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आईसीडी में रेडिएशन स्कैनर लगाने की मांग
मुरादाबाद/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 18 Nov 2017 12:17 AM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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मुरादाबाद एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन ने आईसीडी में रेडिएशन स्कैनर लगाने की मांग की है। ताकि प्रतिबंधित कोबाल्ट - 60 के कण किसी उत्पाद के साथ निर्यात न हो जाएं। विदेश में पोर्ट पर किसी कंटेनर में प्रतिबंधित कोबाल्ट - 60 के कण स्कैनर में ट्रेस होने पर उसे रोक लिया जाता है। इसके बाद निर्यातकों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है।
शुक्रवार को दौरे पर आए इंडियन कंटेनर कार्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड के चीफ जनरल मैनेजर संतोष झा को निर्यातकों ने इसके लिए ज्ञापन सौंपा है।
एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष नवेद उर रहमान और सचिव सतपाल के नेतृत्व में आईसीडी पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने सीजीएम से मुलाकात की।
निर्यातकों ने मांग रखी कि आईसीडी में एक बड़ा रेडिएशन स्कैनर लगाया जाए। जो पूरे कंटेनर को स्कैन कर सके। यदि कंटेनर में किसी एकाध उत्पाद में कोबाल्ट - 60 ट्रेस होता है तो उसे यहीं रोक लिया जाएगा। निर्यातक उसे फिर से चेक करके दोबारा आईसीडी भेजेंगे। ऐसा करने से निर्यातकों को माल विदेश में नहीं फंसेगा।
क्योंकि कंटेनर में विदेश में पोर्ट पर स्कैनिंग के दौरान यदि कोबाल्ट - 60 ट्रेस होता है तो निर्यातक को उस देश की कानूनी कार्रवाई झेलनी पड़ती है। नवेद ने बताया कि निर्यातक छोटी मशीनों के जरिए फैक्ट्री में उत्पादों को परखते हैं लेकिन कई बार स्टेनलेस स्टील से बने उत्पादों में से किसी एकाध में कोबाल्ट - 60 के पाए जाने की आशंका रहती है। इस दौरान अजय गुप्ता, अमित अग्रवाल आदि उपस्थित रहे।
शुक्रवार को दौरे पर आए इंडियन कंटेनर कार्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड के चीफ जनरल मैनेजर संतोष झा को निर्यातकों ने इसके लिए ज्ञापन सौंपा है।
एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष नवेद उर रहमान और सचिव सतपाल के नेतृत्व में आईसीडी पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने सीजीएम से मुलाकात की।
निर्यातकों ने मांग रखी कि आईसीडी में एक बड़ा रेडिएशन स्कैनर लगाया जाए। जो पूरे कंटेनर को स्कैन कर सके। यदि कंटेनर में किसी एकाध उत्पाद में कोबाल्ट - 60 ट्रेस होता है तो उसे यहीं रोक लिया जाएगा। निर्यातक उसे फिर से चेक करके दोबारा आईसीडी भेजेंगे। ऐसा करने से निर्यातकों को माल विदेश में नहीं फंसेगा।
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क्योंकि कंटेनर में विदेश में पोर्ट पर स्कैनिंग के दौरान यदि कोबाल्ट - 60 ट्रेस होता है तो निर्यातक को उस देश की कानूनी कार्रवाई झेलनी पड़ती है। नवेद ने बताया कि निर्यातक छोटी मशीनों के जरिए फैक्ट्री में उत्पादों को परखते हैं लेकिन कई बार स्टेनलेस स्टील से बने उत्पादों में से किसी एकाध में कोबाल्ट - 60 के पाए जाने की आशंका रहती है। इस दौरान अजय गुप्ता, अमित अग्रवाल आदि उपस्थित रहे।
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