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Moradabad News: 40 साल बाद ईपीसीएच में मुरादाबाद की अध्यक्षता
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मुरादाबाद। चार दशक बाद हस्तशिल्प निर्यात संवर्धन परिषद को मुरादाबाद से अध्यक्ष मिलने जा रहे हैं। नोदी एक्सपोर्ट्स के संचालक डॉ. नीरज खन्ना को तीन जून को हिमाचल प्रदेश में यह जिम्मेदारी मिलने वाली है। इसके लिए देशभर से ईपीसीएच के सदस्य बैठक में जुटे हैं। पिछले दो साल से नीरज ईपीसीएच के उपाध्यक्ष पद की कमान संभाल रहे हैं।
ईपीसीएच की ओर से हिमाचल प्रदेश के हस्तशिल्प निर्यात संवर्धन पर सोमवार को धर्मशाला में बैठक भी हुई। कांगड़ा पेंटिंग फ्यूजन विद वुड क्राफ्ट कार्यक्रम पर डिजाइन एवं प्रौद्योगिकी विकास कार्यशाला भी हुई। ईपीसीएच की परंपरा के मुताबिक उपाध्यक्ष (प्रथम) को ही अध्यक्ष पद की कमान सौंपी जाती है। लिहाज मंगलवार को डॉ. नीरज खन्ना को धर्मशाला में आयोजित कार्यक्रम में यह दारोमदार मिलेगा। शहर के निर्यातक व ईपीसीएच के सीओए अवधेश अग्रवाल ने बताया कि मुरादाबाद के निर्यातकों के लिए यह गौरव का विषय है। ईपीसीएच के इतिहास में यह दूसरी बार है जब मुरादाबाद के किसी निर्यातक को यह पद मिल रहा है। करीब चार दशक पहले किशन लाल कत्याल इस पर रहे थे। अब देशभर में लगने वाले निर्यात मेलों में मुरादाबाद के निर्यातकों को स्टॉल्स मिल सकेंगे। साथ ही निर्यात के विकास पर काम होगा।
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ईपीसीएच की ओर से हिमाचल प्रदेश के हस्तशिल्प निर्यात संवर्धन पर सोमवार को धर्मशाला में बैठक भी हुई। कांगड़ा पेंटिंग फ्यूजन विद वुड क्राफ्ट कार्यक्रम पर डिजाइन एवं प्रौद्योगिकी विकास कार्यशाला भी हुई। ईपीसीएच की परंपरा के मुताबिक उपाध्यक्ष (प्रथम) को ही अध्यक्ष पद की कमान सौंपी जाती है। लिहाज मंगलवार को डॉ. नीरज खन्ना को धर्मशाला में आयोजित कार्यक्रम में यह दारोमदार मिलेगा। शहर के निर्यातक व ईपीसीएच के सीओए अवधेश अग्रवाल ने बताया कि मुरादाबाद के निर्यातकों के लिए यह गौरव का विषय है। ईपीसीएच के इतिहास में यह दूसरी बार है जब मुरादाबाद के किसी निर्यातक को यह पद मिल रहा है। करीब चार दशक पहले किशन लाल कत्याल इस पर रहे थे। अब देशभर में लगने वाले निर्यात मेलों में मुरादाबाद के निर्यातकों को स्टॉल्स मिल सकेंगे। साथ ही निर्यात के विकास पर काम होगा।
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