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Moradabad News: एसईजेड का दोगुना होगा विस्तार, बनेगा कॉरीडोर
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मुरादाबाद। एसईजेड (स्पेशल इकोनामिक जोन) का दोगुना विस्तार किया जाएगा। निवेशकों के लिए इस क्षेत्र को रोड और निर्यातकों की अन्य सुविधाओं से जोड़ा जाएगा। एमडीए ने इस क्षेत्र के विस्तार की योजना बनाई है। साथ ही लाकड़ी फाजलपुर से एसईजेड तक काॅरीडोर बनाया जाएगा।
प्रदेश सरकार ने एसईजेड को विस्तार देने के उद्देश्य से कुंदरकी-डिंगरपुर-रतनपुर कलां-पाकबड़ा मार्ग के साढ़े आठ किमी सड़क निर्माण करने के लिए 15.74 करोड़ को मंजूरी दी है। रतनपुर कलां में ही एसईजेड स्थित है। शासन से रतनपुर कला में स्टेडियम के निर्माण को भी मंजूरी मिली है। मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह ने बताया कि एसईजेड का विस्तार दोगुना किया जाएगा। ताकि निर्यातकों को आकर्षित किया जा सके। यहां निर्यातकों के लिए सड़क, बिजली, पानी सहित अन्य सुविधाएं मुहैया कराई जाएगी। दिल्ली, हरियाणा और पंजाब की तरफ से बड़े कारोबारी यहां आते रहते हैं। इस क्षेत्र में कई कारोबारी होटलों का निर्माण करा रहे है। भविष्य में यह क्षेत्र निर्यातकों का हब बनेगा।
एमडीए लाकड़ी फाजलपुर से एसईजेड तक काॅरीडोर बनाएगा। इस मामले में दो संस्थाओं ने एमडीए अधिकारियों के समक्ष शुक्रवार को अपनी तकनीकी विशेषता को बताते हुए प्रस्तुति दी है। दोनों संस्थाओं ने एमडीए के अधिकारियों को बताया कि काॅरीडोर में किन-किन बातों का ध्यान रखा जाएगा। यहां कुछ नई तकनीकी का भी इस्तेमाल किया जा सकता है। एमडीए उपाध्यक्ष शैलेष कुमार ने बताया कि मास्टर प्लान 2031 के तहत एसईजेड को नगर के इंडस्ट्रियल हब से जोड़ने की योजना है।
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लाकड़ी फाजलपुर से रतनपुर कलां तक 36 मीटर चौड़े रोड का निर्माण कराया जाएगा। रोड के इर्दगिर्द 500-500 मीटर का मेगा एमएसएमई कलस्टर बनाया जाएगा। इस क्षेत्र को व्यावसायिक कारीडोर के रूप में विकसित किया जाएगा। औद्योगिक क्षेत्र को विकसित करने के लिए एमडीए को अभी बेहतरीन तकनीकी विशेषज्ञों की जरूरत है। अभी दो संस्थाओं ने अपनी प्रस्तुति दी है।
अभी अन्य लोगों से विचार विमर्श कर एक सलाहकार समिति का गठन किया जाएगा। समिति काॅरीडोर को नई डिजाइन से बनाने में अपना सुझाव देगी। एमडीए की पहल पर दिल्ली और कांठ रोड को जोड़ने के लिए रोड बनाई गई है। दिल्ली रोड पर भी व्यावसायिक गतिविधियों को संचालित करने के लिए स्थानों का चयन किया जा रहा है। काॅरीडोर की योजना से निर्यातकों के साथ आर्टिजंस को काफी लाभ मिलेगा। साथ ही बाहर से भी निवेश आने की संभावना बनी रहेगी।
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प्रदेश सरकार ने एसईजेड को विस्तार देने के उद्देश्य से कुंदरकी-डिंगरपुर-रतनपुर कलां-पाकबड़ा मार्ग के साढ़े आठ किमी सड़क निर्माण करने के लिए 15.74 करोड़ को मंजूरी दी है। रतनपुर कलां में ही एसईजेड स्थित है। शासन से रतनपुर कला में स्टेडियम के निर्माण को भी मंजूरी मिली है। मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह ने बताया कि एसईजेड का विस्तार दोगुना किया जाएगा। ताकि निर्यातकों को आकर्षित किया जा सके। यहां निर्यातकों के लिए सड़क, बिजली, पानी सहित अन्य सुविधाएं मुहैया कराई जाएगी। दिल्ली, हरियाणा और पंजाब की तरफ से बड़े कारोबारी यहां आते रहते हैं। इस क्षेत्र में कई कारोबारी होटलों का निर्माण करा रहे है। भविष्य में यह क्षेत्र निर्यातकों का हब बनेगा।
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एमडीए लाकड़ी फाजलपुर से एसईजेड तक काॅरीडोर बनाएगा। इस मामले में दो संस्थाओं ने एमडीए अधिकारियों के समक्ष शुक्रवार को अपनी तकनीकी विशेषता को बताते हुए प्रस्तुति दी है। दोनों संस्थाओं ने एमडीए के अधिकारियों को बताया कि काॅरीडोर में किन-किन बातों का ध्यान रखा जाएगा। यहां कुछ नई तकनीकी का भी इस्तेमाल किया जा सकता है। एमडीए उपाध्यक्ष शैलेष कुमार ने बताया कि मास्टर प्लान 2031 के तहत एसईजेड को नगर के इंडस्ट्रियल हब से जोड़ने की योजना है।
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लाकड़ी फाजलपुर से रतनपुर कलां तक 36 मीटर चौड़े रोड का निर्माण कराया जाएगा। रोड के इर्दगिर्द 500-500 मीटर का मेगा एमएसएमई कलस्टर बनाया जाएगा। इस क्षेत्र को व्यावसायिक कारीडोर के रूप में विकसित किया जाएगा। औद्योगिक क्षेत्र को विकसित करने के लिए एमडीए को अभी बेहतरीन तकनीकी विशेषज्ञों की जरूरत है। अभी दो संस्थाओं ने अपनी प्रस्तुति दी है।
अभी अन्य लोगों से विचार विमर्श कर एक सलाहकार समिति का गठन किया जाएगा। समिति काॅरीडोर को नई डिजाइन से बनाने में अपना सुझाव देगी। एमडीए की पहल पर दिल्ली और कांठ रोड को जोड़ने के लिए रोड बनाई गई है। दिल्ली रोड पर भी व्यावसायिक गतिविधियों को संचालित करने के लिए स्थानों का चयन किया जा रहा है। काॅरीडोर की योजना से निर्यातकों के साथ आर्टिजंस को काफी लाभ मिलेगा। साथ ही बाहर से भी निवेश आने की संभावना बनी रहेगी।