{"_id":"72cff15202fc6024adeb6dd0e8e46b36","slug":"wife-plan-husband-murder-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पत्नी ने ही कराई थी ट्रांसपोर्टर की हत्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पत्नी ने ही कराई थी ट्रांसपोर्टर की हत्या
ब्यूरो/अमर उजाला मुरादाबाद
Updated Sat, 26 Dec 2015 07:08 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीते दिनों हुई ट्रांसपोर्टर नवाब की मौत किसी सड़क हादसे में नहीं हुई थी, बल्कि उसकी हत्या की गई थी। ट्रांसपोर्टर की पत्नी और उसके प्रेमी समेत चार लोगों को गिरफ्तार करके पुलिस ने घटना का खुलासा कर दिया है। ट्रांसपोर्ट हत्या उसकी पत्नी ने ही प्रेमी के साथ मिलकर की थी। हत्यारों ने मर्डर को दुर्घटना की शक्ल देने की कोशिश की थी।
शुक्रवार को एसएसपी केवल खुराना ने बताया कि बीते आठ दिसंबर की रात काशीपुर-जसपुर मार्ग पर बाबा शेर अली की मजार के पास सड़क पर नवाब (42) पुत्र मुहम्मद असलम निवासी मोहल्ला छिपियान जसपुर की खून से लथपथ लाश मिली थी। कुंडा थाने में इस बाबत मुकदमा दर्ज किया गया था।
छानबीन में मोहल्ला छिपियान के रहने वाले सरफराज और मृतक की पत्नी एवं आंगनबाड़ी कार्यकत्री शहाना परवीन की भूमिका संदिग्ध लगी। तहकीकात में पता चला कि दोनों में अवैध संबंध थे। प्रेमिका से मिलने के लिए ही सरफराज ने नवाब से दोस्ती कर ली थी।
विज्ञापन
सरफराज ने शहाना परवीन से अवैध संबंधों में कांटा बने नवाब को हटाने के लिए काशीपुर के प्राइवेट अस्पताल में काम करने वाले खालिद निवासी ग्राम बैजनी थाना टांडा रामपुर और उस्मान निवासी ग्राम रोशनपुर बहेड़ी (मुरादाबाद) से नवाब की हत्या के लिए एक लाख रुपये सुपारी दी थी।
आठ दिसंबर की रात सरफराज नवाब को अपनी कार से काशीपुर लाया और खालिद, उस्मान के पास छोड़कर चला गया। दोनों ने नवाब को शराब पिलाकर नशे का इंजेक्शन लगा दिया। इसके बाद दोनों नवाब को नैनो कार में डालकर जसपुर के लिए रवाना हुए और रास्ते में इंजेक्शन से ब्लड प्रेशर की फुल डोज देकर चलती कार से उसे फेंक दिया। नवाब पर तीन बार कार चढ़ाकर दोनों हत्यारे काशीपुर लौट आए।
विज्ञापन
शुक्रवार को एसएसपी केवल खुराना ने बताया कि बीते आठ दिसंबर की रात काशीपुर-जसपुर मार्ग पर बाबा शेर अली की मजार के पास सड़क पर नवाब (42) पुत्र मुहम्मद असलम निवासी मोहल्ला छिपियान जसपुर की खून से लथपथ लाश मिली थी। कुंडा थाने में इस बाबत मुकदमा दर्ज किया गया था।
विज्ञापन
छानबीन में मोहल्ला छिपियान के रहने वाले सरफराज और मृतक की पत्नी एवं आंगनबाड़ी कार्यकत्री शहाना परवीन की भूमिका संदिग्ध लगी। तहकीकात में पता चला कि दोनों में अवैध संबंध थे। प्रेमिका से मिलने के लिए ही सरफराज ने नवाब से दोस्ती कर ली थी।
विज्ञापन
सरफराज ने शहाना परवीन से अवैध संबंधों में कांटा बने नवाब को हटाने के लिए काशीपुर के प्राइवेट अस्पताल में काम करने वाले खालिद निवासी ग्राम बैजनी थाना टांडा रामपुर और उस्मान निवासी ग्राम रोशनपुर बहेड़ी (मुरादाबाद) से नवाब की हत्या के लिए एक लाख रुपये सुपारी दी थी।
आठ दिसंबर की रात सरफराज नवाब को अपनी कार से काशीपुर लाया और खालिद, उस्मान के पास छोड़कर चला गया। दोनों ने नवाब को शराब पिलाकर नशे का इंजेक्शन लगा दिया। इसके बाद दोनों नवाब को नैनो कार में डालकर जसपुर के लिए रवाना हुए और रास्ते में इंजेक्शन से ब्लड प्रेशर की फुल डोज देकर चलती कार से उसे फेंक दिया। नवाब पर तीन बार कार चढ़ाकर दोनों हत्यारे काशीपुर लौट आए।