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Muzaffarnagar News: सेमिनार में बताया नई शिक्षा नीति का महत्व
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- जैन कन्या पाठशाला का किया गया आयोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। शहर के जैन कन्या पाठशाला पीजी कॉलेज में आईक्यूएसी और शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन किया गया।
शिक्षा में स्वायत्तता सत्र का उद्घाटन मां शाकंभरी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर एचएस सिंह और प्रबंध समिति के अध्यक्ष राजेश जैन, संजय जैन, एडवोकेट नीरज जैन, राजेंद्र जैन, विनोद कुमार जैन, प्रवीण जैन, सुगंध जैन, सुधीर जैन द्वारा किया गया। प्रथम सत्र के प्रमुख वक्ता डॉ. दुर्गा प्रसाद अग्रवाल रहे। जिन्होंने आजादी के स्वर्ण महोत्सव और नई शिक्षा नीति के बारे में अपने विचार रखे।
दूसरे वक्ता प्रोफेसर एचएस सिंह रहे। उन्होंने बताया कि शिक्षा भारत में आदिकाल से चले आ रही थी। द्वितीय सत्र के प्रमुख वक्ता डॉ. आशीष मिश्रा ने भारतीय भाषाओं के बारे में अपने विचार व्यक्त किए। दूसरे मुख्य वक्ता प्रोफेसर संजय शर्मा रहे। इस दौरान कॉलेज प्राचार्य सीमा जैन, सन्तोष कुमारी, डॉ. आभा सैनी, डॉ. वन्दना वर्मा, सोनाली सिंह, डॉ. मनीषा अग्रवाल, डॉ. सविता वशिष्ठ और डॉ. वर्चसा मौजूद रहीं।
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मुजफ्फरनगर। शहर के जैन कन्या पाठशाला पीजी कॉलेज में आईक्यूएसी और शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन किया गया।
शिक्षा में स्वायत्तता सत्र का उद्घाटन मां शाकंभरी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर एचएस सिंह और प्रबंध समिति के अध्यक्ष राजेश जैन, संजय जैन, एडवोकेट नीरज जैन, राजेंद्र जैन, विनोद कुमार जैन, प्रवीण जैन, सुगंध जैन, सुधीर जैन द्वारा किया गया। प्रथम सत्र के प्रमुख वक्ता डॉ. दुर्गा प्रसाद अग्रवाल रहे। जिन्होंने आजादी के स्वर्ण महोत्सव और नई शिक्षा नीति के बारे में अपने विचार रखे।
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दूसरे वक्ता प्रोफेसर एचएस सिंह रहे। उन्होंने बताया कि शिक्षा भारत में आदिकाल से चले आ रही थी। द्वितीय सत्र के प्रमुख वक्ता डॉ. आशीष मिश्रा ने भारतीय भाषाओं के बारे में अपने विचार व्यक्त किए। दूसरे मुख्य वक्ता प्रोफेसर संजय शर्मा रहे। इस दौरान कॉलेज प्राचार्य सीमा जैन, सन्तोष कुमारी, डॉ. आभा सैनी, डॉ. वन्दना वर्मा, सोनाली सिंह, डॉ. मनीषा अग्रवाल, डॉ. सविता वशिष्ठ और डॉ. वर्चसा मौजूद रहीं।
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