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लोगों को जल दोहण रोकने के लिए जागरूक किया
Updated Tue, 22 May 2018 01:16 AM IST
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खेकड़ा (बागपत)।
गृह विज्ञानी डॉ. सरिता जोशी ने आंगनबाड़ियों को पानी की महत्ता के बारे में जानकारी दी और जल दोहन को रोकने के लिए आमजन को जागरूक करने की अपील की।
नगर में स्थित खंड विकास कार्यालय सभागार में सोमवार को कृषि विज्ञान केंद्र की गृह विज्ञान इकाई के तत्वावधान में जल दोहन को लेकर गोष्ठी हुई। इसमें गृह विज्ञानी डॉ. सरिता जोशी ने कहा कि जल हमारे जीवन की मूल आवश्यकताओं में से एक है। जल ही जीवन है। जल के बिना जीवन संभव नहीं है। पृथ्वी में चौथाई हिस्सा जल है, परंतु स्वच्छ पानी की उपलब्धता कम है। स्वच्छ जल के अभाव में पानी से फैलने वाली बीमारियों के पनपने का खतरा बढ़ जाता है। दूषित जल के सेवन से हैजा, टीबी, टायफाइड आदि बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। जितना हो सके पानी को उबालकर पीना चाहिए। संक्रमित पानी पीने से हैजा से ग्रसित होने पर बच्चों को मौत का शिकार होना पड़ता है। इसलिए सभी को दूषित पानी पीने से बचना चाहिए। साथ ही सभी को मिलकर जल दोहन के प्रति लोगों को जागरूक कर जल को बचाना होगा। इस दौरान डॉ. सुरेंद्र कुमार, आंगनबाड़ी सुनीता, रेखा, मीना, गुड्डी, पुष्पा, गीता, पूनम, बबीता, उर्मिला, वेदवती, शशिकांत, निर्मला, कुसुम, अंजना आदि मौजूद रहे।
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गृह विज्ञानी डॉ. सरिता जोशी ने आंगनबाड़ियों को पानी की महत्ता के बारे में जानकारी दी और जल दोहन को रोकने के लिए आमजन को जागरूक करने की अपील की।
नगर में स्थित खंड विकास कार्यालय सभागार में सोमवार को कृषि विज्ञान केंद्र की गृह विज्ञान इकाई के तत्वावधान में जल दोहन को लेकर गोष्ठी हुई। इसमें गृह विज्ञानी डॉ. सरिता जोशी ने कहा कि जल हमारे जीवन की मूल आवश्यकताओं में से एक है। जल ही जीवन है। जल के बिना जीवन संभव नहीं है। पृथ्वी में चौथाई हिस्सा जल है, परंतु स्वच्छ पानी की उपलब्धता कम है। स्वच्छ जल के अभाव में पानी से फैलने वाली बीमारियों के पनपने का खतरा बढ़ जाता है। दूषित जल के सेवन से हैजा, टीबी, टायफाइड आदि बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। जितना हो सके पानी को उबालकर पीना चाहिए। संक्रमित पानी पीने से हैजा से ग्रसित होने पर बच्चों को मौत का शिकार होना पड़ता है। इसलिए सभी को दूषित पानी पीने से बचना चाहिए। साथ ही सभी को मिलकर जल दोहन के प्रति लोगों को जागरूक कर जल को बचाना होगा। इस दौरान डॉ. सुरेंद्र कुमार, आंगनबाड़ी सुनीता, रेखा, मीना, गुड्डी, पुष्पा, गीता, पूनम, बबीता, उर्मिला, वेदवती, शशिकांत, निर्मला, कुसुम, अंजना आदि मौजूद रहे।