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एलएच मिल को सर्वाधिक गन्ना
Pilibhit
Updated Sat, 17 Nov 2012 12:00 PM IST
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पीलीभीत। मौजूदा पेराई सत्र में पीलीभीत जिला लोगों को करीब 588 लाख 66 हजार क्विंटल गन्ने से चीनी को ‘मिठास’ देगा। गन्ना क्षेत्रफल के आधार पर विभाग ने गन्ना क्षेत्रफल आवंटित कर दिया है। शुगर प्रोडक्शन में निजी क्षेत्र की पीलीभीत शहर की एलएच चीनी मिल को सबसे ज्यादा गन्ना क्षेत्र आवंटित किया गया है, जबकि बरखेड़ा की बजाज चीनी मिल को दूसरे स्थान पर रखा गया है।
पेराई सत्र शुरू होने वाला है और चीनी मिलों की मशीनों के पहिये घूमने को तैयार हैं। गन्ना विभाग ने जिले की दो सहकारी सहित सभी चारों चीनी मिलों को गन्ने के क्षेत्रफल का आवंटन कर दिया है। गन्ना विभाग ने मानक के तौर पर बीते सत्र में गन्ना पेराई करने और चीनी के उत्पादन के आधार पर नया क्षेत्रफल आवंटित किया गया है, जिसमें एलएच शुगर पीलीभीत को 265.82 लाख क्विंटल, बजाज चीनी मिल बरखेड़ा को 161.63 लाख क्विंटल, सहकारी चीनी मिल बीसलपुर को 79.94 लाख क्विंटल, पूरनपुर सहकारी मिल को 59 लाख क्विंटल तथा बंद हो चुकी मझोला चीनी मिल के 22.27 लाख क्विंटल गन्ने को पीलीभीत और बरखेड़ा मिल को आवंटित कर दिया गया है। इस तरह 588.66 लाख क्विंटल गन्ने के अनुमानित ग्राफ पर चीनी मिलों को आवंटन किया गया है। जिले भर के गन्ना क्षेत्रफल से चीनी का करीब 600 लाख क्विंटल उत्पादन का अनुमान है।
00
मिल गन्ना उत्पादन (लाख क्विंटल)
एलएच पीलीभीत 265.82
बीएचल बरखेड़ा 161.63
बीसलपुर कोऑपरेटिव 79.94
पूरनपुर कोऑपरेटिव 59.00
मझोला चीनी मिल (बंद) 22.27
00
नवंबर के अंत में चालू होगा पेराई
नवंबर के अंत तक सभी चीनी मिलें चालू हो जाएंगी। फिलहाल बरखेड़ा चीनी मिल प्रबंधक ने 21 नवंबर से, एलएच शुगन ने 22 नवंबर से और सहकारी चीनी मिल पूरनपुर तथा बीसलपुर ने 27 नवंबर से पेराई शुरू करने की प्रस्तावित तिथि भेज दी है।
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ओमप्रकाश सिंह यादव, जिला गन्ना अधिकारी
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पेराई सत्र शुरू होने वाला है और चीनी मिलों की मशीनों के पहिये घूमने को तैयार हैं। गन्ना विभाग ने जिले की दो सहकारी सहित सभी चारों चीनी मिलों को गन्ने के क्षेत्रफल का आवंटन कर दिया है। गन्ना विभाग ने मानक के तौर पर बीते सत्र में गन्ना पेराई करने और चीनी के उत्पादन के आधार पर नया क्षेत्रफल आवंटित किया गया है, जिसमें एलएच शुगर पीलीभीत को 265.82 लाख क्विंटल, बजाज चीनी मिल बरखेड़ा को 161.63 लाख क्विंटल, सहकारी चीनी मिल बीसलपुर को 79.94 लाख क्विंटल, पूरनपुर सहकारी मिल को 59 लाख क्विंटल तथा बंद हो चुकी मझोला चीनी मिल के 22.27 लाख क्विंटल गन्ने को पीलीभीत और बरखेड़ा मिल को आवंटित कर दिया गया है। इस तरह 588.66 लाख क्विंटल गन्ने के अनुमानित ग्राफ पर चीनी मिलों को आवंटन किया गया है। जिले भर के गन्ना क्षेत्रफल से चीनी का करीब 600 लाख क्विंटल उत्पादन का अनुमान है।
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मिल गन्ना उत्पादन (लाख क्विंटल)
एलएच पीलीभीत 265.82
बीएचल बरखेड़ा 161.63
बीसलपुर कोऑपरेटिव 79.94
पूरनपुर कोऑपरेटिव 59.00
मझोला चीनी मिल (बंद) 22.27
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नवंबर के अंत में चालू होगा पेराई
नवंबर के अंत तक सभी चीनी मिलें चालू हो जाएंगी। फिलहाल बरखेड़ा चीनी मिल प्रबंधक ने 21 नवंबर से, एलएच शुगन ने 22 नवंबर से और सहकारी चीनी मिल पूरनपुर तथा बीसलपुर ने 27 नवंबर से पेराई शुरू करने की प्रस्तावित तिथि भेज दी है।
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ओमप्रकाश सिंह यादव, जिला गन्ना अधिकारी