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जाटों के साथ भेदभाव बर्दाश्त नहीं: अनिल चौधरी
Pilibhit
Updated Tue, 12 Mar 2013 05:32 AM IST
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पीलीभीत। सरकारी नौकरियों में जाटों को आरक्षण देने की मांग को लेकर दिल्ली के जंतरमंतर पर पांच मार्च से शुरू हुए धरना प्रदर्शन के समर्थन में सोमवार को दूसरे दिन भी जिले के जाट समुदाय का धरना जारी रहा।
अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के आह्वान पर शहर के नेहरू पार्क में चल रहे धरना प्रदर्शन को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय सचिव अनिल चौधरी ने कहा कि जाटों के साथ भेदभाव बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जाटों की मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। आजादी के बाद से अभी तक जाटों को शोषण और अन्याय ही मिला है। जिलाध्यक्ष देवेंद्र सिंह टोनी ने कहा कि साल 1993 के बाद मंडल आयोग की सिफारिश लागू होने पर जाट एक ऐसी अकेली जाति है, जिसे किसी राज्य में आरक्षण दिया गया तो किसी में छोड़ दिया गया। वहीं मंडल कमीशन में शामिल सभी जातियों के लिए पूरे देश में एक समान आरक्षण दिया गया है। केंद्र सरकार को पक्षपातपूर्ण रवैय्या छोड़कर जाट बिरादरी को आरक्षण देना ही होगा। धरने में विजय प्रताप सिंह, दिगविजय सिंह, अजित सिंह, देवेंद्र सिंह, परमजीत सिंह रंधावा, रणवीर सिंह, दिलबाग सिंह, अमेंद्र सिंह, राजेंद्र सिंह, मनोहर चौधरी सहित तमाम लोग आदि शामिल रहे।
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अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के आह्वान पर शहर के नेहरू पार्क में चल रहे धरना प्रदर्शन को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय सचिव अनिल चौधरी ने कहा कि जाटों के साथ भेदभाव बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जाटों की मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। आजादी के बाद से अभी तक जाटों को शोषण और अन्याय ही मिला है। जिलाध्यक्ष देवेंद्र सिंह टोनी ने कहा कि साल 1993 के बाद मंडल आयोग की सिफारिश लागू होने पर जाट एक ऐसी अकेली जाति है, जिसे किसी राज्य में आरक्षण दिया गया तो किसी में छोड़ दिया गया। वहीं मंडल कमीशन में शामिल सभी जातियों के लिए पूरे देश में एक समान आरक्षण दिया गया है। केंद्र सरकार को पक्षपातपूर्ण रवैय्या छोड़कर जाट बिरादरी को आरक्षण देना ही होगा। धरने में विजय प्रताप सिंह, दिगविजय सिंह, अजित सिंह, देवेंद्र सिंह, परमजीत सिंह रंधावा, रणवीर सिंह, दिलबाग सिंह, अमेंद्र सिंह, राजेंद्र सिंह, मनोहर चौधरी सहित तमाम लोग आदि शामिल रहे।
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