{"_id":"656ccea45b462c956009e113","slug":"there-will-be-e-auction-of-20-enemy-properties-in-the-district-muzaffarnagar-news-c-29-1-smrt1031-12505-2023-12-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Muzaffarnagar News: मुजफ्फनगर - जिले की 20 शत्रु संपत्तियों की होगी ई-नीलामी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Muzaffarnagar News: मुजफ्फनगर - जिले की 20 शत्रु संपत्तियों की होगी ई-नीलामी
Mon, 04 Dec 2023 12:23 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
Updated Mon, 04 Dec 2023 12:23 AM IST
विज्ञापन
- भारत के शत्रु संपत्ति अभिरक्षक कार्यालय ने कार्रवाई प्रारंभ की
- सीकरी, नंगला बुजुर्ग, संभलहेड़ा, बेहड़ा सादात, रियावली नंगला में हैं ये संपत्तियां
संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फनगर। जिले में शत्रु संपत्तियों को लेकर लंबे समय से विवाद चला आ रहा है। बहुत बड़ी संख्या में लोगों ने इस संपत्ति पर अवैध कब्जा कर रखा है। जनपद में 20 संपत्तियों को चिह्नित कर उनकी ई-नीलामी की प्रक्रिया भारत के शत्रु संपत्ति अभिरक्षक कार्यालय ने शुरू कर दी है। इनमें अधिकतम जमीन जानसठ क्षेत्र की है।
गृह मंत्रालय के शत्रु संपत्ति विभाग ने जिले में 20 अचल शत्रु संपत्ति चिह्नित की हैं। सबसे ज्यादा शत्रु संपत्ति जानसठ के गांव सीकरी में है। सीकरी में 12 स्थानों पर शत्रु संपत्ति चिह्नित हुई है। इसमें सैकड़ों बीघा जमीन शामिल है। इसके अलावा गांव नंगला बुजुर्ग में दो स्थानों पर, संभलहेड़ा में दो स्थानों पर, बेहड़ा सादात में दो स्थानों पर और बुढ़ाना के रियावली नंगला में तीन स्थानों पर खेती की यह जमीन चिह्नित हुई है। शत्रु संपत्ति विभाग ने इन जमीनों की कीमत का आंकलन कर इनकी ई-नीलामी करने की प्रक्रिया प्रारंभ की है। 14 दिसंबर को इन जमीनों की ऑनलाइल बोली होगी, जो अधिक बोली लगाएगा उसको जमीन दी जाएगी। एडीएम वित्त गजेंद्र कुमार का कहना है कि गृह मंत्रालय शत्रु संपत्तियों को सीधे अपनी देख रेख में रखता है। अब विभाग ने ई-नीलामी की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे पहले इन संपत्तियों का मूल्यांकन विभाग ने किया था।
विज्ञापन
- सीकरी, नंगला बुजुर्ग, संभलहेड़ा, बेहड़ा सादात, रियावली नंगला में हैं ये संपत्तियां
संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फनगर। जिले में शत्रु संपत्तियों को लेकर लंबे समय से विवाद चला आ रहा है। बहुत बड़ी संख्या में लोगों ने इस संपत्ति पर अवैध कब्जा कर रखा है। जनपद में 20 संपत्तियों को चिह्नित कर उनकी ई-नीलामी की प्रक्रिया भारत के शत्रु संपत्ति अभिरक्षक कार्यालय ने शुरू कर दी है। इनमें अधिकतम जमीन जानसठ क्षेत्र की है।
गृह मंत्रालय के शत्रु संपत्ति विभाग ने जिले में 20 अचल शत्रु संपत्ति चिह्नित की हैं। सबसे ज्यादा शत्रु संपत्ति जानसठ के गांव सीकरी में है। सीकरी में 12 स्थानों पर शत्रु संपत्ति चिह्नित हुई है। इसमें सैकड़ों बीघा जमीन शामिल है। इसके अलावा गांव नंगला बुजुर्ग में दो स्थानों पर, संभलहेड़ा में दो स्थानों पर, बेहड़ा सादात में दो स्थानों पर और बुढ़ाना के रियावली नंगला में तीन स्थानों पर खेती की यह जमीन चिह्नित हुई है। शत्रु संपत्ति विभाग ने इन जमीनों की कीमत का आंकलन कर इनकी ई-नीलामी करने की प्रक्रिया प्रारंभ की है। 14 दिसंबर को इन जमीनों की ऑनलाइल बोली होगी, जो अधिक बोली लगाएगा उसको जमीन दी जाएगी। एडीएम वित्त गजेंद्र कुमार का कहना है कि गृह मंत्रालय शत्रु संपत्तियों को सीधे अपनी देख रेख में रखता है। अब विभाग ने ई-नीलामी की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे पहले इन संपत्तियों का मूल्यांकन विभाग ने किया था।
विज्ञापन