{"_id":"5c7c1f18bdec220a742dc17c","slug":"91551638296-muzaffarnagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"एक लाख श्रमिकों को मिलेगी सामाजिक सुरक्षा की छतरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एक लाख श्रमिकों को मिलेगी सामाजिक सुरक्षा की छतरी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुजफ्फरनगर। असंगठित क्षेत्र में काम कर रहे जिले के एक लाख श्रमिकों को पहली बार सामाजिक सुरक्षा की छतरी मिलेगी। इनको केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री श्रम योगी मान-धन योजना का सीधे लाभ मिलेगा। इनमें 18 से 40 वर्ष के 35 हजार वे श्रमिक भी शामिल हैं, जिनका श्रम विभाग में पहले से ही पंजीकरण है। इन श्रमिकों के बीमे का समस्त पैसा प्रदेश सरकार का भवन एवं कर्मकार कल्याण बोर्ड वहन करेगा। 60 साल के बाद इनको सरकार से पेंशन का लाभ मिलेगा।
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय की प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना जिले में असंगठित क्षेत्र में काम कर रहे श्रमिकों के लिए सामाजिक सुरक्षा कवच का काम करेगी। अखबार के हॉकर, रिक्शा चालक, घरों में काम करने वाली महिलाएं, दुकानों पर काम करने वाले श्रमिकों से लेकर 15 हजार प्रतिमाह से कम पगार पाने वाले सभी लोग जिन की आयु 18 से 40 वर्ष के बीच है और जो आयकर रिटर्न नहीं देते हैं, इस योजना की पात्रता में आते हैं। इनमें आंगनबाड़ी, मनरेगा श्रमिक, सभी विभागों के संविदा कर्मी, आशा कार्यकर्ता, होमगार्ड, पीआरडी के जवान आदि शामिल हैं। प्रदेश सरकार ने एक बड़ा ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए श्रम विभाग में पंजीकृत 18 से 40 वर्ष के सभी श्रमिकों को इस योजना में शामिल कर लिया है। इन श्रमिकों को कोई आवेदन करने की आवश्यकता भी नहीं है।
उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड इन श्रमिकों की प्रतिमाह की बीमे की राशि स्वयं वहन करेगा। शासन स्तर से ही इनका डाटा योजना में शामिल करने के लिए सीएससी ई-गवर्नेंस लखनऊ मुख्यालय को भेज दिया गया है। इन सबको इसी माह इनके ब्लाक से ही योजना के कार्ड मिल जाएंगे। जिले में ऐसे श्रमिकों की संख्या 35 हजार है। जनपद में मनरेगा में 30900 श्रमिक पंजीकृत हैं, इनमें से 18 से 40 के बीच के श्रमिकों का चयन किया जा रहा है और आवेदन कराए जा रहे हैं। आंगनबाड़ी 4129 है, इनमें 1252 पात्रता की श्रेणी में हैं, बाकी की आयु अधिक है। 1949 आशा कार्यकर्ता है इनके चयन की प्रक्रिया चल रही है। पीआरडी जवानों में 473 में से 129 ही पात्र है। सहायक श्रमायुक्त डॉ अनिल सिंह ने बताया कि सभी विभागों को पात्रों की सूची भेजने और उनके आवेदन कराने के लिए लिखा गया है। जिले के सभी गांवों में खुले कॉमन सर्विस सेंटर पर योजना में आवेदन हो सकता है। जिले में लगभग एक लाख पात्र सामने आने की संभावना है। पहले से पंजीकृत श्रमिकों को लाभ के लिए निरंतर अपने पंजीयन को आगे बढ़ाते रहना जरूरी है।
विज्ञापन
उम्र के हिसाब से जमा होगा अंशदान
मुजफ्फरनगर। योजना में श्रमिक के बराबर का अंशदान सरकार देगी। 18 साल के श्रमिक का अंशदान 110 रुपये प्रतिमाह होगा। इसमें 55 रुपये श्रमिक और 55 रुपये सरकार देगी। आयु के हिसाब से ही अंशदान निर्धारित किया गया है। 20 वर्ष की आयु के श्रमिक के हिस्से में अंशदान 61 रुपये आएगा। 25 वर्ष की आयु के श्रमिक के हिस्से में 80 रुपये प्रतिमाह, 30 वर्ष का 105, 35 वर्ष का 150 और 40 साल के श्रमिक को 200 रुपये माह का अंशदान जमा करना होगा।
सीधे कर सकते हैं आवेदन
