बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP

हाथ जोड़कर बोली अर्शी, भइया मुझे भी मार दो 

अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर Updated Wed, 24 May 2017 01:05 AM IST
विज्ञापन
दौराला पहुंचे हत्यारोपी।
दौराला पहुंचे हत्यारोपी। - फोटो : अमर उजाला

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

ख़बर सुनें
प्रॉपर्टी व पैसों के लालच में आरोपी शाहिद ने अपने पार्टनर और उसके परिवार की बड़ी बेरहमी से हत्या की। प्रॉपर्टी डीलर मुनव्वर हसन की बेटी आरोपी को भइया कहती थीं। मां और बहन की लाश देखने के बाद मुनव्वर की छोटी बेटी ने हाथ जोड़कर शाहिद से कहा कि भइया आप मुझे भी मार डालो। इसके बाद शाहिद ने बिना झिझके उसे भी गोली मार दी। 
विज्ञापन


पुलिस के अनुसार हत्यारोपी शाहिद को मुनव्वर और उसके परिवार वाले घर का ही सदस्य मानते थे। 20 अप्रैल को शाहिद खान उर्फ बंटी मुनव्वर हसन की पत्नी सोनिया उर्फ इशरत व उसकी दो बेटियों आरजू व अर्शी को सहारनपुर में रिश्तेदारों से मिलवाने की बात कहकर लाया था। सहारनपुर से शाम साढ़े छह बजे वह दिल्ली के लिए फिर से रवाना हो गए। जब वह दौराला के पास पहुंचे तो बंटी ने समौली गांव निवासी अपने साथियों को भी हाईवे पर बुला लिया।


इसके बाद बंटी ने दौराला के पास गाड़ी में सबसे पहले सोनिया उर्फ इशरत को गोली मारी, जिसे देख दोनों बेटियां सन्न रह गईं। इसे बाद उसने बड़ी बेटी आरजू को गोली मारी। अपनी मां व बहन की खून से सनी लाश देखकर छोटी बेटी अर्शी ने बंटी के सामने हाथ जोड़ लिए और कहा कि लो भाई अब मुझे भी गोली मार दो। इस पर भी हैवान बने बंटी का दिल नहीं पसीजा और उसने अर्शी की भी गोली मार दी। इसके बाद उसने तीनों के शवों को लेकर अख्त्यारपुर गांव स्थित काली नदी के किनारे जमीन में गाड़ दिया।

ग्रामीणों ने की हमले की कोशिश, पुलिस ने फटकारी लाठी  
प्रॉपर्टी डीलर की पत्नी और बेटियों के शव बरामद करने के बाद दिल्ली पुलिस आरोपी बंटी और फिरोज वापल ले जाने लगी। इस दौरान वहां मौजूद ग्रामीण भड़क गए और उन्हें बंटी पर हमला करने का प्रयास किया। चारों ओर से मारो मारो की आवाजें आने लगी तो पुलिस के हाथ पांव फूल गए। पुलिस ने आनन-फानन में दोनों आरोपियों को किसी तरह गाड़ी में बैठाकर वहां से भेज दिया। बाद में हंगामा कर रहे ग्रामीणों को पुलिस ने लाठियां फटकारते हुए दौड़ा दिया। 

सुबह से ही जुट गए ग्रामीण
सोमवार शाम को दिल्ली पुलिस की एक टीम अख्त्यारपुर गांव के काली नदी के घाट पर पहुंच गई थी। जिसके बाद से यह घटना क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई थी। सोमवार देर रात तक भी काफी संख्या में लोग मौके पर जमा रहे। मंगलवार सुबह सात बजे से ही अख्त्यारपुर, खेड़ी व समौली के काफी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए थे।

शादी के बाद सोनिया हो गई थी इशरत
मुनव्वर हसन के गांव मझैड़ी (मुजफ्फरनगर) से आए ग्रामीणों ने बताया कि लगभग 25 साल पहले मुनव्वर हसन मुजफ्फरनगर में कुट्टी की मशीन पर काम करता था। इस दौरान उसकी मुलाकात सोनिया से हुई। बाद में  वह उसके  साथ दिल्ली के बुराड़ी में रहने लगा था। जहां उसने सोनिया से शादी कर ली थी। शादी के बाद सोनिया ने अपना नाम बदलकर इशरत रख लिया था। अब परिवार के नाम पर केवल चाचा सलीम हैं। मंझैड़ी गांव निवासी प्रधान शाबिद हसन, फारुख, राशिद, तालिब आदि ने बताया कि मुनव्वर काफी मिलनसार था और आरोपी बंटी को अपने छोटे भाई की तरह मानता था।

शवों के ऊपर डाला था नमक और केवड़ा
शव मिलने के बाद दिल्ली की फोरेंसिक टीम ने जांच कर वहां से नमूने लिए। बताया गया है कि तीनों शव पूरी तरह से गल चुके थे। आरोपियों ने शवों के ऊपर नमक, केवड़ा और झाड़ियां डाली थीं। इसके बाद मिट्टी से भर दिया था। बेटियों ने वारदात के दिन जींस और टॉप पहने थे, जबकि उनकी मां सोनिया ने सूट सलवार पहना हुआ था। पुलिस ने कपड़ों को भी बरामद कर लिया है।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us