UPSSSC PET: परीक्षा के बाद रेलवे स्टेशन पहुंचे अभ्यर्थी तो लड़खड़ाई व्यवस्था, राजधानी में चढ़ने के लिए हंगामा
राजधानी एक्सप्रेस में पाबंदियों के चलते परीक्षार्थियों को स्टेशन पर इंतजार करना पड़ा। तीन बजे काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस मुरादाबाद पहुंची। इसके बाद श्रमजीवी व दानापुर जनसाधारण एक्सप्रेस पहुंचीं। इन तीन ट्रेनों के जरिये छात्रों का हुजूम अपने गंतव्य को रवाना हुआ।
विस्तार
मुरादाबाद में रविवार को पीईटी की पहली पाली की परीक्षा छूटने के बाद रेलवे स्टेशन पर दोपहर को परीक्षार्थी की भीड़ उमड़ पड़ी। देखते ही देखते सैकड़ों की तादाद में परीक्षार्थी प्लेटफार्म नंबर एक पर जमा हो गए। इस बीच दोपहर दो बजे करीब नई दिल्ली-डिब्रूगढ़ राजधानी एक्सप्रेस स्टेशन पर पहुंची।
बरेली, शाहजहांपुर जाने वाले परीक्षार्थियों ने इसमें चढ़ने की कोशिश की तो यात्रियों ने आपत्ति जताई। यात्रियों ने ट्रेन के दरवाजे अंदर से बंद कर लिए। इस बीच रेलवे स्टेशन पर हंगामे की स्थिति बन गई। आरपीएफ के जवानों ने मौके पर पहुंचकर परीक्षार्थियों को समझाने का प्रयास किया। सैकड़ों परीक्षार्थियों की भीड़ में आरपीएफ के जवान जूझते दिखाई दिए।
टीटीई स्टाफ ने भी परीक्षार्थियों को समझाया कि राजधानी एक्सप्रेस बरेली में नहीं रुकेगी सीधे लखनऊ पहुंचेगी। इसमें बिना टिकट पाए जाने पर दिल्ली से लखनऊ तक का किराया और जुर्माना देना होगा। आरपीएफ व टीटीई स्टाफ की बात मानकर छात्र भी शांत हो गए।
दोपहर दो बजे का यह दृश्य ऐसा था कि प्लेटफार्म नंबर एक के फुटओवर ब्रिज से लेकर जीआरपी थाने पर भीड़ ही भीड़ दिखाई दे रही थी। रविवार के कारण टीटीई स्टाफ की संख्या थी, सूचना मिलने पर सीआईटी विजयंत शर्मा मौके पर पहुंच गए। बमुश्किल छात्रों को समझाया गया।
श्रमजीवी, काशी विश्वनाथ व दानापुर जनसाधारण से जाना पड़ा
राजधानी एक्सप्रेस में पाबंदियों के चलते परीक्षार्थियों को स्टेशन पर इंतजार करना पड़ा। तीन बजे काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस मुरादाबाद पहुंची। इसके बाद श्रमजीवी व दानापुर जनसाधारण एक्सप्रेस पहुंचीं। इन तीन ट्रेनों के जरिये छात्रों का हुजूम अपने गंतव्य को रवाना हुआ।
हालांकि त्योहार के मौके पर इन ट्रेनों में पहले से ही भारी भाड़ी थी। परीक्षार्थी चढ़े तो श्रमजीवी व काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस की स्लीपर व एसी-थ्री बोगियों की स्थिति जनरल जैसी हो गई। टीटीई स्टाफ को भी बिना चेकिंग किए गाड़ी को आगे निकालना पड़ा।
दो दिन में बिक गए 20 हजार अनारक्षित टिकट
मुरादाबाद व आसपास के स्टेशनों से पिछले दो दिनों में 20 हजार से ज्यादा अनारक्षित टिकट बिके हैं। पीईटी के कारण टिकट बिक्री में यह उछाल आया है। इसके लिए रेलवे ने पहले ही व्यवस्था कर रखी थी। कर्मचारियों को लगातार ड्यूटी के लिए निर्देशित किया गया था।
