{"_id":"5f5681f18ebc3e36b95b1757","slug":"advocates-will-get-financial-assistance-muzaffarnagar-news-mrt5001886176","type":"story","status":"publish","title_hn":"बार काउंसिल ऑअधिवक्ताओं को मिलेगी आर्थिक सहायता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बार काउंसिल ऑअधिवक्ताओं को मिलेगी आर्थिक सहायता
विज्ञापन
बुढ़ाना बार एसोसिएशन की हाउस की बैठक में मौजूद अधिवक्ता।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
अधिवक्ताओं को मिलेगी आर्थिक सहायता
बुढ़ाना। बार एसोसिएशन बुढ़ाना की हाउस की बैठक में बार के अध्यक्ष व सचिव ने बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश द्वारा अधिवक्ताओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कोरोना काल के कारण यह कदम उठाया गया है। अधिवक्ता को आर्थिक सहायता के लिए सीओपी नंबर अनिवार्य है।
तहसील मुख्यालय के मीटिंग हॉल में सोमवार को बार एसोसिएशन बुढ़ाना की हाउस की पहली बैठक का आयोजन हुआ। बैठक में बार के अध्यक्ष सुरेशपाल वर्मा व सचिव ओमपाल मलिक ने बताया कि कोरोना काल में अधिवक्ताओं के पास कार्य न होने के कारण बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश द्वारा अधिवक्ताओं को आर्थिक सहायता देने का निर्णय लिया गया है। मुजफ्फरनगर जनपद के लिए 19 लाख 82 ्हजार की धनराशि भेजी गई है। जनपद में करीब 3500 अधिवक्ता हैं। अध्यक्ष ने बताया कि जिस अधिवक्ता का सीओपी नंबर नही है। वह अधिवक्ता इस धनराशि से वंचित रहेगा। इसके अलावा जिस अधिवक्ता के नाम से चौपहिया वाहन है, तहसील अथवा जिला मुख्यालय पर मकान है, पत्नी सरकारी कर्मचारी है, जो अधिवक्ता इनकम टैक्स जमा करता है उसे भी सुविधा का लाभ नहीं मिलेगा। हाउस की बैठक में अधिवक्ताओं को सीओपी नंबर लेने सहित विभिन्न जानकारी दी गई। कोरोना काल में सभी अधिवक्ताओं को मास्क लगाने, सोशल डिस्टेंस का ध्यान रखने तथा हाथों को सैनिटाइज करते रहने की सलाह दी गई। अध्यक्ष ने कहा कि बार के हर सदस्य की समस्या के लिए वे हर समय तैयार हैं। इस मौके पर हाउस की मीटिंग में सभी अधिवक्ता मौजूद रहे।
धनराशि को कम बताया
बुढ़ाना। हाउस की बैठक में बार एसोसिएशन के सभी पदाधिकारियों व अधिवक्ताओं ने बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश द्वारा भेजी गई धनराशि को बहुत कम बताया। अधिवक्ताओं ने कहा कि बार काउंसिल द्वारा भेजे गए निर्देशों के अनुसार इस धनराशि का लाभ बहुत कम अधिवक्ताओं को मिल सकेगा। अधिवक्ताओं ने आर्थिक सहायता के रूप में मिलने वाली धनराशि बढ़ाने की मांग की।
विज्ञापन
विज्ञापन
बुढ़ाना। बार एसोसिएशन बुढ़ाना की हाउस की बैठक में बार के अध्यक्ष व सचिव ने बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश द्वारा अधिवक्ताओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कोरोना काल के कारण यह कदम उठाया गया है। अधिवक्ता को आर्थिक सहायता के लिए सीओपी नंबर अनिवार्य है।
तहसील मुख्यालय के मीटिंग हॉल में सोमवार को बार एसोसिएशन बुढ़ाना की हाउस की पहली बैठक का आयोजन हुआ। बैठक में बार के अध्यक्ष सुरेशपाल वर्मा व सचिव ओमपाल मलिक ने बताया कि कोरोना काल में अधिवक्ताओं के पास कार्य न होने के कारण बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश द्वारा अधिवक्ताओं को आर्थिक सहायता देने का निर्णय लिया गया है। मुजफ्फरनगर जनपद के लिए 19 लाख 82 ्हजार की धनराशि भेजी गई है। जनपद में करीब 3500 अधिवक्ता हैं। अध्यक्ष ने बताया कि जिस अधिवक्ता का सीओपी नंबर नही है। वह अधिवक्ता इस धनराशि से वंचित रहेगा। इसके अलावा जिस अधिवक्ता के नाम से चौपहिया वाहन है, तहसील अथवा जिला मुख्यालय पर मकान है, पत्नी सरकारी कर्मचारी है, जो अधिवक्ता इनकम टैक्स जमा करता है उसे भी सुविधा का लाभ नहीं मिलेगा। हाउस की बैठक में अधिवक्ताओं को सीओपी नंबर लेने सहित विभिन्न जानकारी दी गई। कोरोना काल में सभी अधिवक्ताओं को मास्क लगाने, सोशल डिस्टेंस का ध्यान रखने तथा हाथों को सैनिटाइज करते रहने की सलाह दी गई। अध्यक्ष ने कहा कि बार के हर सदस्य की समस्या के लिए वे हर समय तैयार हैं। इस मौके पर हाउस की मीटिंग में सभी अधिवक्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन
धनराशि को कम बताया
बुढ़ाना। हाउस की बैठक में बार एसोसिएशन के सभी पदाधिकारियों व अधिवक्ताओं ने बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश द्वारा भेजी गई धनराशि को बहुत कम बताया। अधिवक्ताओं ने कहा कि बार काउंसिल द्वारा भेजे गए निर्देशों के अनुसार इस धनराशि का लाभ बहुत कम अधिवक्ताओं को मिल सकेगा। अधिवक्ताओं ने आर्थिक सहायता के रूप में मिलने वाली धनराशि बढ़ाने की मांग की।
विज्ञापन