मुजफ्फरनगर। योजना का लाभ उठाने के लिए पात्र व्यक्ति किसी भी जन सुविधा केंद्र से आवेदन कर सकता है। इसके लिए उसके पास आधार कार्ड, बैंक की पास बुक और फोटो होना जरूरी है। उसकी आयु 18 से 40 के बीच हो और वह आयकर दाता न हो। उसकी आय 15 हजार रुपये माह से कम हो।
पांच मार्च को लांच होगी योजना
मुजफ्फरनगर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी योजना को एक साथ पूरे देश में लांच करेंगे। यहां भी जिला पंचायत के सभागार में कार्यक्रम आयोजित होगा, जिसमें चयनित पात्रों को योजना के कार्ड जारी किए जाएंगे।
विज्ञापन
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय की प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना जिले में असंगठित क्षेत्र में काम कर रहे श्रमिकों के लिए सामाजिक सुरक्षा कवच का काम करेगी। अखबार के हॉकर, रिक्शा चालक, घरों में काम करने वाली महिलाएं, दुकानों पर काम करने वाले श्रमिकों से लेकर 15 हजार प्रतिमाह से कम पगार पाने वाले सभी लोग जिन की आयु 18 से 40 वर्ष के बीच है और जो आयकर रिटर्न नहीं देते हैं, इस योजना की पात्रता में आते हैं। इनमें आंगनबाड़ी, मनरेगा श्रमिक, सभी विभागों के संविदा कर्मी, आशा कार्यकर्ता, होमगार्ड, पीआरडी के जवान आदि शामिल हैं। प्रदेश सरकार ने एक बड़ा ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए श्रम विभाग में पंजीकृत 18 से 40 वर्ष के सभी श्रमिकों को इस योजना में शामिल कर लिया है। इन श्रमिकों को कोई आवेदन करने की आवश्यकता भी नहीं है।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड इन श्रमिकों की प्रतिमाह की बीमे की राशि स्वयं वहन करेगा। शासन स्तर से ही इनका डाटा योजना में शामिल करने के लिए सीएससी ई-गवर्नेंस लखनऊ मुख्यालय को भेज दिया गया है। इन सबको इसी माह इनके ब्लाक से ही योजना के कार्ड मिल जाएंगे। जिले में ऐसे श्रमिकों की संख्या 35 हजार है। जनपद में मनरेगा में 30900 श्रमिक पंजीकृत हैं, इनमें से 18 से 40 के बीच के श्रमिकों का चयन किया जा रहा है और आवेदन कराए जा रहे हैं। आंगनबाड़ी 4129 है, इनमें 1252 पात्रता की श्रेणी में हैं, बाकी की आयु अधिक है। 1949 आशा कार्यकर्ता है इनके चयन की प्रक्रिया चल रही है। पीआरडी जवानों में 473 में से 129 ही पात्र है। सहायक श्रमायुक्त डॉ अनिल सिंह ने बताया कि सभी विभागों को पात्रों की सूची भेजने और उनके आवेदन कराने के लिए लिखा गया है। जिले के सभी गांवों में खुले कॉमन सर्विस सेंटर पर योजना में आवेदन हो सकता है। जिले में लगभग एक लाख पात्र सामने आने की संभावना है। पहले से पंजीकृत श्रमिकों को लाभ के लिए निरंतर अपने पंजीयन को आगे बढ़ाते रहना जरूरी है।
विज्ञापन
उम्र के हिसाब से जमा होगा अंशदान
मुजफ्फरनगर। योजना में श्रमिक के बराबर का अंशदान सरकार देगी। 18 साल के श्रमिक का अंशदान 110 रुपये प्रतिमाह होगा। इसमें 55 रुपये श्रमिक और 55 रुपये सरकार देगी। आयु के हिसाब से ही अंशदान निर्धारित किया गया है। 20 वर्ष की आयु के श्रमिक के हिस्से में अंशदान 61 रुपये आएगा। 25 वर्ष की आयु के श्रमिक के हिस्से में 80 रुपये प्रतिमाह, 30 वर्ष का 105, 35 वर्ष का 150 और 40 साल के श्रमिक को 200 रुपये माह का अंशदान जमा करना होगा।
सीधे कर सकते हैं आवेदन
मुजफ्फरनगर। योजना का लाभ उठाने के लिए पात्र व्यक्ति किसी भी जन सुविधा केंद्र से आवेदन कर सकता है। इसके लिए उसके पास आधार कार्ड, बैंक की पास बुक और फोटो होना जरूरी है। उसकी आयु 18 से 40 के बीच हो और वह आयकर दाता न हो। उसकी आय 15 हजार रुपये माह से कम हो।
पांच मार्च को लांच होगी योजना
मुजफ्फरनगर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी योजना को एक साथ पूरे देश में लांच करेंगे। यहां भी जिला पंचायत के सभागार में कार्यक्रम आयोजित होगा, जिसमें चयनित पात्रों को योजना के कार्ड जारी किए जाएंगे।