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कोरोना दौर में घर के कामकाज में हाथ बटा रहें युवा

Fri, 30 Apr 2021 12:22 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 30 Apr 2021 12:22 AM IST
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Youth working in the housework in the Corona era
कोरोना दौर में घर के कामकाज में हाथ बटा रहें युवा
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मुजफ्फरनगर। कोरोना की खतरनाक लहर में युवाओं और बच्चों के भविष्य को लेकर अभिभावक चिंतित हैं। हर घर में युवाओं को बिना वजह बाहर नहीं निकलने की परिजनों की हिदायत है। कोरोना की बंदिश में युवक-युवतियां और किशोरियां घरेलू और पुश्तैनी कामकाज में हाथ बंटाना बेहतर मान रहे हैं। ऑनलाइन पढ़ाई से उबाऊ हो चुके युवाओं ने कोर्ट बनाकर बैडमिंटन खेलकर तनाव मुक्ति का बेहतर जरिया बना लिया है। सीबीएसई 12 की परीक्षा की अनिश्चितता से विद्यार्थी असमंजस में है। युवाओं से बातचीत -
- बिरालसी के सचिन को पालीटेक्निक पास आउट हुए दो साल हो गए। उसके बाद कोरोना में सरकारी नौकरी के ऑनलाइन घर से तैयारी कर रहे हैं। वक्त निकालने पर ग्रामीण अंचलों में बेटियों को दिक्कतों को लेकर कहानियां भी लिखते हैं। खेती किसानी से जुडे़ होने के कारण खेत पर हाथ बंटा रहे हैं।
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- पब्लिक स्कूल में कक्षा 12 के छात्र अभिनव परीक्षा की तैयारी कर रहे थे। लेकिन परीक्षा न होने पर अब पापा की मेडिकल की दुकान पर चले जाते हैं और खेतों में घूमकर खेती संबंधी जानकारी जुटाते हैं। वह एग्जाम की अनिश्चितता से बेचैन हैं। - महाबलीपुर निवासी शिवांश त्यागी को इस बार कक्षा 12 की परीक्षा देनी थी। लेकिन कोरोना के कारण ब्रेक लगा, तो नेटवर्किंग समस्या से गांव में पढ़ाई पर ब्रेक लग गया। अब खेती में हाथ बंटाते हैं और खेत जाकर गन्ने ढुलाई कराने में कोई संकोच नहीं करते हैं।
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- छात्रा सविता बिरालसी से हैं। पिछले साल एमए पास किया था। पीजीटी की तैयारी कर रही हैं। घर रहकर पढ़ाई के अलावा पशुपालन में हाथ बंटाती हैं और सिलाई का कार्य भी सीख रही हैं। उनका कहना है महामारी में घर रहकर रोजमर्रा के कार्य सीखने का बेहतर मौका है।
- चरथावल के अर्पित त्यागी बीपीएड की ऑनलाइन पढ़ाई कर रहे हैं। कहते है 15 मिनट की पढ़ाई में कुछ पल्ले नहीं पड़ता। हर वक्त पढ़ाई नहीं की जा सकती है। घर के कार्यों के अलावा कोर्ट में बैडमिंटन खेलकर चुस्त दुरुस्त रहने का प्रयास करते हैं। उनका कहना है कोरोना महामारी का बुरा दौर घरेलू कार्यों के अलावा व्यवहारिक ज्ञान अर्जित करने का बेहतर अवसर है।

- नगला राई के शिक्षक आसिफ की बेटी महक कक्षा 10 की छात्रा है। 10वीं की परीक्षाएं निरस्त कर दी गई है। इन दिनों ऑनलाइन पढ़ाई बंद है। रमजान चल रहे हैं। छात्रा मम्मी के साथ घर पर कुकिंग कार्य सीख रही है। चावल, पकौड़ी, चाऊमीन, दाल आदि बनाना सीख लिया है। छोटी बहन महविश भी किचन में हाथ बंटाती हैं।
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