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गांव के निकट बाघ ने बछड़े को बनाया निवाला
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न्यूरिया/ पीलीभीत। अमरिया क्षेत्र में प्रवास किए बाघों की रोकथाम के ठोस प्रयास न होने के चलते उनकी लगातार सक्रियता बढ़ रही है। शनिवार रात खेतों में चहलकदमी कर रहा बाघ न्यूरिया क्षेत्र के बनकटी गांव की सीमा में पहुंच गया। यहां गांव के बाहरी तरफ रहने वाले नेमचंद की पशुशाला में बंधे बछड़ा पर बाघ ने हमला कर अपना निवाला बना लिया। मवेशियों की आवाज सुनकर बाहर आए घरवालों ने शोर मचाया तो बाघ खेतों में होकर निकल गया। सूचना के बाद वन विभाग की टीम ने मौका मुआयना कर बाघ के पगचिह्न ट्रेस किए। टाइगर रिजर्व के जंगल से दूर अमरिया तहसील क्षेत्र में कई वर्ष पूर्व से बाघ का कुनबा प्रवास किए है। आधा दर्जन से अधिक गांव की सीमा में बाघ की चहलकदमी देखी जाती रही है। जंगल से बाहर निकलकर खेतों की ओर घूमने वाले मवेशी बाघ का निवाला बन रहे हैं। इसके चलते क्षेत्र के किसानों में काफी दहशत का माहौल है। वहीं बाघों की रोकथाम को लेकर वन विभाग की ओर से किए जा रहे प्रयास मात्र दावों तक सीमित हैं। वन दरोगा विशाल कुमार ने बताया कि बाघ की चहलकदमी को देखते हुए ग्रामीणों को सतर्क किया जा रहा है।
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