फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर दस लाख ठगे

सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर दस लाख ठगे

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 21 May 2019 01:48 AM IST
विज्ञापन
सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर दस लाख ठगे
मुरादाबाद। टेट की परीक्षा पास कर चुकी एक शिक्षिका को सरकारी सहायता प्राप्त स्कूल में प्रिंसिपल बनाने का झांसा देकर दस लाख रुपये ठग लिए। शिक्षिका के ससुर ने सोमवार को डीआईजी से शिकायत की है।
विज्ञापन

सिविल लाइन के जलकल कैंपस में रहने वाले रामगोपाल गौतम ने डीआईजी को बताया कि उनकी पुत्रवधू चित्रा हरथला स्थित प्राइवेट विद्यालय में शिक्षिका है। वह दस साल से वहां कार्यरत है। चित्रा ने बीएड, एमएड के साथ ही टेट की परीक्षा भी पास की है। आरोप है कि स्कूल प्रबंधक और उसके बेटे ने शिक्षिका को सरकारी सहायता प्राप्त दूसरे स्कूल में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर दो साल पहले छह लाख रुपये ले लिए। इसके बाद गत 28 फरवरी को चार लाख रुपये और ले लिए। रकम उन्होंने एक फाइनेंस कंपनी में गहने गिरवी रखकर दी। आरोप है कि दस लाख रुपये लेने के बाद भी शिक्षिका की सरकारी सहायता प्राप्त स्कूल में नौकरी नहीं लगवाई गई। रुपये वापस मांगने पर आरोपी प्रबंधक और उसका बेटा धमकी देने लगे। रामगोपाल का कहना है कि मामले की शिकायत सिविल लाइन पुलिस से की। सुनवाई नहीं हुई। सोमवार को उन्होंने डीआईजी से शिकायत कर आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की। डीआईजी जे रविंदर गौड ने सिविल लाइन इंस्पेक्टर को इसकी जांच कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
विज्ञापन



लोन का झांसा देकर बेरोजगारों से लाखों की ठगी
मुरादाबाद। बेरोजगारों को नौकरी और सैकड़ों लोगों को लोन दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है। शिकायत पर डीआईजी मामले की जांच कराने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

शिकायतकर्ता डिलारी निवासी रूबीना ने बताया कि वह बेरोजगार थी। जनवरी में आशियाना कालोनी निवासी एक युवक और उसके दोस्त से उसका संपर्क हुआ। युवकों ने बताया कि उन्होंने एक कंपनी बनाई है। कंपनी 50 हजार रुपये तक का लोन देती हैं और कार्यालय लाजपतनगर में है। रूबीना के मुताबिक युवकों ने उसे छह हजार रुपये नौकरी पर रख लिया। उसका काम लोन के फार्म भरवाकर जमा करवाना था। सौ फार्म से अधिक जमा करवाने पर अतिरिक्त बोनस देने की बात कही गई थी।

रूबीना के मुताबिक उसने करीब तीन सौ लोगों के फार्म जमा करवाए। कंपनी ने न तो उसे वेतन दिया और न ही फार्म भरने वालों को लोन दिया गया। रूबीना ने बताया कि उसकी तरह कई अन्य लोगों को आरोपियों ने नौकरी पर रखा था। उनके जरिए सैकड़ों लोगों के फार्म जमा करवाकर उनसे लाखों रुपये की ठगी की गई है। रूबीना का आरोप है 29 अप्रैल को वह अपना वेतन मांगने गई, लेकिन उससे मारपीट की गई। डीआईजी ने जांच करवाकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed