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Moradabad News: लखनऊ-मुरादाबाद हाईवे पर पहुंचा कोसी का पानी
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मुरादाबाद। लगातार हुई बारिश के बाद उफनाई कोसी नदी का पानी दिल्ली हाईवे पर पहुंच गया। शनिवार शाम रामपुर और मुरादाबाद के बीच गणेश घाट के पास हाईवे पर डेढ़ फीट पानी बहने लगा। मुरादाबाद जिले के दो लिंक रोड बंद होने से चार गांवों से संपर्क कट गया है। वहीं रामपुर में कोसी के आसपास के करीब दो साै गांव बाढ़ की चपेट में आ गए। प्रभावित क्षेत्रों में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ तैनात कर दी गई है। हालांकि हाईवे पर अभी यातायात जारी है।
बारिश के बीच शुक्रवार रात रामनगर बैराज से कोसी में 56 हजार 561 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसका असर शनिवार सुबह देखने को मिला। कोसी नदी उफना गई। मुरादाबाद और रामपुर जिले में नदी के आसपास के गांवों में पानी भर गया। शाम होते-होते कोसी का पानी लखनऊ-मुरादाबाद हाईवे पर पहुंच गया। रामपुर जिले में पुराना रेलवे फाटक और गणेश घाट चाैकी के पास करीब डेढ़ फीट पानी हाईवे पर बहने लगा। इस बीच जेसीबी से पानी की दिशा को बदलने का प्रयास किया गया। कोसी के आसपास के करीब दो सौ गांवों में पानी भर गया। यहां बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। वहीं सूचना पर गांव बजावाला पहुंची एसडीआरएफ की टीम ने रेस्क्यू कर परिवारों को सुरक्षित बाहर निकाला। जबकि स्वार रोड स्थित धाेबीघाट, हजरतपुर समेत कई इलाकों में घरों में पानी घुस गया।
मुरादाबाद जिले में गणेश घाट के पास भी हाईवे पर डेढ़ फीट पानी बहने से वाहनों को डिवाइडर से सटाकर गुजारा गया। दो संपर्क मार्गों पर पानी भरने से चार गांवों की आवाजाही बंद हो गई है। हिरनखेड़ा- जैतपुर लिंक मार्ग पर चार फीट पानी भर गया। इस कारण विसाहट और जैतपुर गांव की आवाजाही बंद हो गई। इसके अलावा मनकरा-रनियाठेर, हीरापुर, गदईखेड़ा के पास पानी भरने से कई गांवों का संपर्क टूट गया।
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बाढ़ के पानी में डूबी धान की फसल
- मुरादाबाद जिले के रजोड़ा, कन्नरदेव, हिरनखेडा, विसाहट, जैतपुर, हीरापुर, चककोहन कूं, लालपुर, रनियाठेर, गदई खेड़ा, हरपाल नगर, लालपुर तितरी, वरबाला खास, खवड़िया भूड, सिहोरा बाजे के किसानों की फसल बाढ़ के पानी में डूब गई है।
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टांडा क्षेत्र के अधिकांश गांवों का संपर्क कटा
- टांडा क्षेत्र के शहपुरा, अपलगढ़, धनुपुरा, अलीनगर, नूरपुर, श्योहरा, सहरिया लक्खा, युसूफनगर, छितरिया जागीर, सूरजपुर आदि समेत करीब दो दर्जन से अधिक गांवों को जाने वाले मार्ग पर कोसी का पानी भर गया। इसके कारण बाइक और कारों का आवागमन पूरी तरह से बंद हो गया।
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बारिश के बीच शुक्रवार रात रामनगर बैराज से कोसी में 56 हजार 561 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसका असर शनिवार सुबह देखने को मिला। कोसी नदी उफना गई। मुरादाबाद और रामपुर जिले में नदी के आसपास के गांवों में पानी भर गया। शाम होते-होते कोसी का पानी लखनऊ-मुरादाबाद हाईवे पर पहुंच गया। रामपुर जिले में पुराना रेलवे फाटक और गणेश घाट चाैकी के पास करीब डेढ़ फीट पानी हाईवे पर बहने लगा। इस बीच जेसीबी से पानी की दिशा को बदलने का प्रयास किया गया। कोसी के आसपास के करीब दो सौ गांवों में पानी भर गया। यहां बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। वहीं सूचना पर गांव बजावाला पहुंची एसडीआरएफ की टीम ने रेस्क्यू कर परिवारों को सुरक्षित बाहर निकाला। जबकि स्वार रोड स्थित धाेबीघाट, हजरतपुर समेत कई इलाकों में घरों में पानी घुस गया।
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मुरादाबाद जिले में गणेश घाट के पास भी हाईवे पर डेढ़ फीट पानी बहने से वाहनों को डिवाइडर से सटाकर गुजारा गया। दो संपर्क मार्गों पर पानी भरने से चार गांवों की आवाजाही बंद हो गई है। हिरनखेड़ा- जैतपुर लिंक मार्ग पर चार फीट पानी भर गया। इस कारण विसाहट और जैतपुर गांव की आवाजाही बंद हो गई। इसके अलावा मनकरा-रनियाठेर, हीरापुर, गदईखेड़ा के पास पानी भरने से कई गांवों का संपर्क टूट गया।
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बाढ़ के पानी में डूबी धान की फसल
- मुरादाबाद जिले के रजोड़ा, कन्नरदेव, हिरनखेडा, विसाहट, जैतपुर, हीरापुर, चककोहन कूं, लालपुर, रनियाठेर, गदई खेड़ा, हरपाल नगर, लालपुर तितरी, वरबाला खास, खवड़िया भूड, सिहोरा बाजे के किसानों की फसल बाढ़ के पानी में डूब गई है।
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टांडा क्षेत्र के अधिकांश गांवों का संपर्क कटा
- टांडा क्षेत्र के शहपुरा, अपलगढ़, धनुपुरा, अलीनगर, नूरपुर, श्योहरा, सहरिया लक्खा, युसूफनगर, छितरिया जागीर, सूरजपुर आदि समेत करीब दो दर्जन से अधिक गांवों को जाने वाले मार्ग पर कोसी का पानी भर गया। इसके कारण बाइक और कारों का आवागमन पूरी तरह से बंद हो गया।