{"_id":"6276c6b886f09e220926a17a","slug":"order-for-investigation-against-two-station-in-charges-for-not-registering-murder-case-city-news-mbd427254115","type":"story","status":"publish","title_hn":"हत्या का केस नहीं दर्ज करने पर दो थाना प्रभारियों के खिलाफ जांच के आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हत्या का केस नहीं दर्ज करने पर दो थाना प्रभारियों के खिलाफ जांच के आदेश
विज्ञापन
कैंटर चालक को हाईवे पर लूटने के प्रयास में बदमाशों ने उसकी हत्या कर दी। डिडौली और पाकबड़ा थाने की पुलिस पीड़ित परिवार को घटनास्थल दूसरे थाने का होकर बताते हुए पांच माह तक टरकाती रहीं। पीड़ित परिवार ने आला अधिकारियों से गुहार लगाई तो पांच माह बाद दोनों थानों में केस दर्ज किया गया। पीड़ित को न्याय दिलाने में लापरवाही की जानकारी होने पर डीआईजी ने इस मामले में दोनों थाना प्रभारियों के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं। इसके साथ ही मुरादाबाद के सीओ हाईवे और अमरोहा के सीओ सिटी से स्पष्टीकरण तलब किया है।
रामपुर जनपद के सिविल लाइंस थानाक्षेत्र के नारायणपुर निवासी रोशनलाल ने 23 नवंबर 2021 को डीआईजी शलभ माथुर को एक प्रार्थना पत्र दिया था। जिसमें उसने बताया था कि उसका बेटा जयवीर सिंह कैंटर चालक था। पंद्रह सितंबर 2021 की रात अमरोहा के डिडौली थानाक्षेत्र में जयवीर सिंह से लूट की घटना हुई थी। विरोध करने पर बदमाशों ने लोहे की रॉड से हमलाकर जयवीर को गंभीर रूप से घायल कर दिया था। उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई थी। रोशन लाल ने इस मामले में डिडौली थाने में प्रार्थना पत्र दिया था, लेकिन थाना प्रभारी ने घटना पाकबड़ा क्षेत्र की बताकर उसे वहां से टरका दिया था। इसके बाद पीड़ित पाकबड़ा थाने पहुंचा तो यहां भी थाना प्रभारी ने उसके साथ वैसा ही व्यवहार किया। यहां से भी घटनास्थल डिडौली क्षेत्र में होने का बताकर टरका दिया था। डीआईजी ने 23 नवंबर 2021 को एसपी अमरोहा को जांच कर आख्या देने को कहा था। इस मामले में सीओ सिटी अमरोहा ने जांच की थी। जांच में पाया गया कि घटना के समय रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। घटनास्थल अमरोहा का पाया गया था। जांच रिपोर्ट आने के बाद 17 फरवरी को लूट और हत्या की धाराओं में अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया। इसी मामले में कोर्ट के आदेश पर 17 फरवरी को पाकबड़ा थाने में लूट और गैर इरादन हत्या का केस दर्ज किया गया। एक ही मामले में पहले पांच माह तक पीड़ित टरकाया। फिर दोनों थानों में रिपोर्ट दर्ज की गई। डीआईजी शलभ माथुर ने पाकबड़ा और डिडौली थाने प्रभारियों के खिलाफ जांच के आदेश एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया को दिए हैं। उन्हें सात दिन के अंदर रिपोर्ट डीआईजी को सौंपी होगी। जबकि अमरोहा जनपद के एसपी के माध्यम से सीओ हाईवे और सीओ सिटी अमरोहा का स्पष्टीकरण तलब किया है।
विज्ञापन
रामपुर जनपद के सिविल लाइंस थानाक्षेत्र के नारायणपुर निवासी रोशनलाल ने 23 नवंबर 2021 को डीआईजी शलभ माथुर को एक प्रार्थना पत्र दिया था। जिसमें उसने बताया था कि उसका बेटा जयवीर सिंह कैंटर चालक था। पंद्रह सितंबर 2021 की रात अमरोहा के डिडौली थानाक्षेत्र में जयवीर सिंह से लूट की घटना हुई थी। विरोध करने पर बदमाशों ने लोहे की रॉड से हमलाकर जयवीर को गंभीर रूप से घायल कर दिया था। उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई थी। रोशन लाल ने इस मामले में डिडौली थाने में प्रार्थना पत्र दिया था, लेकिन थाना प्रभारी ने घटना पाकबड़ा क्षेत्र की बताकर उसे वहां से टरका दिया था। इसके बाद पीड़ित पाकबड़ा थाने पहुंचा तो यहां भी थाना प्रभारी ने उसके साथ वैसा ही व्यवहार किया। यहां से भी घटनास्थल डिडौली क्षेत्र में होने का बताकर टरका दिया था। डीआईजी ने 23 नवंबर 2021 को एसपी अमरोहा को जांच कर आख्या देने को कहा था। इस मामले में सीओ सिटी अमरोहा ने जांच की थी। जांच में पाया गया कि घटना के समय रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। घटनास्थल अमरोहा का पाया गया था। जांच रिपोर्ट आने के बाद 17 फरवरी को लूट और हत्या की धाराओं में अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया। इसी मामले में कोर्ट के आदेश पर 17 फरवरी को पाकबड़ा थाने में लूट और गैर इरादन हत्या का केस दर्ज किया गया। एक ही मामले में पहले पांच माह तक पीड़ित टरकाया। फिर दोनों थानों में रिपोर्ट दर्ज की गई। डीआईजी शलभ माथुर ने पाकबड़ा और डिडौली थाने प्रभारियों के खिलाफ जांच के आदेश एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया को दिए हैं। उन्हें सात दिन के अंदर रिपोर्ट डीआईजी को सौंपी होगी। जबकि अमरोहा जनपद के एसपी के माध्यम से सीओ हाईवे और सीओ सिटी अमरोहा का स्पष्टीकरण तलब किया है।
विज्ञापन