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हिन्दू नववर्ष विक्रम संवत 2075 भी रविवार से
Updated Sun, 18 Mar 2018 02:08 AM IST
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खेकड़ा (बागपत)
चैत्र नवरात्र और हिंदू नववर्ष विक्रम संवत 2075 की शुरूआत रविवार से एक साथ होगी। इसे लेकर मंदिरों में नवरात्र की तैयारी शुरू हो गई है। दूसरी तरफ कुछ हिंदू संगठनों ने भी नववर्ष का स्वागत करने की तैयारी कर ली है।
सर्वार्थ सिद्धि योग में चैत्र नवरात्र की शुरुआत 18 मार्च से है। साथ ही हिंदू नववर्ष विक्रम संवत 2075 की शुरुआत रविवार को एक साथ होगी। खास बात यह है कि लगातार चौथे साल भी चैत्र नवरात्र आठ दिन के ही होंगे, क्योंकि 25 मार्च को अष्टमी और नवमी तिथि एक साथ आई है। बाबा काले सिंह मंदिर के पुजारी पंडित अनिल गौनियाल ने बताया कि अब की बार वृषभ लगन में कलश स्थापना होगी। कलश स्थापना का श्रेष्ठ मुहूर्त सुबह 9.44 से 11.40 बजे तक है। इसके अलावा सुबह 6.31 बजे से लेकर 7.46 बजे तक शुभ मुहूर्त है। चैत्र नवरात्र को आने में अभी एक दिन बाकी है। नगर क्षेत्र के सभी मंदिरों में नवरात्र की तैयारी पूरी कर ली गई है।
पुजारी अनिल गौनियाल ने बताया चैत्र नवरात्र 18 मार्च से लेकर 25 मार्च तक रहेंगे। इस बार अष्टमी और नवमी पर एक साथ कन्या बिठाई जाएंगी। उन्होंने बताया नवरात्र पर बाबा काले सिंह मंदिर में श्रद्धालु सुबह पांच बजे और शाम को चार बजे अखंड ज्योति के दर्शन कर सकेंगे। उन्होंने बताया पिछले तीन साल भी चैत्र नवरात्र आठ दिन के ही हैं। इससे पहले वर्ष 2015 में 21 से 28 मार्च तक, साल 2016 में 8 से 15 मार्च तक और वर्ष 2017 में 29 मार्च से 5 अप्रैल तक चैत्र नवरात्र थे। उन्होंने बताया पूरे नौ दिन के नवरात्र साल 2014 में 31 मार्च से 8 अप्रैल तक के थे।
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चैत्र नवरात्र और हिंदू नववर्ष विक्रम संवत 2075 की शुरूआत रविवार से एक साथ होगी। इसे लेकर मंदिरों में नवरात्र की तैयारी शुरू हो गई है। दूसरी तरफ कुछ हिंदू संगठनों ने भी नववर्ष का स्वागत करने की तैयारी कर ली है।
सर्वार्थ सिद्धि योग में चैत्र नवरात्र की शुरुआत 18 मार्च से है। साथ ही हिंदू नववर्ष विक्रम संवत 2075 की शुरुआत रविवार को एक साथ होगी। खास बात यह है कि लगातार चौथे साल भी चैत्र नवरात्र आठ दिन के ही होंगे, क्योंकि 25 मार्च को अष्टमी और नवमी तिथि एक साथ आई है। बाबा काले सिंह मंदिर के पुजारी पंडित अनिल गौनियाल ने बताया कि अब की बार वृषभ लगन में कलश स्थापना होगी। कलश स्थापना का श्रेष्ठ मुहूर्त सुबह 9.44 से 11.40 बजे तक है। इसके अलावा सुबह 6.31 बजे से लेकर 7.46 बजे तक शुभ मुहूर्त है। चैत्र नवरात्र को आने में अभी एक दिन बाकी है। नगर क्षेत्र के सभी मंदिरों में नवरात्र की तैयारी पूरी कर ली गई है।
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पुजारी अनिल गौनियाल ने बताया चैत्र नवरात्र 18 मार्च से लेकर 25 मार्च तक रहेंगे। इस बार अष्टमी और नवमी पर एक साथ कन्या बिठाई जाएंगी। उन्होंने बताया नवरात्र पर बाबा काले सिंह मंदिर में श्रद्धालु सुबह पांच बजे और शाम को चार बजे अखंड ज्योति के दर्शन कर सकेंगे। उन्होंने बताया पिछले तीन साल भी चैत्र नवरात्र आठ दिन के ही हैं। इससे पहले वर्ष 2015 में 21 से 28 मार्च तक, साल 2016 में 8 से 15 मार्च तक और वर्ष 2017 में 29 मार्च से 5 अप्रैल तक चैत्र नवरात्र थे। उन्होंने बताया पूरे नौ दिन के नवरात्र साल 2014 में 31 मार्च से 8 अप्रैल तक के थे।
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