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गन्ना समिति बोर्ड बैठक में अनर्हता पर विचार विमर्श
Updated Thu, 26 Apr 2018 12:28 AM IST
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खतौली। सहकारी गन्ना समिति की बोर्ड बैठक में ताजपुर सर्किल को अनर्हता पर विचार विमर्श किया गया। इस सर्किल को संचालक पद से रिक्त किए जाने पर सहमति बनी। जिसे बहुमत के साथ प्रोसिडिंग बुक में दर्ज किया गया।
बुधवार सुबह दस बजे गन्ना समिति सभागार में चेयरमैन ओमवीर सिंह की अध्यक्षता में बैठक हुई। जिसमें गत बैठक की पुष्टि के साथ ही ऋषिपाल भाटी की अनर्हता पर नियम 454 के प्रावधान के अंतर्गत विचार किया गया। बहुमत के साथ ताजपुर सर्किल को संचालक पद से रिक्त किया गया। चेयरमैन ने बताया कि उप्र सहकारी समिति अधिनियम 1965 एवं नियमावली 1968 की धारा 29 में संशोधन हो गया है कि लगातार दो बार से अधिक कोई भी किसान सदस्य संचालक नहीं रह सकता। ऋषिपाल लगातार तीसरी बार संचालक चुने गए थे। इस संबंध में डीसीओ, उप गन्ना आयुक्त सहारनपुर तथा गन्ना उपायुक्त लखनऊ को भी लिखित अवगत कराया जाएगा। बैठक में चेयरमैन ओमवीर सिंह, प्रमोद कुमार अन्ना, रामनिवास, प्रवेश लटूरे, प्रशांत कुमार, कंवर सिंह समेत सात सदस्यों ने अपने हस्ताक्षर किए। पूर्व चेयरमैन ऋषिपाल भाटी ने बोर्ड बैठक को नियम विरुद्ध बताते हुए कहा कि बिना समिति सचिव के बोर्ड का कोई औचित्य नहीं है।
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बुधवार सुबह दस बजे गन्ना समिति सभागार में चेयरमैन ओमवीर सिंह की अध्यक्षता में बैठक हुई। जिसमें गत बैठक की पुष्टि के साथ ही ऋषिपाल भाटी की अनर्हता पर नियम 454 के प्रावधान के अंतर्गत विचार किया गया। बहुमत के साथ ताजपुर सर्किल को संचालक पद से रिक्त किया गया। चेयरमैन ने बताया कि उप्र सहकारी समिति अधिनियम 1965 एवं नियमावली 1968 की धारा 29 में संशोधन हो गया है कि लगातार दो बार से अधिक कोई भी किसान सदस्य संचालक नहीं रह सकता। ऋषिपाल लगातार तीसरी बार संचालक चुने गए थे। इस संबंध में डीसीओ, उप गन्ना आयुक्त सहारनपुर तथा गन्ना उपायुक्त लखनऊ को भी लिखित अवगत कराया जाएगा। बैठक में चेयरमैन ओमवीर सिंह, प्रमोद कुमार अन्ना, रामनिवास, प्रवेश लटूरे, प्रशांत कुमार, कंवर सिंह समेत सात सदस्यों ने अपने हस्ताक्षर किए। पूर्व चेयरमैन ऋषिपाल भाटी ने बोर्ड बैठक को नियम विरुद्ध बताते हुए कहा कि बिना समिति सचिव के बोर्ड का कोई औचित्य नहीं है।
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