{"_id":"5c8fe5dbbdec2213f932ed8e","slug":"61552934363-muzaffarnagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"ग्राम प्रधानों ने चुनाव को लेकर मंथन किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ग्राम प्रधानों ने चुनाव को लेकर मंथन किया
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ग्राम प्रधानों ने चुनाव को लेकर मंथन किया
खतौली। क्षेत्र के ग्राम प्रधानों ने बैठक कर लोकसभा चुनाव को लेकर मंथन किया। बिद्दीबाड़ा स्थित पूर्व जिला पंचायत सदस्य इरशाद गुर्जर के प्रतिष्ठान पर आयोजित बैठक में चुनाव को लेकर चर्चा की गई। जुम्मन प्रधान चिंदौड़ा की अध्यक्षता तथा राजीव प्रधान तुलसीपुर के संचालन में हुई बैठक में अशोक प्रधान पलड़ी, नरेश प्रधान, ठाकुर जसबीर, फैजान पहलवान, सोनू ठाकुर, शकील सलमानी, ताहिर सलमानी, भीम गुर्जर, प्रवेज, समद, अलाउददीन, सतीश आदि मौजूद रहे।
गुड़ की आवक कम, बेरोजगारी की समस्या बढ़ी
खतौली। नवीन मंडी स्थल व्यापार समिति अध्यक्ष प्रदीप जैन ने प्रेस नोट जारी कर बताया कि विगत दो माह से मंडी में गुड़ की आवक नहीं होने से लइसेंसधारियों और मजदूरों के साथ बेरोजगारी की समस्या उत्पन्न हो गई है। इसका मुख्य कारण गन्ने का अधिक दाम होना तथा मौसम का भी प्रभाव पड़ रहा है। नतीजतन क्षेत्र के अधिकतर कोल्हू बंद हो चुके हैं। गुड़ की आवक न होने से व्यापारी अन्य व्यापार करने को मंडी से पलायन को तैयार बैठे हैं।
विज्ञापन
खतौली। क्षेत्र के ग्राम प्रधानों ने बैठक कर लोकसभा चुनाव को लेकर मंथन किया। बिद्दीबाड़ा स्थित पूर्व जिला पंचायत सदस्य इरशाद गुर्जर के प्रतिष्ठान पर आयोजित बैठक में चुनाव को लेकर चर्चा की गई। जुम्मन प्रधान चिंदौड़ा की अध्यक्षता तथा राजीव प्रधान तुलसीपुर के संचालन में हुई बैठक में अशोक प्रधान पलड़ी, नरेश प्रधान, ठाकुर जसबीर, फैजान पहलवान, सोनू ठाकुर, शकील सलमानी, ताहिर सलमानी, भीम गुर्जर, प्रवेज, समद, अलाउददीन, सतीश आदि मौजूद रहे।
गुड़ की आवक कम, बेरोजगारी की समस्या बढ़ी
खतौली। नवीन मंडी स्थल व्यापार समिति अध्यक्ष प्रदीप जैन ने प्रेस नोट जारी कर बताया कि विगत दो माह से मंडी में गुड़ की आवक नहीं होने से लइसेंसधारियों और मजदूरों के साथ बेरोजगारी की समस्या उत्पन्न हो गई है। इसका मुख्य कारण गन्ने का अधिक दाम होना तथा मौसम का भी प्रभाव पड़ रहा है। नतीजतन क्षेत्र के अधिकतर कोल्हू बंद हो चुके हैं। गुड़ की आवक न होने से व्यापारी अन्य व्यापार करने को मंडी से पलायन को तैयार बैठे हैं।
विज्ञापन