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बच्चों में आंत के कीड़ों की रोकथाम जरूरी
Updated Wed, 31 Jan 2018 01:36 AM IST
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खेकड़ा (बागपत)।
राष्ट्रीय कृमि दिवस को लेकर खेकड़ा सीएचसी पर माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों की प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसमें शिक्षकों को कृमि से बच्चों को मुक्ति दिलाने के लिये दवा खिलाने की जानकारी दी गई।
स्वास्थ्य विभाग के तत्वावधान में वर्ष में दो बार कृमि दिवस का आयोजन किया जाता है। दस फरवरी को होने वाले कृमि दिवस को लेकर मंगलवार को खेकड़ा सीएचसी पर माध्यमिक विद्यालयो के शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया। कार्यशाला मे सीएचसी अधीक्षक डा. अरविंद मलिक ने कहा कि बच्चों को कुपोषण से बचाने के लिए आंत के कीड़ों की रोकथाम बेहद जरूरी है। शत प्रतिशत बच्चों को कृमि की दवा खिलानी है। दो वर्ष से लेकर 19 साल तक के सभी छात्र-छात्राओं को पूरी एक गोली का सेवन चबाकर करना है। कहा कि आंत के कीडे़ बच्चे के विकास में बाधक होते हैं और शरीर को पनपने नहीं देते। बच्चा सुस्त रहता है और पढाई में मन नहीं लगता। ऐसे में गोली का सेवन बेहद लाभदायक है। शिक्षकों ने सभी बच्चों को कीडों से बचाव की गोली खिलाने का संकल्प लिया। इस दौरान डा. शाजिया खान, डा. गौरव वर्मा, स्टाफ नर्स संदीप संधु, सुनीता गोयल, उमेश शर्मा, राजबाला देवी, ओमप्रकाश धामा, विपिन नैन, चैनपाल सिंह, जितेन्द्र धामा, विद्यासागर शर्मा, पंकज जोशी, सतेंद्र धामा, रजनीश कुमार आदि मौजूद रहे।
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राष्ट्रीय कृमि दिवस को लेकर खेकड़ा सीएचसी पर माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों की प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसमें शिक्षकों को कृमि से बच्चों को मुक्ति दिलाने के लिये दवा खिलाने की जानकारी दी गई।
स्वास्थ्य विभाग के तत्वावधान में वर्ष में दो बार कृमि दिवस का आयोजन किया जाता है। दस फरवरी को होने वाले कृमि दिवस को लेकर मंगलवार को खेकड़ा सीएचसी पर माध्यमिक विद्यालयो के शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया। कार्यशाला मे सीएचसी अधीक्षक डा. अरविंद मलिक ने कहा कि बच्चों को कुपोषण से बचाने के लिए आंत के कीड़ों की रोकथाम बेहद जरूरी है। शत प्रतिशत बच्चों को कृमि की दवा खिलानी है। दो वर्ष से लेकर 19 साल तक के सभी छात्र-छात्राओं को पूरी एक गोली का सेवन चबाकर करना है। कहा कि आंत के कीडे़ बच्चे के विकास में बाधक होते हैं और शरीर को पनपने नहीं देते। बच्चा सुस्त रहता है और पढाई में मन नहीं लगता। ऐसे में गोली का सेवन बेहद लाभदायक है। शिक्षकों ने सभी बच्चों को कीडों से बचाव की गोली खिलाने का संकल्प लिया। इस दौरान डा. शाजिया खान, डा. गौरव वर्मा, स्टाफ नर्स संदीप संधु, सुनीता गोयल, उमेश शर्मा, राजबाला देवी, ओमप्रकाश धामा, विपिन नैन, चैनपाल सिंह, जितेन्द्र धामा, विद्यासागर शर्मा, पंकज जोशी, सतेंद्र धामा, रजनीश कुमार आदि मौजूद रहे।
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