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महिलाओं को दी मौलिक अधिकारों की जानकारी
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महिलाओं को दी मौलिक अधिकारों की जानकारी
मुजफ्फरनगर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के मखियाली के प्राथमिक विद्यालय में महिलाओं के मौलिक व विधिक अधिकार विषय पर लगे शिविर में लोगों को मौलिक कर्तव्यों व कोविड-19 से बचाव के प्रति जागरूक किया।
प्राधिकरण सचिव सलौनी रस्तोगी ने संविधान में महिलाओं व लड़कियों को प्राप्त अधिकारों की जानकारी दी। बताया कि बालिकाओं के कल्याण के लिए विभिन्न धाराओं के साथ बाल विवाह संरक्षण अधिनियम, घरेलू हिंसा अधिनियम, यौन हिंसा से बच्चों का संरक्षण आदि अधिनियम बनाए गए हैं। बालिकाओं के सशक्तिकरण के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा, आत्मरक्षा, सामाजिक सोच व विचारधारा और सुरक्षित वातावरण आदि पर काम करने की जरूरत है। अपर सिविल जज गगनदीप ने बताया कि संविधान महिलाओं व पुरुषों में कोई भेदभाव नहीं करता। हिंदू उत्तराधिकार अधिनियम में महिलाओं को संपत्ति अधिकार प्राप्त है, लेकिन मिले अधिकारों का महिलाएं इस्तेमाल कर लाभ नहीं उठा पाती। प्राधिकरण साक्षरता अभियान चलाकर महिलाओं को जागरूक कर रहा है। जेजे बोर्ड सदस्य बीना शर्मा नीना त्यागी, मानसी शर्मा, प्रमीला, किरण सिंह, इंद्रेश, ताहिरा और आशिया आदि मौजूद रहे।
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मुजफ्फरनगर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के मखियाली के प्राथमिक विद्यालय में महिलाओं के मौलिक व विधिक अधिकार विषय पर लगे शिविर में लोगों को मौलिक कर्तव्यों व कोविड-19 से बचाव के प्रति जागरूक किया।
प्राधिकरण सचिव सलौनी रस्तोगी ने संविधान में महिलाओं व लड़कियों को प्राप्त अधिकारों की जानकारी दी। बताया कि बालिकाओं के कल्याण के लिए विभिन्न धाराओं के साथ बाल विवाह संरक्षण अधिनियम, घरेलू हिंसा अधिनियम, यौन हिंसा से बच्चों का संरक्षण आदि अधिनियम बनाए गए हैं। बालिकाओं के सशक्तिकरण के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा, आत्मरक्षा, सामाजिक सोच व विचारधारा और सुरक्षित वातावरण आदि पर काम करने की जरूरत है। अपर सिविल जज गगनदीप ने बताया कि संविधान महिलाओं व पुरुषों में कोई भेदभाव नहीं करता। हिंदू उत्तराधिकार अधिनियम में महिलाओं को संपत्ति अधिकार प्राप्त है, लेकिन मिले अधिकारों का महिलाएं इस्तेमाल कर लाभ नहीं उठा पाती। प्राधिकरण साक्षरता अभियान चलाकर महिलाओं को जागरूक कर रहा है। जेजे बोर्ड सदस्य बीना शर्मा नीना त्यागी, मानसी शर्मा, प्रमीला, किरण सिंह, इंद्रेश, ताहिरा और आशिया आदि मौजूद रहे।
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