फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   20 percent sugarcane left in fields

खेतों में 20 प्रतिशत गन्ना बाकी

Tue, 14 Apr 2020 11:09 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 14 Apr 2020 11:09 PM IST
विज्ञापन
20 percent sugarcane left in fields
खेतों में 20 प्रतिशत गन्ना बाकी
विज्ञापन

मुजफ्फरनगर। जिले में खेतों में 20 प्रतिशत गन्ने की फसल अभी भी खड़ी हुई है। गेहूं की कटाई शुरू होते ही गन्ना छिलाई करने वाले मिलना मुश्किल हो जाते हैं। इस कारण किसान के सामने समस्या खड़ी हो गई है। मिलों में प्रतिदिन पांच लाख क्विंटल गन्ने की पेराई हो रही है। 15 मई तक सभी चीनी मिलों के चलने की संभावना है।
गन्ने को लेकर किसान इस समय परेशान है। विभाग ने जो सट्टा जारी किया था, किसानों ने उससे कहीं ज्यादा पैदावार की है। बीते वर्ष के मुकाबले चीनी मिलों में इस बार 10 प्रतिशत अधिक गन्ना जाने का अनुमान है। जिले में इस बार चीनी मिलों में 10 करोड़ क्विंटल गन्ने के जाने का अनुमान है। बीते सत्र में चीनी मिलों में 9 करोड़ 10 लाख क्विंटल गन्ना मिलों में गया था। इस सत्र में अब तक आठ करोड़ 15 लाख क्विंटल गन्ना मिलों में जा चुका है। प्रतिदिन लगभग पांच लाख क्विंटल की पेराई मिलें कर रही हैं। गन्ना विभाग ने इस सत्र में 9 करोड़ 25 लाख क्विंटल का सट्टा जारी किया है। अतिरिक्त गन्ने को लेकर किसान परेशान है। डीसीओ डॉ आरडी द्विवेदी का कहना है कि इस बार 75 लाख से एक करोड़ क्विंटल के बीच अतिरिक्त उत्पादन हो सकता है। 15 मई तक सभी चीनी मिलें चल सकती हैं। कुछ मई के अंत तक भी जा सकती हैं। किसानों के समस्त गन्ने की पेराई होगी।
विज्ञापन

एक सप्ताह में हो जएगा सर्वे
मुजफ्फरनगर। डीसीओ आरडी द्विवेदी का कहना है कि किसानों के पास जो अतिरिक्त गन्ना है इसके सर्वे की प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। एक सप्ताह में यह पूरी हो जाएगी। विभाग के कर्मचारी इसमें लगे हैं। सर्वे होते ही अतिरिक्त गन्ने की पर्ची जारी हो जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed