UP: 11 मिनट कोर्ट में मौजूद रहीं पूर्व सांसद जयाप्रदा... अटकी रही सांसें, बरी होने के बाद बोलीं- सत्यमेय जयते
आचार संहिता उल्लंघन के एक केस में पूर्व सांसद जयाप्रदा का रामपुर की एक अदालत ने बरी कर दिया है। वह दोपहर बाद कोर्ट में पेश हुई। बरी होने के बाद उन्होंने कहा कि वह कोर्ट का सम्मान करती हैं। उन्होंने कोई गलत काम नहीं किया। कोर्ट का फैसला स्वागत योग्य है।
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रामपुर की पूर्व सांसद जयाप्रदा को कोर्ट ने बड़ी राहत दी है। केमरी थाने में दर्ज आचार संहिता के उल्लंघन के एक मामले में कोर्ट ने पूर्व सांसद को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। पूर्व सांसद जयाप्रदा के खिलाफ 2019 में हुए लोकसभा चुनाव के दौरान केमरी थाने में आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया था।
यह मामला कोर्ट में विचाराधीन था। अभियोजन की ओर से वादी मुकदमा वीडियो अवलोकन टीम के प्रभारी कुलदीप भटनागर समेत पांच गवाहों के बयान दर्ज कराए गए। जबकि पूर्व सांसद जयाप्रदा ने अपने बचाव में तीन गवाहों के बयान दर्ज कराए थे। दोनों पक्षों की बहस एक जुलाई को पूरी हो गई थी।
फैसले के लिए बृहस्पतिवार का दिन तय किया गया था। बृहस्पतिवार को कोर्ट ने दोपहर ढाई बजे अपना फैसला सुनाया। एमपी-एमएलए कोर्ट (मजिस्ट्रेट ट्रायल) शोभित बंसल ने साक्ष्य के अभाव में पूर्व सांसद जयाप्रदा को बरी कर दिया। इससे पहले पूर्व सांसद जयाप्रदा कोर्ट पहुंची,जहां कोर्ट ने उनकी मौजूदगी में फैसला सुनाया।
ये था मामला
2019 के लोकसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रहीं पूर्व सांसद जयाप्रदा के खिलाफ केमरी थाने में वीडियो अवलोकन टीम के प्रभारी कुलदीप भटनागर ने मुकदमा दर्ज कराया था। उनका आरोप था कि उनके द्वारा जनसभा के दौरान सपा नेता आजम खां के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी,जिस पर आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया था।
दोपहर बाद कोर्ट पहुंची जयाप्रदा
पूर्व सांसद जयाप्रदा बृहस्पतिवार को दोपहर करीब 2.20 बजे कोर्ट पहुंचीं,जहां पर वह करीब 11 मिनट तक रहीं। इस दौरान उनके समर्थकों की भीड़ लगी रही। उनके समर्थक कोर्ट परिसर में इंतजार करते रहे। कोर्ट से बरी होने के बाद पूर्व सांसद जयाप्रदा ने मीडिया से बात की।
कहा कि वह कोर्ट का सम्मान करती हैं और आगे भी करती रहेंगी। कहा कि मैं दो बार रामपुर की सांसद रही हूं। रामपुर की जनता के लिए काम किए है। मैंने कोई भी गलत काम नहीं किया। कोर्ट का फैसला स्वागत योग्य है। सत्यमेव जयते।