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अमरोहा: धर्म परिवर्तन कर निकाह करने का आरोप लगाकर तीन बेटियों के साथ थाने पहुंची पीड़िता
Wed, 20 Jan 2021 09:48 PM IST
प्राची प्रियम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरोहा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरोहा
Published by: प्राची प्रियम
Updated Wed, 20 Jan 2021 09:48 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में चार वर्ष पूर्व मोबाइल पर गलत नंबर लगने पर गैर संप्रदाय के युवक द्वारा अपना गलत नाम बताकर बनारस की एक युवती को प्रेमजाल में फंसाने का मामला सामने आया है।
युवती अपना घर छोड़कर बनारस चली गई। वहां जाकर उसके संप्रदाय के बारे में जानकारी हो सकी। आरोप है कि इस दौरान जबरन धर्म परिवर्तन कराकर निकाह किया गया। उसने तीन पुत्रियों को जन्म दिया लेकिन पुत्र नहीं होने पर ससुराल वालों ने पीटकर उसे घर से निकाल दिया।
थाने पहुंची पीड़िता ने इंस्पेक्टर आरपी शर्मा को तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ धर्म परिवर्तन और दुष्कर्म की धाराओं में कार्रवाई की गुहार लगाई। इस पर पुलिस आरोपी को पकड़कर थाने ले आई।
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देर शाम पुलिस ने युवती के अनुरोध पर बच्चों को दूध पिलाने और सोने के लिए उसे घर भेज दिया जबकि उसका शौहर थाने में ही मौजूद रहा। मंगलवार की दोपहर अपनी तीन मासूम पुत्रियों के संग थाने पहुंची गाजीपुर (बनारस) की युवती ने इंस्पेक्टर आरपी शर्मा को बताया कि वर्ष 2014 में थाना क्षेत्र के गांव कसेरवा निवासी गैर संप्रदाय के युवक ने उसके मोबाइल पर गलती से नंबर लगा दिया।
इसके बाद वह नाम बदलकर उससे बात करता रहा। उसके प्रेम जाल में फंसकर वह अपना घर छोड़कर यहां चली आई। यहां वह नाम बदलकर कई माह उसके साथ रहा और बंधक बनाकर रखा। बाद में धर्म परिवर्तन कराकर उसके साथ निकाह कर लिया। उसने तीन पुत्रियों को भी जन्म दिया।
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युवती अपना घर छोड़कर बनारस चली गई। वहां जाकर उसके संप्रदाय के बारे में जानकारी हो सकी। आरोप है कि इस दौरान जबरन धर्म परिवर्तन कराकर निकाह किया गया। उसने तीन पुत्रियों को जन्म दिया लेकिन पुत्र नहीं होने पर ससुराल वालों ने पीटकर उसे घर से निकाल दिया।
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थाने पहुंची पीड़िता ने इंस्पेक्टर आरपी शर्मा को तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ धर्म परिवर्तन और दुष्कर्म की धाराओं में कार्रवाई की गुहार लगाई। इस पर पुलिस आरोपी को पकड़कर थाने ले आई।
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देर शाम पुलिस ने युवती के अनुरोध पर बच्चों को दूध पिलाने और सोने के लिए उसे घर भेज दिया जबकि उसका शौहर थाने में ही मौजूद रहा। मंगलवार की दोपहर अपनी तीन मासूम पुत्रियों के संग थाने पहुंची गाजीपुर (बनारस) की युवती ने इंस्पेक्टर आरपी शर्मा को बताया कि वर्ष 2014 में थाना क्षेत्र के गांव कसेरवा निवासी गैर संप्रदाय के युवक ने उसके मोबाइल पर गलती से नंबर लगा दिया।
इसके बाद वह नाम बदलकर उससे बात करता रहा। उसके प्रेम जाल में फंसकर वह अपना घर छोड़कर यहां चली आई। यहां वह नाम बदलकर कई माह उसके साथ रहा और बंधक बनाकर रखा। बाद में धर्म परिवर्तन कराकर उसके साथ निकाह कर लिया। उसने तीन पुत्रियों को भी जन्म दिया।
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आरोप लगाया कि पुत्र नहीं होने के कारण उसका उत्पीड़न किया जाता था। पूर्व में भी कई बार मारपीट की गई। वह थाने आई लेकिन हलके के दरोगा ने उसे समझाकर लौटा दिया। पीड़िता ने तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ धर्म परिवर्तन की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की। इस पर पुलिस आरोपी को गांव से उठा लाई। देर शाम इंस्पेक्टर आरपी शर्मा ने बताया कि यदि समझौता नहीं हुआ तो रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
आरोपी के पक्ष में हाईकोर्ट में बयान दे चुकी है युवती
धर्म परिवर्तन कर जबरन निकाह और दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली पीड़िता पूर्व में आरोपी के ही पक्ष में हाईकोर्ट में बयान भी दे चुकी है। मंगलवार को इंस्पेक्टर आरपी शर्मा ने बताया कि वर्ष 2014 में युवती के घर से चले जाने के बाद उसके भाई ने आरोपी के खिलाफ अपनी बहन को बहला फुसलाकर अपहरण कर ले जाने की धाराओं में वहीं एक थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
इस पर वहीं की पुलिस ने जांच भी की। बाद में हाईकोर्ट में पहुंची इसी युवती ने खुद को बालिग बताते हुए अपनी मर्जी से उसके साथ शादी करने का बयान दिया था। इसके बाद मामला खारिज हो गया था।
आरोपी के पक्ष में हाईकोर्ट में बयान दे चुकी है युवती
धर्म परिवर्तन कर जबरन निकाह और दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली पीड़िता पूर्व में आरोपी के ही पक्ष में हाईकोर्ट में बयान भी दे चुकी है। मंगलवार को इंस्पेक्टर आरपी शर्मा ने बताया कि वर्ष 2014 में युवती के घर से चले जाने के बाद उसके भाई ने आरोपी के खिलाफ अपनी बहन को बहला फुसलाकर अपहरण कर ले जाने की धाराओं में वहीं एक थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
इस पर वहीं की पुलिस ने जांच भी की। बाद में हाईकोर्ट में पहुंची इसी युवती ने खुद को बालिग बताते हुए अपनी मर्जी से उसके साथ शादी करने का बयान दिया था। इसके बाद मामला खारिज हो गया था।