इसके अलावा यूटीएस मोबाइल एप व क्यू आर कोड के जरिये अनारक्षित टिकट खरीदने की जानकारी स्टेशन पर चस्पा की गई। कई यात्रियों ने भीड़ से बचने के लिए क्यू आर कोड स्कैन कर टिकट खरीदे हैं। सबसे ज्यादा टिकट बरेली, शाहजहांपुर के बिके हैं।
गणित और रीजनिंग में उलझे अभ्यर्थी
उप्र अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की ओर से रविवार को 47 केंद्रों पर प्रारंभिक परीक्षा अहर्ता में 60.40 फीसदी अभ्यर्थी बैठे। दोनों पालियों में शांतिपूर्ण परीक्षा हुई। अभ्यर्थियों का कहना है कि गणित और रीजनिंग के सवालों को हल करने में समय लगा। दूसरे दिन हुई परीक्षा की दोनों पालियों में पंजीकृत 44448 अभ्यर्थियों में से 26857 अभ्यर्थी परीक्षा देने पहुंचे और 17591 गैरहाजिर रहे।
पहली पाली में 22224 में से 13329 अभ्यर्थी उपस्थित थे। वहीं, 8895 अभ्यर्थी परीक्षा देने नहीं पहुंचे। दूसरी पाली में पंजीकृत 22224 अभ्यर्थियों में से 13528 परीक्षा देने पहुंचे। वहीं 8696 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा को नकल विहीन कराने के लिए केंद्रों पर स्टैटिक मजिस्ट्रेट, सेक्टर मजिस्ट्रेट आदि की निगरानी रही। अधिकारियों के अनुसार परीक्षा नकलविहीन आयोजित की गई है।
इस तरह के आए सवाल
पांगी घाटी भारत के किस राज्य-केंद्रशासित प्रदेश में स्थित है। कोलकाता में स्थित पैट विलियम्सन ग्राउंड किस खेल से संबंधित है। सतमालिया हिरण अभ्यारण्य किस राज्य-केंद्रशासित प्रदेश में है। लेक तुर्काना झील किस देश में स्थित है। कौन सा पेड़ मलेरिया के इलाज के लिए दवा प्रदान करता है। तारों के चमकने का क्या कारण है। द्विवेदी युग के प्रवर्तक कौन हैं आदि सवाल परीक्षा में पूछे गए।
पेपर में गणित और रीजनिंग के सवाल अन्य सवालों की तुलना में कठिन रहे। इसलिए जो सवाल मुझे आते थे, पहले मैंने उन सवालों को हल किया। हालांकि समय की कमी होने की वजह से कुछ सवाल छूट गए हैं। दो साल से इस परीक्षा की तैयारी कर रहा था।- शौकीन सिंह, बदायूं
गणित और रीजनिंग के सवाल अन्य सवालों की अपेक्षाकृत उलझाऊ थे। गणित के सवालों को हल करने में जयादा समय लगा। मैंने 75 प्रश्न हल किए हैं। अब परिणाम आने के बाद ही पता चलेगा कितने प्रश्न सही हुए। - ममता यादव, बदायूं
मैंने उन सवालों को हल किया है, जो मुझे बहुत अच्छे से आते थे। इसलिए मैं 78 सवाल हल कर पाई हूं। रीजनिंग के सवालों को समझने में काफी समय लग रहा था। मुझे उम्मीद है कि मेरे अच्छे नंबर आएंगे।- सानिया, बरेली
मैंने 85 प्रश्न हल किए हैं। तीन साल से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा हूं। टेट और सीटेट की परीक्षा पास हूं। सरकारी नौकरी की आस में मैंने पेट को भी दिया हे, ताकि संबंधित विभागों में भर्ती निकलने पर आवेदन कर सकूं। अवधेश कुमार, शाहजहांपुर