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बाढ़ से बचाव के लिए 7.97 करोड़ की परियोजनाओं पर काम शुरू हुआ
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शारदा नदी पर बाढ़ खंड की ओर मंजूर कार्यों के शुभारंभ से पूर्व पूजन करते विधायक व अन्य।
- फोटो : PILIBHIT
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कलीनगर। तहसील क्षेत्र में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों को शारदा नदी के कटान से सुरक्षित रखने के लिए बुधवार को 7.97 करोड़ रुपये की लागत योजना पर काम शुरू हो गया। विधायक बाबूराम पासवान ने पूजा अर्चना कर फावड़ा चला कर शुभारंभ किया।
बाढ़ खंड द्वारा बचाव कार्य कराए जाने हैं। पिछली वर्ष बरसात के अंतिम समय में शारदा नदी में भीषण बाढ़ आई थी। इससे कलीनगर तहसील क्षेत्र में नोमेंस लैंड से लेकर जनपद सीमा तक शारदा नदी ने भारी तबाही मचाई थी। उस समय प्रदेश सरकार के सिंचाई मंत्री ने दौरा कर बरसात के बाद समय से बाढ़ नियंत्रण कार्य की घोषणा की थी, लेकिन लंबा समय बीतने के बाद भी बाढ़ नियंत्रण कार्य शुरू नहीं किए जा सके। ग्रामीणों ने मांग भी शुरू की थी। दरअसल समय से बाढ़ नियंत्रण कार्य शुरू न होने से कार्य की गुणवत्ता की अनदेखी हावी रहती है। इसका खामियाजा बरसात के दौरान ग्रामीणों को भुगतना पड़ता है।
मंगलवार को विधायक ने ढकिया ताल्लुके महाराजपुर क्षेत्र में एक करोड़ 30 लाख रुपये की लागत से बनाई जाने वाली बाढ़ नियंत्रण योजना का विधि विधान के साथ नदी पर पूजा अर्चना कर शुभारंभ किया। अधिशासी अभियंता शैलेश कुमार ने बताया कि ढकिया में ठोकर संख्या 6 से आगे ठोकर संख्या 11 तक जिओ बैग में रेत भरकर ठोकरें बनाई जाएंगी। परकोपाइन भी लगाए जाएंगे। इसके अलावा शारदा नदी ने इंडो नेपाल सीमा के नो मैंस लैंड क्षेत्र में बने मार्जिनल बांध के क्षतिग्रस्त क्षेत्र को मजबूत करने के लिए 6.67 करोड़ रुपये की लागत से बाढ़ नियंत्रण कार्य कराए जाएंगे। ग्रामीणों ने बाढ़ खंड के अभियंताओं पर कार्य में लापरवाही बरतने का आरोप लगाने पर विधायक ने गुणवत्ता बरतने के सख्त निर्देश दिया। इस मौके पर सहायक अभियंता ध्रुव नारायण शुक्ला, दीवान सिंह खोलिया आदि मौजूद रहे।
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बाढ़ खंड द्वारा बचाव कार्य कराए जाने हैं। पिछली वर्ष बरसात के अंतिम समय में शारदा नदी में भीषण बाढ़ आई थी। इससे कलीनगर तहसील क्षेत्र में नोमेंस लैंड से लेकर जनपद सीमा तक शारदा नदी ने भारी तबाही मचाई थी। उस समय प्रदेश सरकार के सिंचाई मंत्री ने दौरा कर बरसात के बाद समय से बाढ़ नियंत्रण कार्य की घोषणा की थी, लेकिन लंबा समय बीतने के बाद भी बाढ़ नियंत्रण कार्य शुरू नहीं किए जा सके। ग्रामीणों ने मांग भी शुरू की थी। दरअसल समय से बाढ़ नियंत्रण कार्य शुरू न होने से कार्य की गुणवत्ता की अनदेखी हावी रहती है। इसका खामियाजा बरसात के दौरान ग्रामीणों को भुगतना पड़ता है।
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मंगलवार को विधायक ने ढकिया ताल्लुके महाराजपुर क्षेत्र में एक करोड़ 30 लाख रुपये की लागत से बनाई जाने वाली बाढ़ नियंत्रण योजना का विधि विधान के साथ नदी पर पूजा अर्चना कर शुभारंभ किया। अधिशासी अभियंता शैलेश कुमार ने बताया कि ढकिया में ठोकर संख्या 6 से आगे ठोकर संख्या 11 तक जिओ बैग में रेत भरकर ठोकरें बनाई जाएंगी। परकोपाइन भी लगाए जाएंगे। इसके अलावा शारदा नदी ने इंडो नेपाल सीमा के नो मैंस लैंड क्षेत्र में बने मार्जिनल बांध के क्षतिग्रस्त क्षेत्र को मजबूत करने के लिए 6.67 करोड़ रुपये की लागत से बाढ़ नियंत्रण कार्य कराए जाएंगे। ग्रामीणों ने बाढ़ खंड के अभियंताओं पर कार्य में लापरवाही बरतने का आरोप लगाने पर विधायक ने गुणवत्ता बरतने के सख्त निर्देश दिया। इस मौके पर सहायक अभियंता ध्रुव नारायण शुक्ला, दीवान सिंह खोलिया आदि मौजूद रहे।
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