयों में बड़ा था और पिता के कारोबार में हाथ बटाता था। इस घटना से घर में कोहराम मच गया।
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