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लखनऊ से आए अफसरों ने खंगाला घटनास्थल

Wed, 19 Feb 2020 12:39 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 19 Feb 2020 12:39 AM IST
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Sumit massacre of village Kasampur
कासमपुर में तीन वर्ष पूर्व हुई सुमित की हत्या में जांच करते लखनऊ विधि चिकित्सा विभाग के अपर निदेश - फोटो : MUZAFFARNAGAR
लखनऊ से आए अफसरों ने खंगाला घटनास्थल
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छपार (मुजफ्फरनगर)। गांव कासमपुर के सुमित हत्याकांड में लखनऊ से आए विधि विज्ञान विशेषज्ञ और सीओ सदर ने मंगलवार को घटनास्थल पहुंचकर पड़ताल की। करीब तीन साल पूर्व हुई सुमित की हत्या को पुलिस ने आत्महत्या करार दिया था, लेकिन कोर्ट के आदेश पर हुई फोरेंसिक जांच में हत्या की पुष्टि हुई थी।
छपार थाना क्षेत्र के गांव कासमपुर निवासी सुमित पुत्र ऋषिपाल सहारनपुर के रामपुर मनिहारान थाना क्षेत्र के गांव नल्हेड़ा गुर्जर में किसान सेवा सहकारी समिति में आंकिक के पद पर कार्यरत था। किसी मामले में उसे सहकारी समिति बोर्ड ने पद से हटा दिया था, जिसके खिलाफ सुमित ने कोर्ट की शरण ली थी। कोर्ट ने सहकारी समिति को सुमित की बहाली के आदेश दिए थे, लेकिन ड्यूटी पर जाने से दो दिन पूर्व ही उसकी घर से बुलाने के बाद सिर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
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तीन दिन बाद सुमित का शव उसी के खेत में पड़ा मिला था। सुमित के पिता ऋषिपाल ने गांव नल्हेड़ा गुर्जर के प्रधान विरेंद्र सिंह उर्फ पप्पू, समिति के सभापति सिकंदर सिंह, एमडी जसबीर सिंह, संचालक ईश्वरपाल, संजय और विनोद के खिलाफ हत्या के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़ित पिता का आरोप था कि कोर्ट से बहाली के आदेश आने के बाद सुमित से उक्त लोगों ने मारपीट की थी और जान से मारने की धमकी दी गई थी।
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छपार थाना पुलिस ने जांच में मामले को आत्महत्या बताकर एफआर (फाइनल रिपोर्ट) लगा दी थी, जिसके विरोध में ऋषिपाल ने कोर्ट की शरण ली थी। इस पर कोर्ट ने तीन अगस्त 2018 को पुरकाजी थाने को मामले की पुन: विवेचना के आदेश दिए थे। विवेचक इंस्पेक्टर हरशरण शर्मा ने मामले की जांच करते हुए विधि विज्ञान प्रयोगशाला लखनऊ को पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य कागजात भेजे थे। वहां से सुमित की हत्या किए जाने और करीब चार फीट की दूरी से सिर में गोली मारे जाने की पुष्टि हुई।

मंगलवार को विधि विज्ञान प्रयोगशाला लखनऊ के अपर निदेशक डाक्टर गयासुद्दीन खान और विधि विशेषज्ञ दुर्गेश पांडे पुरकाजी थाने पहुंचे, जहां से सीओ सदर कुलदीप सिंह, इंस्पेक्टर पंकज त्यागी और इंस्पेक्टर पवन शर्मा गांव कासमपुर पहुंचे। वहां सुमित की हत्या के घटनास्थल की जांच की। अपर निदेशक ने बताया कि जांच रिपोर्ट पूरी कर स्थानीय अफसरों को दी जाएगी, जिसके बाद आगे कार्रवाई होगी।
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