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शहीद भाईयों के नाम पर दूधली में बनेगा प्रवेश द्वार
Updated Mon, 25 Sep 2017 12:31 AM IST
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शहीद भाइयों के नाम पर दूधली में बनेगा प्रवेश द्वार
चरथावल (मुजफ्फरनगर)।
उधमपुर-कटरा रेल लाइन पर 2004 में श्रीनगर रेल लाइन पर आतंकियों द्वारा रेलवे ट्रैक निर्माण कंपनी के सिविल इंजीनियर दूधली निवासी सुधीर पुंडीर और उसके भाई संदीप का अपहरण कर दोनों की हत्या कर दी थी। रविवार को उनकी समाधि स्थल के सामने गांव के प्रवेश द्वार की आधारशिला रखी गई।
दूधली के बाहरी छोर पर दोनों शहीदों की समाधि 13 साल पहले बना दी गई थी। इसी क्रम में शहीदों की याद में परिजनों ने ग्रामीणों के साथ दोनों शहीद भाइयों के नाम से ऐतिहासिक गांव दूधली के प्रवेश द्वार बनाने का निर्णय लिया। पंडित पंकज शर्मा ने विधिवत पूजा अर्चना के बाद वैदिक मंत्रोच्चरण के साथ हवन कराकर शिलान्यास कराया। पिता रामपाल सिंह ने कहा कि ट्रैक निर्माण समझौते के लिए इंजीनियर बेटे सुधीर को जान गंवानी पड़ी थी, उसे ठेकेदारों ने फायदे का ऑफर दिया गया था। इसी रंजिश में ठेकेदारों ने आतंकियों से कार में दोनों भाइयों को अगवा कर दोनों का कत्ल किया था। तीन साल पूर्व रेल मार्ग के लोकार्पण के बाद उधमपुर-कटरा रेलवे लाइन के बीच बने एक पुल का नामकरण इंजीनियर सुधीर को समर्पित किया गया था। गांव में शहीदों के नाम से प्रवेश द्वार का शिलान्यास कार्यक्रम में पूर्व प्रमुख रणवीर सिंह, संघ नेता उदय सिंह, ब्रजपाल सिंह, प्रेम सिंह, सुभाष राणा, इंद्रपाल सिंह चेयरमैन, देवेंद्र सिंह, मुकेश आर्य, रामभूल बाबा, सुरेंद्र मैनेजर मौजूद रहे।
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चरथावल (मुजफ्फरनगर)।
उधमपुर-कटरा रेल लाइन पर 2004 में श्रीनगर रेल लाइन पर आतंकियों द्वारा रेलवे ट्रैक निर्माण कंपनी के सिविल इंजीनियर दूधली निवासी सुधीर पुंडीर और उसके भाई संदीप का अपहरण कर दोनों की हत्या कर दी थी। रविवार को उनकी समाधि स्थल के सामने गांव के प्रवेश द्वार की आधारशिला रखी गई।
दूधली के बाहरी छोर पर दोनों शहीदों की समाधि 13 साल पहले बना दी गई थी। इसी क्रम में शहीदों की याद में परिजनों ने ग्रामीणों के साथ दोनों शहीद भाइयों के नाम से ऐतिहासिक गांव दूधली के प्रवेश द्वार बनाने का निर्णय लिया। पंडित पंकज शर्मा ने विधिवत पूजा अर्चना के बाद वैदिक मंत्रोच्चरण के साथ हवन कराकर शिलान्यास कराया। पिता रामपाल सिंह ने कहा कि ट्रैक निर्माण समझौते के लिए इंजीनियर बेटे सुधीर को जान गंवानी पड़ी थी, उसे ठेकेदारों ने फायदे का ऑफर दिया गया था। इसी रंजिश में ठेकेदारों ने आतंकियों से कार में दोनों भाइयों को अगवा कर दोनों का कत्ल किया था। तीन साल पूर्व रेल मार्ग के लोकार्पण के बाद उधमपुर-कटरा रेलवे लाइन के बीच बने एक पुल का नामकरण इंजीनियर सुधीर को समर्पित किया गया था। गांव में शहीदों के नाम से प्रवेश द्वार का शिलान्यास कार्यक्रम में पूर्व प्रमुख रणवीर सिंह, संघ नेता उदय सिंह, ब्रजपाल सिंह, प्रेम सिंह, सुभाष राणा, इंद्रपाल सिंह चेयरमैन, देवेंद्र सिंह, मुकेश आर्य, रामभूल बाबा, सुरेंद्र मैनेजर मौजूद रहे।
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